क्या गणतंत्र दिवस पर वायुसेना बनाएगी फाइटर जेट का फॉर्मेशन ‘सिंदूर’?
सारांश
Key Takeaways
- गणतंत्र दिवस पर वायुसेना का फ्लाई पास्ट विशेष फॉर्मेशन ‘सिंदूर’ के तहत होगा।
- इसमें प्रमुख फाइटर जेट जैसे राफेल, मिग और सुखोई शामिल हैं।
- गणतंत्र दिवस पर कुल 29 विमान उड़ान भरेंगे।
- समारोह में हेलीकॉप्टरों का ध्वज फॉर्मेशन भी होगा।
- यह समारोह भारतीय वायुसेना की शक्ति और अनुशासन का अद्भुत प्रदर्शन करेगा।
नई दिल्ली, 22 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। गणतंत्र दिवस समारोह में भारतीय वायुसेना का फ्लाई पास्ट इस बार बेहद विशेष होने जा रहा है। इस अवसर पर वायुसेना के फाइटर जेट आसमान में ‘सिंदूर’ फॉर्मेशन के तहत उड़ान भरेंगे। इस फॉर्मेशन में 2 राफेल, 2 मिग 29, 2 सुखोई-30 और 1 जैगुआर विमान शामिल होंगे।
भारतीय सेनाओं ने 'ऑपरेशन सिंदूर' के तहत पिछले वर्ष पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में नौ आतंकी ठिकानों को नष्ट किया था। ये विमान, जो कि आतंकवादी ठिकानों को ध्वस्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा चुके हैं, अब इस वर्ष गणतंत्र दिवस परेड के दौरान आसमान में उड़ान भरने के लिए तैयार हैं।
भारतीय वायुसेना के अनुसार, 77वें गणतंत्र दिवस के मौके पर कुल 29 विमान कर्तव्य पथ के ऊपर उड़ान भरेंगे, जिनमें 16 फाइटर जेट, 4 ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट और 9 हेलीकॉप्टर शामिल हैं। 26 जनवरी को फ्लाई पास्ट के दौरान वायुसेना के चार एमआई-17 हेलीकॉप्टर ध्वज फॉर्मेशन में उड़ान भरेंगे। ये हेलीकॉप्टर राष्ट्रीय ध्वज, सेना, नौसेना और भारतीय वायुसेना के ध्वज लहराते हुए नजर आएंगे।
इसके अतिरिक्त, वायुसेना के फाइटर जेट, ट्रांसपोर्ट जेट और हेलिकॉप्टर गणतंत्र दिवस समारोह में प्रहार, गरुड़ अर्जन, वरुणा, वजरंग और विजय फॉर्मेशन में उड़ान भरेंगे।
गणतंत्र दिवस के इस राष्ट्रीय समारोह में भारतीय वायुसेना अनुशासन, नेतृत्व और पेशेवर उत्कृष्टता का एक अद्भुत प्रदर्शन करेगी। राष्ट्रीय युद्ध स्मारक से लेकर कर्तव्य पथ तक, वायुसेना के अधिकारी और बैंड महत्वपूर्ण भूमिकाएँ निभाएंगे। 26 जनवरी को राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर श्रद्धांजलि समारोह में स्क्वाड्रन लीडर हेमंत सिंह गार्ड ऑफ ऑनर के कमांडर रहेंगे। उनकी देखरेख में वायुसेना का दल शहीद सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित करेगा।
गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान फ्लाइट लेफ्टिनेंट अक्षिता ढांकर ध्वजारोहण की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभाएंगी। यह अवसर युवा नेतृत्व और राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक होगा। वहीं, स्क्वाड्रन लीडर जगदेश कुमार के नेतृत्व में भारतीय वायुसेना का मार्चिंग कॉन्टिंजेंट 26 जनवरी को कर्तव्य पथ पर सटीक कदमताल और अनुशासन का प्रदर्शन करेगा। गणतंत्र दिवस 2026 ‘वंदे मातरम’ के गौरवमयी 150 वर्षों को समर्पित रहेगा। इस दिन राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम’ की स्पष्ट छाप दिखाई देगी।
वायुसेना का बैंड इस अवसर पर धुनें बजाते हुए नजर आएगा। परेड में विभिन्न सेवाओं की 18 मार्चिंग टुकड़ियाँ और 13 बैंड शामिल रहेंगे। परेड के तुरंत बाद वायुसेना का फ्लाई पास्ट राफेल, सुखोई-30, सी-295, मिग-29, अपाचे, एलसीएच, एएलएच, एमआई-17 जैसे विमान और हेलीकॉप्टर शामिल रहेंगे। गणतंत्र दिवस परेड में तीनों सेनाओं के स्वदेशी उपकरण और हथियार भी प्रदर्शित किए जाएंगे।
गणतंत्र दिवस परेड 2026 की शुरुआत 100 सांस्कृतिक कलाकारों द्वारा पारंपरिक युद्ध-संगीत के साथ की जाएगी।