क्या घोटाला करने वाले भारत रत्न के हकदार नहीं होते?
सारांश
Key Takeaways
- घोटाला करने वाले व्यक्तियों को सम्मानित नहीं किया जाना चाहिए।
- नीतीश कुमार के कार्यों की प्रशंसा की जा रही है।
- सोमनाथ मंदिर का जीर्णोद्धार भारतीय संस्कृति का प्रतीक है।
पटना, 10 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। भाजपा के नेता जनार्दन सिंह सिग्रीवाल ने जनशक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव के उस बयान पर प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने कहा था कि लालू प्रसाद यादव को भारत रत्न से सम्मानित किया जाना चाहिए। तेजप्रताप की इस मांग पर उन्होंने स्पष्ट कहा कि घोटाला करने वाले लोग जेल जाते हैं, वे भारत रत्न के योग्य नहीं होते हैं.
राष्ट्र प्रेस के साथ बातचीत में भाजपा नेता ने यह भी कहा कि ऐसे व्यक्तियों को भारत रत्न देना चाहिए जो घोटाले के कारण लगातार जेल जाते रहें।
जमीन के बदले नौकरी के मामले में लालू परिवार के खिलाफ आरोप तय होने पर सिग्रीवाल ने कहा कि यह कोर्ट का कार्य है। जब अदालत को सबूत मिलते हैं, तब वह निर्णय लेता है। उन्होंने कहा कि चूंकि सबूत मिले हैं, इसलिए कोर्ट ने अपना निर्णय दिया है। किसी भी स्तर पर मुख्यमंत्री बनने के बाद समाज की सेवा करनी चाहिए, ना कि अपने परिवार में भ्रष्टाचार करना चाहिए। लालू यादव ने जमीन ली और नौकरी दी। मेरिट का क्या हुआ? उस समय बहुत बड़ा भ्रष्टाचार था, और कोर्ट ने सही निर्णय लिया है।
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को भारत रत्न देने के विषय पर भाजपा नेता ने सहमति जताई। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार ने बिहार में जंगलराज को समाप्त करने का कार्य किया है। सुशासन वाली सरकार का गठन हुआ है और नीतीश कुमार ने इस राज्य को विकास की ओर अग्रसर किया है। उनके कार्यों की प्रशंसा हो रही है। केसी त्यागी द्वारा कहे गए शब्दों से हम सहमत हैं।
भाजपा नेता ने ममता बनर्जी पर भी निशाना साधा, यह कहते हुए कि उन्होंने अपने पद का दुरुपयोग किया है। उन्हें ईडी की कार्रवाई के दौरान नहीं जाना चाहिए था।
सोमनाथ के स्वाभिमान पर्व के संदर्भ में भाजपा नेता ने कहा कि सोमनाथ मंदिर की आस्था का हम दिल से धन्यवाद करते हैं। हमारे पूर्वजों ने मंदिर का निर्माण किया, जो सामान्य बात नहीं है, हजारों वर्ष पहले इसे बनाया गया था। इसे भारत की आत्मा के रूप में सजाया गया था। अंग्रेजों ने सोना चोरी किया। जीर्णोद्धार हुआ है।
उन्होंने कहा कि देश के लोगों से यह कहना चाहता हूँ कि सोमनाथ मंदिर को भारत की आत्मा के रूप में देखें। पीएम मोदी को सम्मान प्रकट करता हूँ कि 1000 वर्ष के बाद वह वहां गए हैं।