ग्रेटर नोएडा: लिव-इन पार्टनर की हत्या के बाद युवक ने लगाई फांसी, बंद कमरे में मिले दोनों के शव
सारांश
Key Takeaways
- ग्रेटर नोएडा के तुगलपुर गांव में 23 अप्रैल 2025 को बंद कमरे से दो शव मिले।
- गुड्डू पासवान उर्फ गोलू (30) का शव फंदे से लटका और ज्योति का शव जमीन पर मिला।
- दोनों करीब तीन वर्षों से लिव-इन में रह रहे थे और खुद को पति-पत्नी बताते थे।
- आर्थिक तंगी और बेरोजगारी को विवाद की मुख्य वजह माना जा रहा है।
- ज्योति पिछले 20 दिनों से अस्पताल में काम पर नहीं गई थी।
- फॉरेंसिक जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद मामले की पूरी सच्चाई सामने आएगी।
मुख्य घटनाक्रम: बंद कमरे से मिले दो शव
ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क थाना क्षेत्र के तुगलपुर गांव में 23 अप्रैल 2025 को एक दर्दनाक दोहरी मौत का मामला सामने आया, जहां गुड्डू पासवान उर्फ गोलू (30 वर्ष) ने कथित रूप से अपनी लिव-इन पार्टनर ज्योति की हत्या करने के बाद फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पड़ोसियों को कमरे से उठती तेज बदबू से इस घटना का पता चला, जिसके बाद पुलिस को सूचित किया गया।
जब नॉलेज पार्क थाना पुलिस मौके पर पहुंची तो कमरे का दरवाजा अंदर से बंद मिला। दरवाजा तोड़ने पर भीतर का दृश्य अत्यंत भयावह था। गुड्डू का शव फंदे से लटका हुआ मिला जबकि ज्योति का शव जमीन पर पड़ा था।
पृष्ठभूमि: तीन साल से साथ रह रहे थे दोनों
गुड्डू पासवान और ज्योति पिछले करीब तीन वर्षों से तुगलपुर में एक किराए के मकान में रह रहे थे। आसपास के लोगों को दोनों ने खुद को पति-पत्नी बताया हुआ था। पड़ोसियों को उनके वास्तविक संबंध की जानकारी नहीं थी।
ज्योति एक निजी अस्पताल में हाउसकीपिंग का काम करती थी, लेकिन वह पिछले 20 दिनों से काम पर नहीं गई थी। वहीं, गुड्डू के पास कोई स्थायी रोजगार नहीं था। स्थानीय लोगों के अनुसार दोनों के बीच आर्थिक तंगी को लेकर अक्सर विवाद होता था।
विवाद और तनाव: आर्थिक दबाव बना हत्या की वजह?
सूत्रों के अनुसार, हाल के दिनों में दोनों के बीच आर्थिक विवाद और अधिक गहरा हो गया था, जिससे उनके संबंधों में गंभीर तनाव आ गया था। ज्योति का 20 दिनों से काम पर न जाना और गुड्डू का बेरोजगार होना — दोनों मिलकर एक विस्फोटक स्थिति बना रहे थे।
यह घटना उस व्यापक सामाजिक समस्या की ओर भी इशारा करती है जहां लिव-इन संबंधों में आर्थिक असमानता और बेरोजगारी से उत्पन्न तनाव कभी-कभी अत्यंत दुखद परिणाम देता है। उत्तर प्रदेश में पिछले कुछ वर्षों में ऐसे मामलों की संख्या में वृद्धि दर्ज की गई है।
पुलिस जांच और फॉरेंसिक कार्रवाई
पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही फॉरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाकर साक्ष्य संकलित किए गए हैं। दोनों के परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है।
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही घटना के सभी पहलू पूरी तरह स्पष्ट हो सकेंगे। फिलहाल प्रारंभिक जांच में यह आशंका जताई जा रही है कि गुड्डू ने पहले ज्योति की हत्या की और फिर खुद फांसी लगाई।
व्यापक संदर्भ: बेरोजगारी और रिश्तों में हिंसा
यह घटना उस गंभीर सामाजिक संकट को रेखांकित करती है जिसमें बेरोजगारी, आर्थिक दबाव और रिश्तों में हिंसा एक साथ जुड़ते हैं। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) के आंकड़ों के अनुसार, घरेलू और अंतरंग साथी हिंसा के मामलों में आर्थिक कारण प्रमुख भूमिका निभाते हैं।
पुलिस की जांच के नतीजे और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद इस मामले में अगली कार्रवाई तय होगी। यह देखना होगा कि क्या इस मामले में कोई अन्य व्यक्ति भी संलिप्त था या यह विशुद्ध रूप से घरेलू विवाद का परिणाम था।