क्या 'ब्यूटी विद ब्रेन' एक्ट्रेस गुलकीरत कौर पनाग ने 'मिस इंडिया' खिताब को करियर में बाधा माना?
सारांश
Key Takeaways
- गुलकीरत कौर पनाग का करियर 'मिस इंडिया' खिताब के साथ शुरू हुआ।
- उन्होंने सार्थक भूमिकाएं चुनने में प्राथमिकता दी है।
- गुल का मानना है कि ब्यूटी क्वीन का टैग कभी-कभी बाधक बन सकता है।
- उन्होंने प्रियंका चोपड़ा को अपनी प्रेरणा माना है।
- गुल एक लाइसेंस्ड पायलट और फिटनेस एक्सपर्ट भी हैं।
मुंबई, 2 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। जब हम ‘ब्यूटी विद ब्रेन’ की बात करते हैं, तो बहुआयामी प्रतिभा गुलकीरत कौर पनाग का नाम सामने आता है। मिस इंडिया का खिताब हो या सर्टिफाइड पायलट, गुल केवल एक्ट्रेस और मॉडल ही नहीं हैं, बल्कि एक फिटनेस एक्सपर्ट, बाइकर और सोशल एक्टिविस्ट भी हैं।
गुल पनाग ने वर्ष 1999 में मिस इंडिया का खिताब जीता था। उनका दृष्टिकोण हमेशा स्पष्ट और अनोखा रहा है। बॉलीवुड में उन्होंने कम फिल्में कीं, लेकिन हर बार उन्होंने गंभीर और सार्थक भूमिकाएं चुनीं।
एक साक्षात्कार में, गुल ने कहा था कि मिस इंडिया का ताज उनके करियर में बाधा बन गया।
उन्होंने कहा कि फिल्म निर्माता ब्यूटी क्वीन को गंभीर और गहरी भूमिकाओं में कास्ट करने से हिचकिचाते हैं। अक्सर उन्हें केवल ग्लैमरस रोल ही ऑफर किए जाते हैं।
गुल ने प्रियंका चोपड़ा का उदाहरण देते हुए कहा कि केवल प्रियंका ही इस टैग को तोड़कर बेहतरीन अभिनेत्री बनीं।
गुल ने बताया, “मिस इंडिया का खिताब मेरे लिए एक बाधा साबित हुआ है। यदि कोई एक्ट्रेस केवल ग्लैमरस रोल या थोड़ी डांस करने वाली फ़िल्में करना चाहती है, तो यह खिताब बड़ी उपलब्धि है। लेकिन अगर कोई गंभीर अभिनेत्री बनना चाहती है, तो फिल्म निर्माता मिस इंडिया को उन भूमिकाओं में कास्ट करने से हिचकिचाते हैं।”
गुल का मानना है कि आजकल अच्छी और सार्थक फिल्में बन रही हैं, जिनके लिए मजबूत एक्टर्स की आवश्यकता होती है। उन्होंने प्रियंका चोपड़ा का उदाहरण देते हुए कहा कि केवल प्रियंका ही हैं, जिन्होंने ब्यूटी क्वीन का टैग तोड़कर खुद को एक शानदार अभिनेत्री साबित किया है।
गुल पनाग का फिल्मी सफर वर्ष 2003 में रिलीज हुई फिल्म ‘धूप’ से शुरू हुआ। इस फिल्म में उन्होंने कारगिल युद्ध में शहीद हुए कैप्टन अनुज नायर की विधवा की भूमिका निभाई। फिल्म की कहानी परिवार के संघर्ष पर आधारित थी और गुल की परफॉर्मेंस को काफी सराहना मिली।
इसके बाद वह वर्ष 2006 में आई नागेश कुकुनूर की ‘डोर’ में नजर आईं, जिसमें गुल ने एक राजस्थानी विधवा का किरदार निभाया। आयशा टाकिया के साथ उनकी केमिस्ट्री और इमोशनल एक्टिंग ने उन्हें क्रिटिक्स अवॉर्ड दिलाया। यह फिल्म गुल के करियर की सबसे सफल और यादगार फिल्मों में से एक है।
वर्ष 2007 में ‘मनोरमा सिक्स फीट अंडर’ आई, जो एक थ्रिलर थी, जिसमें गुल की परफॉर्मेंस को फिर सराहा गया। इसके अलावा, वह हैलो, स्ट्रेट, रन, टर्निंग 30 और अब तक छप्पन 2 जैसी फिल्मों का हिस्सा रह चुकी हैं। गुल की वेब सीरीज ‘पाताल लोक’ में उनकी सपोर्टिंग रोल को भी खूब पसंद किया गया। गुल हमेशा कंटेंट वाली फिल्में चुनती हैं और कमर्शियल सिनेमा से दूर रहती हैं।
व्यक्तिगत जीवन की बात करें तो वर्ष 2011 में उन्होंने अपने बॉयफ्रेंड और पायलट ऋषि अत्तारी से पंजाबी रीति-रिवाज से शादी की। वर्ष 2018 में उन्होंने बेटे को जन्म दिया और बेटे का नाम निहाल रखा। वह अक्सर सोशल मीडिया पर परिवार के साथ बाइक राइड, ट्रिप और फिटनेस की तस्वीरें साझा करती हैं। वह खुद एक लाइसेंस्ड पायलट, मैराथन रनर और बाइकर भी हैं।