गुरदासपुर में दो पुलिसकर्मियों की हत्या: कांग्रेस सांसद का अमित शाह को पत्र, उच्चस्तरीय जांच की मांग

Click to start listening
गुरदासपुर में दो पुलिसकर्मियों की हत्या: कांग्रेस सांसद का अमित शाह को पत्र, उच्चस्तरीय जांच की मांग

सारांश

गुरदासपुर में दो पुलिसकर्मियों की हत्या के बाद कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। यह मामला संभावित आतंकी हमले का हो सकता है, ऐसे में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए जा रहे हैं।

Key Takeaways

  • गुरदासपुर में दो पुलिसकर्मियों की हत्या
  • कांग्रेस सांसद ने केंद्रीय गृह मंत्री को लिखा पत्र
  • संभावित आतंकी हमला मानकर उच्चस्तरीय जांच की मांग
  • बीएसएफ और पंजाब पुलिस के समन्वय की समीक्षा की आवश्यकता
  • पंजाब की सुरक्षा पर गंभीर सवाल उठे हैं

गुरदासपुर, 23 फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। कांग्रेस के सांसद और पंजाब के पूर्व उपमुख्यमंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा ने गुरदासपुर में दो पुलिसकर्मियों की हत्या के बाद कई गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर इस घटना को संभावित आतंकी हमले के रूप में मानते हुए उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है।

सुखजिंदर सिंह रंधावा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर कहा, "दोरांगला बॉर्डर नाके पर 2 पंजाब पुलिसकर्मियों की निर्मम हत्या एक गंभीर मामला है। मैंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर इसे संभावित आतंकी हमला मानते हुए उच्चस्तरीय जांच, बीएसएफ और पंजाब पुलिस के बीच समन्वय की समीक्षा और शहीदों के परिवारों को न्याय एवं सम्मान सुनिश्चित करने की मांग की है। पंजाब की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं होना चाहिए।"

कांग्रेस सांसद ने अपने पत्र में लिखा है, "मैं अपने निर्वाचन क्षेत्र में भारत-पाकिस्तान सीमा के निकट एक चेक-पोस्ट पर पंजाब पुलिस के दो जवानों की क्रूर हत्या से अत्यंत दुखी हूँ। इस घटना ने संवेदनशील ड्यूटी पर तैनात अग्रिम पंक्ति के कर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में हमारी सुरक्षा व्यवस्था की क्षमता पर जनता के विश्वास को गहरा आघात पहुँचाया है।"

उन्होंने आगे कहा, "जिस चेक-पोस्ट पर असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर गुरनाम सिंह और होमगार्ड अशोक कुमार मृत पाए गए, वह सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) और पंजाब पुलिस का एक ज्वाइंट नाका था, जो अंतरराष्ट्रीय बॉर्डर पर दूसरी 'लाइन ऑफ डिफेंस' का हिस्सा था। बताया गया है कि नाके के लिए भेजी गई बीएसएफ की टुकड़ी उस रात ड्यूटी पर नहीं आई। मुझे यह भी जानकारी मिली है कि अगले दिन सुबह भी न तो बीएसएफ की ड्यूटी समाप्त करने वाली पार्टी और न ही पंजाब पुलिस की राहत पार्टी निर्धारित समय पर पोस्ट पर पहुँची। स्थानीय लोगों को दोनों पुलिसकर्मियों के बारे में जानकारी मिली थी।"

रंधावा ने कहा कि अगर जांच में ये तथ्य सत्य सिद्ध होते हैं, तो यह न सिर्फ हमारे कर्मियों के प्रति कर्तव्य-पालन में एक चिंताजनक चूक को दिखाएगा, बल्कि अत्यधिक संवेदनशील क्षेत्र में बीएसएफ और पंजाब पुलिस के बीच सुपरविजन, कोऑर्डिनेशन और रियल-टाइम मॉनिटरिंग की एक प्रणालीगत विफलता को भी दर्शाएगा।

उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री से इस संबंध में दिल्ली में एक विशेष उच्च-स्तरीय बैठक बुलाने और तत्काल, समयबद्ध एवं पारदर्शी जांच के निर्देश देने का अनुरोध किया।

Point of View

ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों। यह मुद्दा न केवल स्थानीय बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण है।
NationPress
23/02/2026

Frequently Asked Questions

गुरदासपुर में पुलिसकर्मियों की हत्या का मुख्य कारण क्या है?
यह घटना संभावित आतंकी हमले के रूप में देखी जा रही है, जिसके लिए कांग्रेस सांसद ने उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।
कांग्रेस सांसद ने किससे पत्र लिखा?
कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखा है।
इस मामले में क्या जांच की मांग की गई है?
उच्चस्तरीय जांच, बीएसएफ और पंजाब पुलिस के बीच समन्वय की समीक्षा की मांग की गई है।
क्या इस घटना से पंजाब की सुरक्षा पर असर पड़ा है?
हाँ, इस घटना ने पंजाब की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
क्या यह घटना आतंकवाद से जुड़ी हो सकती है?
हाँ, इसे संभावित आतंकी हमले के रूप में देखा जा रहा है।
Nation Press