जीतन राम मांझी का राजद पर प्रहार: 'दलित-महादलित अब नहीं डरेंगे, मिलेगा करारा जवाब'

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जीतन राम मांझी का राजद पर प्रहार: 'दलित-महादलित अब नहीं डरेंगे, मिलेगा करारा जवाब'

सारांश

गया में विधायक ज्योति देवी के काफिले पर हमले के बाद बिहार की सियासत गरमा गई। केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने एक्स पर राजद को चेतावनी दी — अंबेडकरवाद की तेग चलेगी और दलित-महादलित अब किसी से नहीं डरेंगे। बेटे संतोष सुमन ने तेजस्वी यादव को सीधे निशाने पर लिया।

मुख्य बातें

केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने 20 मई को एक्स पर राजद को कड़ी चेतावनी दी।
गया में विधायक ज्योति देवी के काफिले पर हमले के बाद बिहार की राजनीति में तनाव बढ़ा।
मांझी ने कहा — 'दलित-महादलित किसी से डरने वाले नहीं, करारा जवाब मिलेगा।' बिहार मंत्री डॉ.
संतोष कुमार सुमन ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव को समर्थकों को मर्यादा में रखने की चेतावनी दी।
भीमराव अंबेडकर के विचारों का हवाला देते हुए सामाजिक न्याय की लड़ाई जारी रखने का संकल्प जताया।

केंद्रीय मंत्री और हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (हम) के अध्यक्ष जीतन राम मांझी ने बुधवार, 20 मई को राष्ट्रीय जनता दल (राजद) पर तीखा हमला बोलते हुए स्पष्ट चेतावनी दी कि दलित और महादलित समाज अब किसी भी दबाव या भय की राजनीति को बर्दाश्त नहीं करेगा। उनका यह बयान गया में उनकी समधन व विधायक ज्योति देवी के काफिले पर हुए हमले के बाद बिहार की सियासत में आई तल्खी की पृष्ठभूमि में आया है।

मांझी का एक्स पर सीधा संदेश

जीतन राम मांझी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, 'राजद के गुंडे हमेशा कहते आए हैं — दमदमे में दम नहीं, अब खैर मांगो जान की। ऐ दलितों, ठंडी हुई तेग अंबेडकरवाद की। तो अब हमारा जवाब सुन लीजिए।' उन्होंने आगे जोड़ा, 'दलितों-महादलितों में बू रहेगी जब तक ईमान की, तख़्त-ए-राजद तक चलेगी तेग अंबेडकरवाद की। अब दलित-महादलित किसी से डरने वाले नहीं, करारा जवाब मिलेगा।'

मांझी ने अपने संदेश में बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के विचारों का हवाला देते हुए कहा कि सामाजिक न्याय की यह लड़ाई निरंतर जारी रहेगी और अंबेडकरवाद की विचारधारा दलित समाज को आज भी शक्ति प्रदान करती है।

पृष्ठभूमि: गया में काफिले पर हमला

इस पूरे विवाद की जड़ गया में हुई वह घटना है जब केंद्रीय मंत्री मांझी की समधन व विधायक ज्योति देवी के काफिले पर हमला किया गया। इस घटना के बाद बिहार की राजनीति में बयानबाजी का दौर तेज हो गया और सत्तारूढ़ गठबंधन व विपक्ष के बीच तनाव बढ़ गया। यह ऐसे समय में आया है जब बिहार में आगामी चुनावी तैयारियों के बीच जातीय समीकरण पहले से ही संवेदनशील हैं।

संतोष कुमार सुमन की तेजस्वी को चेतावनी

केंद्रीय मंत्री मांझी के पुत्र और बिहार सरकार में मंत्री डॉ. संतोष कुमार सुमन ने भी एक्स पर पोस्ट कर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव को सीधे निशाने पर लिया। उन्होंने लिखा कि तेजस्वी यादव अपने समर्थकों को मर्यादा में रखें, क्योंकि बिहार अब बदल चुका है और दलित समाज डरने वाला नहीं है।

संतोष सुमन ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि जीतन राम मांझी के कार्यकर्ताओं को डराने या धमकाने की कोशिश की गई, तो उसका जवाब लोकतांत्रिक तरीके से दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि बिहार में किसी एक जाति की दबंगई का दौर समाप्त हो चुका है और अब हर समाज सम्मान व बराबरी के साथ जीने का अधिकार रखता है।

राजनीतिक महत्व और आगे की राह

गौरतलब है कि हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (हम) बिहार में दलित-महादलित वोटबैंक का प्रमुख प्रतिनिधि दल माना जाता है। जीतन राम मांझी का यह आक्रामक रुख संकेत देता है कि आने वाले समय में राजद और हम के बीच सियासी टकराव और तीखा हो सकता है। बिहार में दलित-महादलित समुदाय की बड़ी आबादी को देखते हुए यह बयानबाजी चुनावी दृष्टि से भी अहम मानी जा रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन दलित वोटबैंक को लेकर हम और राजद के बीच की यह खींचतान आने वाले चुनावों में निर्णायक हो सकती है। गौरतलब है कि अंबेडकरवाद की भाषा का राजनीतिक उपयोग अब सभी दलों में बढ़ रहा है, जो दर्शाता है कि दलित समुदाय की नई पीढ़ी पहचान की राजनीति में अधिक मुखर हो रही है। असली परीक्षा यह है कि क्या यह आक्रामकता ज़मीनी सुरक्षा और न्याय में बदलती है, या केवल चुनावी बयानबाजी तक सिमटी रहती है।
RashtraPress
20 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जीतन राम मांझी ने राजद पर हमला क्यों बोला?
गया में केंद्रीय मंत्री मांझी की समधन व विधायक ज्योति देवी के काफिले पर हमले के बाद मांझी ने राजद को कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने एक्स पर लिखा कि दलित-महादलित समाज अब किसी से नहीं डरेगा और करारा जवाब मिलेगा।
गया काफिले हमले में क्या हुआ था?
विधायक ज्योति देवी, जो केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी की समधन हैं, के काफिले पर गया में हमला किया गया। इस घटना के बाद बिहार की राजनीति में तनाव बढ़ गया और हम तथा राजद के बीच बयानबाजी तेज हो गई।
संतोष कुमार सुमन ने तेजस्वी यादव को क्या चेतावनी दी?
बिहार मंत्री डॉ. संतोष कुमार सुमन ने एक्स पर पोस्ट कर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव से अपने समर्थकों को मर्यादा में रखने को कहा। उन्होंने कहा कि मांझी के कार्यकर्ताओं को डराने की कोशिश का लोकतांत्रिक तरीके से जवाब दिया जाएगा।
हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (हम) कौन सा दल है?
हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (हम) बिहार का एक राजनीतिक दल है जिसके अध्यक्ष जीतन राम मांझी हैं। यह दल मुख्यतः दलित और महादलित समुदाय का प्रतिनिधित्व करता है और वर्तमान में केंद्र की सत्तारूढ़ गठबंधन का हिस्सा है।
इस विवाद का बिहार की राजनीति पर क्या असर होगा?
यह टकराव बिहार में दलित-महादलित वोटबैंक को लेकर हम और राजद के बीच बढ़ती प्रतिस्पर्धा को दर्शाता है। आने वाले चुनावों में यह समुदाय निर्णायक भूमिका निभा सकता है, और दोनों पक्षों की आक्रामक बयानबाजी इसी राजनीतिक समीकरण को प्रभावित करने की कोशिश मानी जा रही है।
राष्ट्र प्रेस
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