क्या कर्नाटक के दो लोगों ने एमबीबीएस सीट के नाम पर 13 लाख की ठगी की?

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क्या कर्नाटक के दो लोगों ने एमबीबीएस सीट के नाम पर 13 लाख की ठगी की?

सारांश

जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच ने एमबीबीएस में दाखिला दिलाने के नाम पर 13 लाख की ठगी करने वाले दो कर्नाटक निवासियों के खिलाफ चार्जशीट दायर की है। जानिए इस मामले में क्या हुआ और आरोपी कैसे पकड़े गए।

Key Takeaways

  • जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच ने ठगी के मामले में चार्जशीट दायर की।
  • आरोपियों ने 13 लाख रुपए की ठगी की है।
  • आरोपी कर्नाटक के निवासी हैं।
  • पुलिस ने विस्तृत जांच की और सबूत जुटाए।
  • यह कार्रवाई नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अभियान का हिस्सा है।

श्रीनगर, 16 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच ने एमबीबीएस में दाखिला दिलाने के नाम पर 13 लाख रुपए की ठगी के मामले में कार्रवाई करते हुए कर्नाटक के दो व्यक्तियों के खिलाफ अदालत में चार्जशीट प्रस्तुत की है। यह जानकारी क्राइम ब्रांच कश्मीर की ओर से शुक्रवार को जारी एक बयान में दी गई।

क्राइम ब्रांच के अनुसार, आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने इस मामले में जांच पूरी कर एफआईआर नंबर 10/2024 के तहत चार्जशीट कोर्ट में पेश की है। यह चार्जशीट धारा 420 (धोखाधड़ी) और 120-बी (आपराधिक साजिश) के तहत प्रस्तुत की गई। मामला बारामूला की सब-जज कोर्ट में प्रस्तुत किया गया है।

आरोपियों की पहचान आकिब जावेद पुत्र मोहम्मद अयूब और मोहम्मद अहतेशाम अहमद पुत्र मोहम्मद अयूब के रूप में हुई है। दोनों आरोपी कर्नाटक के गुलबर्गा (कलबुर्गी) जिले के आदर्श नगर, रिंग रोड क्षेत्र के निवासी बताए गए हैं।

शिकायत में आरोप लगाया गया है कि कर्नाटक के बीजापुर में स्थित अल-अमीन मेडिकल कॉलेज के डॉ. शम्सु-दीन ने एक व्यक्ति को भरोसा दिलाया कि वे आकिब जावेद के जरिए उनके बेटे का एमबीबीएस में एडमिशन करवा देंगे।

इस बात पर भरोसा करके उस व्यक्ति ने 13 लाख रुपये दे दिए। लेकिन, बाद में न तो उनके बेटे का एडमिशन हुआ और न ही उनके पैसे लौटाए गए। इसके बाद पीड़ित ने मामले की शिकायत पुलिस से की।

शिकायत मिलते ही पुलिस स्टेशन आर्थिक अपराध शाखा, क्राइम ब्रांच कश्मीर ने विस्तृत जांच शुरू की। जांच के दौरान पता चला कि आरोपी आकिब जावेद ने अपने भाई मोहम्मद अहतेशाम अहमद के साथ मिलकर आपराधिक साजिश रची और झूठे वादों के जरिए पीड़ित को ठगा। आरोपियों ने बीजापुर के केबीएन मेडिकल कॉलेज में दाखिला दिलाने का झांसा दिया था।

जांच में दोनों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी और साजिश से जुड़े अपराध प्रमाणित पाए गए। इसके बाद आपराधिक प्रक्रिया संहिता की धारा 512 के तहत आरोपियों की अनुपस्थिति में अदालत में चार्जशीट दाखिल की गई।

क्राइम ब्रांच ने बताया कि जम्मू-कश्मीर पुलिस लगातार नशीले पदार्थों की तस्करी, हवाला कारोबार और अवैध वित्तीय गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त अभियान चला रही है। इस कार्रवाई को भी उसी अभियान का हिस्सा बताया गया है।

Point of View

बल्कि यह भी दिखाता है कि कैसे कुछ लोग व्यक्तिगत लाभ के लिए दूसरों का शोषण करते हैं। यह आवश्यक है कि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में कोई भी ऐसे धोखाधड़ी के शिकार न हो।
NationPress
16/01/2026

Frequently Asked Questions

इस मामले में चार्जशीट कब दायर की गई?
चार्जशीट 16 जनवरी को दायर की गई थी।
आरोपियों की पहचान क्या है?
आरोपियों की पहचान आकिब जावेद और मोहम्मद अहतेशाम अहमद के रूप में हुई है।
ठगी की राशि कितनी थी?
ठगी की राशि 13 लाख रुपए थी।
किस कॉलेज में एडमिशन दिलाने का झांसा दिया गया?
बीजापुर के अल-अमीन मेडिकल कॉलेज में एडमिशन दिलाने का झांसा दिया गया।
क्राइम ब्रांच की कार्रवाई का उद्देश्य क्या है?
क्राइम ब्रांच का उद्देश्य नशीले पदार्थों की तस्करी, हवाला कारोबार और अवैध वित्तीय गतिविधियों से निपटना है।
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