जसप्रीत बुमराह: भारतीय क्रिकेट का 'हनुमान', संकट में हर बार निकालते हैं नैया पार
सारांश
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नई दिल्ली, 9 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। जब भी भारतीय क्रिकेट टीम किसी संकट में होती है, जसप्रीत बुमराह का नाम हर किसी की जुबान पर होता है। मैच अगर हाथ से निकलने वाला हो, तो सभी की निगाहें केवल बुमराह पर टिकी होती हैं। फैंस और खिलाड़ी दोनों की यही उम्मीद होती है कि बुमराह आएंगे और चमत्कार करेंगे। उनके पास कोई अजीब शक्तियाँ नहीं हैं, परंतु उनके प्रदर्शन में एक निरंतरता है जिससे वह भारतीय टीम के 'हनुमान' बन गए हैं।
जसप्रीत बुमराह को संकट में बाजी पलटने का हुनर बखूबी आता है। चाहे प्रेशर कितना भी हो, बुमराह हमेशा शांत रहते हैं। जब गेंद उनके हाथ में होती है, तब उनका प्रदर्शन ही शोर मचाता है। विपक्षी खेमे में खलबली मचाने की कला में बुमराह माहिर हैं। उनके महत्व को समझाने की आवश्यकता नहीं है।
टीम इंडिया ने हाल ही में न्यूजीलैंड को फाइनल में 96 रनों से हराकर टी20 वर्ल्ड कप 2026 का खिताब जीता। इस खिताबी मुकाबले में बुमराह का प्रदर्शन शानदार रहा। दबाव भरे फाइनल में बुमराह ने 4 ओवर में सिर्फ 15 रन देकर 4 विकेट लिए, जिनमें मिचेल सैंटनर, रचिन रविंद्र, जेम्स नीशम और मैट हेनरी शामिल थे। बुमराह ने न्यूजीलैंड के बैटिंग ऑर्डर को पूरी तरह से तोड़ दिया। यह कोई नई बात नहीं है, क्योंकि वह टी20 वर्ल्ड कप फाइनल में 4 विकेट लेने वाले सिर्फ तीसरे गेंदबाज बने।
सेमीफाइनल में इंग्लैंड की टीम एक समय रनों का पीछा करते हुए हावी दिख रही थी। अर्शदीप सिंह और वरुण चक्रवर्ती के गेंदबाजी की धुनाई हो रही थी और फाइनल का टिकट दूर लग रहा था। लेकिन बुमराह ने 18वें ओवर में आकर मैच की दिशा बदल दी। क्रीज पर सेट जैकब बेथेल और सैम करन जैसे बल्लेबाजों ने बुमराह की गेंदों पर एक भी बाउंड्री नहीं लगाई। इस ओवर में बुमराह ने केवल 6 रन खर्च किए, जिससे मैच का रुख बदल गया। बुमराह द्वारा बनाए गए दबाव के कारण भारतीय टीम को अगले ओवर में विकेट मिले और जीत सुनिश्चित हो गई।
टी20 विश्व कप 2026 में बुमराह ने 8 मैचों में कुल 14 विकेट लिए। यह ध्यान देने योग्य है कि उनका बेहतरीन प्रदर्शन वेस्टइंडीज, इंग्लैंड और खासकर न्यूजीलैंड के खिलाफ आया। बुमराह ने फिर से साबित कर दिया कि क्यों 140 करोड़ फैंस उन पर आंख मूंदकर भरोसा करते हैं।