टीएमसी के कुशासन को समाप्त कर बंगाल में लोकतंत्र की वापसी की मांग: माणिक साहा

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टीएमसी के कुशासन को समाप्त कर बंगाल में लोकतंत्र की वापसी की मांग: माणिक साहा

सारांश

त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने टीएमसी सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि बंगाल में लोकतंत्र और शांति बहाल करने के लिए उन्हें सत्ता से हटाना होगा।

Key Takeaways

  • टीएमसी सरकार के 15 साल के शासन में कानून-व्यवस्था की स्थिति खराब हुई है।
  • बंगाल में लोकतंत्र और शांति बहाल करने के लिए भाजपा को सत्ता में लाना आवश्यक है।
  • धार्मिक आयोजनों में बाधाएं आ रही हैं।
  • त्रिपुरा में सख्त सीमा सुरक्षा सुनिश्चित की गई है।
  • राज्य में भ्रष्टाचार और अपराध की समस्याएं बढ़ी हैं।

कोलकाता/अगरतला, 9 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने सोमवार को पश्चिम बंगाल के नागरिकों से तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सरकार को सत्ता से बाहर करने की अपील की। उन्होंने कहा कि पार्टी के 15 साल के शासन के दौरान राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति काफी बिगड़ गई है।

बर्धमान जिले में आयोजित एक बड़ी ‘परिवर्तन यात्रा’ रैली को संबोधित करते हुए सीएम साहा ने बताया कि पश्चिम बंगाल के लोगों को राज्य में लोकतंत्र, शांति, और विकास को पुनर्स्थापित करने के लिए भाजपा को सत्ता में लाना आवश्यक है। हमें इस परिवर्तन यात्रा से यह शपथ लेनी चाहिए कि तृणमूल सरकार को हटा दिया जाएगा। बंगाल के लोगों को इस कुशासन को समाप्त करना होगा, जो पिछले 15 वर्षों से आतंक फैला रहा है।

साहा ने बर्धमान को क्रांति और भक्ति की भूमि बताते हुए आरोप लगाया कि राज्य में लोग धार्मिक गतिविधियों के आयोजन में भी बाधाओं का सामना कर रहे हैं। उन्होंने विभिन्न स्थानों पर हुई हिंसा की घटनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि लोग सरस्वती पूजा जैसे कुछ आयोजनों के लिए भी अनुमति लेने को मजबूर हैं।

उन्होंने कोलकाता में उलुबेरिया, तेहट्टा और राजाबाजार जैसे क्षेत्रों में काली पूजा की मूर्तियों के विसर्जन के दौरान आने वाली बाधाओं का जिक्र किया और राम नवमी रैलियों पर हुए हमलों की बात की। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमें यहां से यह संकल्प लेना चाहिए कि हम अन्याय को स्वीकार नहीं करेंगे।

उन्होंने कहा कि देशभर में भाजपा के नेता और कार्यकर्ता मुश्किल समय में एकजुट होकर खड़े रहते हैं, और इसी कारण वह त्रिपुरा से पश्चिम बंगाल की रैली में शामिल होने आए थे। उन्होंने टीएमसी सरकार पर आरोप लगाया कि उनके शासन में राज्य का राजनीतिक संस्कृति और लोकतांत्रिक माहौल खराब हो गया है, और यह कि पश्चिम बंगाल भ्रष्टाचार का केंद्र बन गया है।

सीएम ने त्रिपुरा में पिछले लेफ्ट फ्रंट सरकार की तुलना करते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल में भी भर्ती प्रक्रियाओं में भ्रष्टाचार और गड़बड़ियों की समस्याएँ हैं। उन्होंने कहा कि तृणमूल कांग्रेस 'माँ, माटी, मानुष' का नारा देती है, लेकिन महिला मुख्यमंत्री होने के बावजूद वे महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने में असफल रही हैं।

टीएमसी पर अवैध बांग्लादेशी प्रवासियों को वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल करने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने बांग्लादेश के साथ अंतरराष्ट्रीय सीमा के कुछ हिस्सों में बाड़ लगाने के लिए केंद्र के साथ सहयोग नहीं किया है। त्रिपुरा में हमने सख्त सीमा सुरक्षा सुनिश्चित की है।

मुख्यमंत्री ने त्रिपुरा में विकास के प्रयासों पर जोर देते हुए कहा कि राज्य सरकार सभी केंद्रीय योजनाओं को सही तरीके से लागू कर रही है और कानून-व्यवस्था की स्थिति में काफी सुधार किया है।

उन्होंने कहा कि अब लोग त्रिपुरा में निवेश करने के लिए आगे आ रहे हैं क्योंकि कानून-व्यवस्था की स्थिति बेहतर हो गई है। यदि हम त्रिपुरा में सीपीआई (एम) सरकार को हटा सकते हैं, तो बंगाल के लोग भी बदलाव ला सकते हैं। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में भ्रष्टाचार, अपराध और घोटाले बड़े पैमाने पर बढ़ गए हैं और लोगों से राज्य में भाजपा सरकार बनाने के लिए सही निर्णय लेने की अपील की।

Point of View

निश्चित रूप से राज्य की राजनीति में नया मोड़ ला सकता है।
NationPress
10/03/2026

Frequently Asked Questions

माणिक साहा ने टीएमसी पर क्या आरोप लगाया?
उन्होंने आरोप लगाया कि टीएमसी के शासन में कानून-व्यवस्था की स्थिति खराब हुई है और राज्य में भ्रष्टाचार बढ़ा है।
बंगाल में लोकतंत्र की बहाली के लिए क्या कदम उठाने की जरूरत है?
सीएम साहा के अनुसार, भाजपा को सत्ता में लाना और टीएमसी को हटाना आवश्यक है।
क्या माणिक साहा ने धार्मिक आयोजनों पर रोक की बात की?
हाँ, उन्होंने बताया कि लोगों को धार्मिक कार्यक्रम आयोजित करने में बाधाओं का सामना करना पड़ रहा है।
टीएमसी के शासन में क्या समस्याएं आई हैं?
भर्ती में भ्रष्टाचार, राजनीतिक संस्कृति का गिरना और महिलाओं की सुरक्षा में कमी जैसी समस्याएं आई हैं।
त्रिपुरा में विकास के लिए क्या प्रयास किए जा रहे हैं?
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सभी केंद्रीय योजनाओं को सही तरीके से लागू कर रही है।
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