क्या बिहार 2047 तक भारत को विकसित देश बना सकता है? : धर्मेंद्र प्रधान

सारांश
Key Takeaways
- बिहार की युवा पीढ़ी को नेतृत्व करना चाहिए।
- नवाचार भारत की विकास यात्रा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
- प्रधानमंत्री मोदी का समर्थन युवाओं के लिए प्रेरणा है।
- राजनीतिक एकता आवश्यक है।
- भारत के लिए जिम्मेदारी लेना होगा।
पटना, 26 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। ज्ञान भवन में आयोजित यूथ ऑफ बिहार 2047 स्टूडेंट कॉन्क्लेव को संबोधित करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि भारत को 2047 तक विकसित देश बनाने का नेतृत्व बिहार करेगा। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे आगे आकर इस जिम्मेदारी को संभालें।
धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि बिहार हमेशा से नेतृत्व कर चुका है। यहाँ पिछले 20 वर्षों से एनडीए की सरकार है। आज एनडीए बिहार और देश को आगे ले जाने में जुटा है। अब बिहार के युवाओं की जिम्मेदारी है कि वे इसे और आगे बढ़ाएं।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि आज गरीब देशों की नज़र भारत पर है। उन्हें भारत से बड़ी उम्मीदें हैं। देश में एक नया वातावरण बन रहा है, जहाँ रोज़ नवाचार हो रहे हैं। भारत के नौजवान अब सपने देखने लगे हैं, वे अब नौकरी देने वाले बन रहे हैं। तकनीक का माध्यम बनाकर बिहार के युवा आगे आने वाले हैं।
उन्होंने कहा कि आज यहाँ के युवाओं के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खड़े हैं। पीएम मोदी ने कहा है कि उनकी सरकार युवा, किसान, महिलाओं और गरीबों के प्रति समर्पित है। देश के नौजवानों की ताकत तेजी से बढ़ रही है। युवा खेल, नाटक, संगीत और विज्ञान में अपनी प्रतिभा दिखा रहे हैं।
धर्मेंद्र प्रधान ने आपातकाल के दौरान शुरू हुए जेपी आंदोलन की चर्चा की और कहा कि इसी गांधी मैदान से इसकी शुरुआत हुई थी। अब युवाओं की भूमिका बदल गई है, लेकिन लक्ष्य वही है। भारत के लिए जिम्मेदारी उठानी होगी।
उन्होंने विपक्ष के वोट चोरी के आरोपों पर पलटवार करते हुए कहा कि राजद और कांग्रेस गलत बयानों के जरिए अराजकता फैलाना चाहते हैं। उन्हें यह पता लगाना चाहिए कि बिहार में वोट चोरी किसने की। ये लोग पिछले दिनों बंदूक और बम से गरीबों का वोट चुरा चुके हैं, और आज संविधान की पुस्तक लेकर घूम रहे हैं। यह देश कोई धर्मशाला नहीं है।
उन्होंने सवाल किया कि इस देश में बांग्लादेशियों को वोट देने का अधिकार नहीं मिल सकता। यहाँ की सुविधाओं पर केवल देश के लोगों का अधिकार है।