क्या राहुल गांधी एक अच्छे नेता हैं और देश को उनकी आवश्यकता है?
सारांश
Key Takeaways
- राहुल गांधी का नेतृत्व देश के लिए महत्वपूर्ण है।
- बिहार में महिलाओं की सुरक्षा एक गंभीर मुद्दा है।
- बजट में रोजगार सृजन पर ध्यान देने की आवश्यकता है।
- सभी राजनीतिक पार्टियों को गठबंधन में समान सहयोग चाहिए।
- सरकार को जनता की समस्याओं का समाधान करना चाहिए।
नई दिल्ली, 27 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। कांग्रेस के पूर्व नेता शकील अहमद द्वारा राहुल गांधी पर दिए गए बयान को कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद ने गलत करार दिया है। उनका कहना है कि लोगों की अलग-अलग राय हो सकती है, लेकिन राहुल गांधी एक अच्छे नेता हैं और देश को उनकी आवश्यकता है।
कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद ने समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस से बात करते हुए कहा, "मेरे हिसाब से शकील अहमद का बयान पूरी तरह से गलत है। कांग्रेस की तरफ से पार्टी से निकालने का निर्णय इस तरह नहीं लिया जाता है। जब कोई नेता पार्टी छोड़ता है, तो वह अपनी इच्छा से छोड़ता है। हम कभी भी उस नेता से मतभेद नहीं रखते हैं, जिसने पार्टी छोड़ी है।"
बजट पर मोहम्मद जावेद ने कहा कि हमें उम्मीद है कि सरकार जनता की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए बजट प्रस्तुत करेगी, जिससे देश के हर वर्ग को लाभ मिल सके। देश में रोजगाररोजगार
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार को अपने चुने हुए मित्रों पर ध्यान नहीं देना चाहिए, बल्कि देश की जनता की समस्याओं को हल करना चाहिए। हमें आशा है कि बजट सकारात्मक होगा, लेकिन यह समय पर ही पता चलेगा।
तमिलनाडु में डीएमके और कांग्रेस के बीच सीट-शेयरिंग पर मोहम्मद जावेद ने कहा, "जहां भी गठबंधन होता है, सभी पार्टियां अच्छी सीटें चाहती हैं ताकि दोनों के योगदान से सरकार बनाई जा सके। इसलिए, इस पर अधिक ध्यान देने की आवश्यकता नहीं है। ये केवल इस राज्य की बात नहीं है। ऐसा हर राज्य में होता है। हमारी बातचीत चल रही है, जल्द ही एक अच्छा निर्णय लिया जाएगा।"
बिहार सरकार पर निशाना साधते हुए कांग्रेस सांसद ने कहा कि बिहार की स्थिति बेहद खराब हो गई है। जहां महिलाएं और बेटियां सुरक्षित नहीं हैं। सरकार ने सत्ता में आने से पहले किए गए वादों को भुला दिया है।
भाजपा पर निशाना साधते हुए मोहम्मद जावेद ने कहा कि जैसे-जैसे बिहार में भाजपा विधायकों की संख्या बढ़ रही है, महिलाओं पर अत्याचार भी बढ़ रहे हैं। यह कोई नई बात नहीं है, सरकार को इस पर ध्यान देना चाहिए और महिलाओं की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाने चाहिए।