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क्या चुनाव हारने के डर से विपक्ष वोट चोरी का निराधार आरोप लगा रहा है? : जेडीयू सांसद लवली आनंद

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क्या चुनाव हारने के डर से विपक्ष वोट चोरी का निराधार आरोप लगा रहा है? : जेडीयू सांसद लवली आनंद

सारांश

कैमूर में जेडीयू सांसद लवली आनंद ने एनडीए कार्यकर्ता सम्मेलन में भाग लेकर विपक्ष के वोट चोरी के आरोपों को बेबुनियाद बताया। उन्होंने बिहार के विकास और नीतीश कुमार की नेतृत्व क्षमता की भी सराहना की। क्या ये आरोप केवल चुनावी रणनीति हैं?

मुख्य बातें

लवली आनंद ने विपक्ष के आरोपों को बेबुनियाद बताया।
बिहार में एनडीए की स्थिति मजबूत है।
भ्रष्ट भाषा का उपयोग अक्षम्य है।
अधिक भाषाएं सीखना ज्ञान और संस्कृति को समृद्ध करता है।
जनता को गुमराह नहीं किया जा सकता।

कैमूर, 29 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। शिवहर लोकसभा क्षेत्र से जनता दल (यूनाइटेड) की महिला सांसद लवली आनंद ने शुक्रवार को कैमूर में एनडीए के कार्यकर्ता सम्मेलन में भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने विपक्ष के 'वोट चोरी' के आरोप को बेबुनियाद बताया।

जदयू सांसद लवली आनंद ने कहा, "2005 से पहले के बिहार की स्थिति क्या थी, 90 के दशक का बिहार आज भी लोगों को याद करके सिहराता है। कुछ भी सुरक्षित नहीं था, न खेत-खलिहान और न इंसान। वोट चोरी का आरोप वही लोग कर रहे हैं, जिन्हें लग रहा है कि उनका जनाधार खिसक गया है। विपक्ष का जनाधार न तो देश में है और न ही बिहार में, क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार प्रगति कर रहा है।

उन्होंने विपक्ष के ‘वोट चोरी’ के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा, "जनता सब समझती है और उसे बेवकूफ नहीं बनाया जा सकता। विपक्ष को लग रहा है कि उनका जनाधार खत्म हो गया है, इसलिए वे भ्रामक स्लोगन और वोट चोरी जैसे आरोप लगाकर जनता को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं। अगर वोट चोरी होती, तो झारखंड, बंगाल और कर्नाटक में विपक्ष की जीत कैसे होती? वहां वे लोकतंत्र की जीत का दावा करते हैं, लेकिन जहां एनडीए मजबूत है, जैसे महाराष्ट्र, दिल्ली और हरियाणा, वहां वोट चोरी का आरोप लगाते हैं। जनता इनके दावों को समझ रही है।

आनंद ने तेजस्वी यादव के बयान, "2025 नीतीश कुमार का अंतिम चुनाव होगा" का करारा जवाब देते हुए कहा, "सीएम नीतीश के नेतृत्व में बिहार लगातार प्रगति कर रहा है। विपक्ष को किसने कहा कि नीतीश को मुख्यमंत्री नहीं बनाया जाएगा? हमने तो ऐसा कुछ सुना नहीं। 2025 में एनडीए बिहार में 225 सीटें जीतेगी और नीतीश जी के नेतृत्व में बिहार और आगे बढ़ेगा। विपक्ष को ऐसी बातों का आधार कहां से मिला?"

‘वोट अधिकार यात्रा’ के मंच से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी दिवंगत मां के खिलाफ अमर्यादित टिप्पणियों पर आनंद ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा, "विपक्ष का काम विरोध करना है, लेकिन प्रधानमंत्री और उनकी मां के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करना अक्षम्य है। यह न केवल शर्मनाक है, बल्कि विपक्ष इससे अपना ही नुकसान कर रहा है। ऐसी भाषा देश के प्रधानमंत्री के सम्मान को ठेस पहुंचाती है और यह कतई स्वीकार्य नहीं है।"

संघ प्रमुख मोहन भागवत के तकनीकी शिक्षा और भाषा नीति पर बयान का समर्थन करते हुए जेडीयू सांसद ने कहा, "अधिक से अधिक भाषाएं सीखना जरूरी है। संस्कृत संस्कार देती है, जबकि अंग्रेजी वैश्विक संवाद के लिए महत्वपूर्ण है। मैथिली को अष्टम सूची में शामिल किया गया है और अब भोजपुरी की मांग उठ रही है। मैं भी चाहती हूं कि अधिक भाषाएं सीखूं, क्योंकि यह ज्ञान और संस्कृति को समृद्ध करता है।"

दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के भाजपा-कांग्रेस साठगांठ के आरोप पर पलटवार करते हुए उन्होंने कहा, “केजरीवाल को सोच-समझकर बोलना चाहिए। अगर साठगांठ है, तो फिर प्रधानमंत्री और उनकी मां को गाली क्यों दी जा रही है? वे अपने आरोपों का आधार स्पष्ट करें।"

संपादकीय दृष्टिकोण

यह स्पष्ट है कि राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप चुनावी रणनीतियों का हिस्सा होते हैं। बिहार में विकास और जनाधार की बात करने वाले नेताओं को चाहिए कि वे सकारात्मक राजनीति को आगे बढ़ाएं और जनता के मुद्दों पर ध्यान दें।
RashtraPress
10 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

लवली आनंद ने विपक्ष के आरोपों पर क्या कहा?
लवली आनंद ने विपक्ष के वोट चोरी के आरोपों को बेबुनियाद बताया और कहा कि जनता इन आरोपों को समझ रही है।
बिहार में एनडीए की स्थिति क्या है?
लवली आनंद के अनुसार, बिहार में एनडीए का जनाधार मजबूत है और वे 2025 में 225 सीटें जीतने की उम्मीद कर रहे हैं।
राष्ट्र प्रेस
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