क्या लखनऊ में एसटीएफ ने 80 लाख के ड्रग्स के साथ दो तस्करों को गिरफ्तार किया?
सारांश
मुख्य बातें
लखनऊ, 3 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए 80 लाख रुपए के ड्रग्स के साथ दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। ये दोनों तस्कर एक अंतर्राज्यीय नेटवर्क से जुड़े थे।
मुखबिर द्वारा मिली सूचना के आधार पर, एसटीएफ ने लखनऊ के गोसाईगंज क्षेत्र में सुल्तानपुर रोड पर स्थित गब्बर ढाबे के निकट एक टाटा सफारी कार में सवार दो तस्करों को पकड़ा। कार की जांच के दौरान उसमें से 523 ग्राम एमडीएमए (मिथाइलेंडीऑक्सी-मेथाम्फेटामाइन) प्राप्त हुआ, जो एक प्रतिबंधित मादक पदार्थ है।
एसटीएफ के डिप्टी एसपी धर्मेश कुमार शाही ने कहा कि उनकी टीम लंबे समय से नशे के तस्करी नेटवर्क पर निगरानी रख रही थी। उन्हें जानकारी मिली थी कि दो तस्कर भारी मात्रा में ड्रग्स लेकर गुजरने वाले हैं। इस पर एसटीएफ ने त्वरित कार्रवाई की और गब्बर ढाबा के पास घेराबंदी कर दोनों तस्करों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार तस्करों की पहचान मोहम्मद मुजीब और मुकेश सिंह के रूप में हुई है। मुजीब लखनऊ के खंदारी बाजार का निवासी है, जबकि मुकेश भदोही के रविदासनगर का रहने वाला है। पूछताछ में दोनों ने बताया कि वे एक अंतर्राज्यीय ड्रग तस्करी गिरोह से जुड़े हैं, जो उत्तर प्रदेश, दिल्ली, मुंबई और बिहार तक एमडीएमए की सप्लाई करता था।
मुजीब ने यह भी बताया कि वह अपने घर पर रसायन मिलाकर एमडीएमए तैयार करता था और यह प्रक्रिया उसे वाराणसी निवासी अभय सिंह ने सिखाई थी। अभय सिंह पहले मुंबई में एमडीएमए के साथ गिरफ्तार हो चुका है और हाल ही में जेल से रिहा हुआ है।
एसटीएफ ने कहा कि पकड़े गए तस्करों ने यह भी बताया कि वे विभिन्न जिलों और राज्यों में एमडीएमए की सप्लाई कर रहे थे। इस मामले में गोसाईगंज थाने में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है।
धर्मेश कुमार शाही ने बताया कि दोनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। उनके गिरोह में कितने सदस्य हैं और वे एमडीएमए किसे सप्लाई करने वाले थे, इन सवालों के जवाब भी पता किए जा रहे हैं।