बाबा महाकाल ने अर्ध चांद और त्रिनेत्र से सजाकर भक्तों का मन मोह लिया, सोनल चौहान ने किए दर्शन
सारांश
Key Takeaways
- महाकालेश्वर मंदिर की भस्म आरती में भक्तों की भारी भीड़।
- सोनल चौहान ने भस्म आरती में भाग लिया।
- भक्ति का अनुभव हर बार अद्भुत।
- ऑनलाइन भस्म आरती बुकिंग की सुविधा उपलब्ध।
- अर्ध चांद और त्रिनेत्र से बाबा का दिव्य श्रृंगार।
उज्जैन, 16 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। महाकालेश्वर मंदिर की भस्म आरती में भक्तों की विशाल भीड़ उमड़ी, जहां प्रातः 2 बजे से भक्त दर्शन के लिए लम्बी कतारों में खड़े दिखे।
बॉलीवुड अभिनेत्री सोनल चौहान भी भस्म आरती में शामिल हुईं और नंदी मंडपम में भगवान शिव की आराधना में तल्लीन रहीं।
महाकाल के दर्शन करने पहुंची सोनल चौहान ने राष्ट्र प्रेस से कहा, "मेरे लिए यह अनुभव हर बार अद्भुत होता है; जब भी मैं यहां आती हूं, मुझे एक दिव्य अहसास होता है। दर्शन बहुत भव्य होते हैं, और यहाँ आकर मुझे आंतरिक शांति मिलती है। मैं यही चाहती हूं कि बाबा महाकाल मुझे बार-बार बुलाते रहें।"
अपकमिंग फिल्मों पर चर्चा करते हुए अभिनेत्री ने बताया कि उनके पास वर्तमान में दो प्रोजेक्ट्स हैं। उनकी फिल्म मिर्जापुर जल्द ही रिलीज होगी और एक सीरीज की शूटिंग भोपाल में चल रही है। उन्होंने कहा, बाबा महाकाल की कृपा से उनका आने वाला साल बेहतरीन होने वाला है और वे अगले साल भी दर्शन के लिए आएंगी।
आज, यानी वैशाख कृष्ण पक्ष चतुर्दशी के मौके पर, भस्म आरती के दौरान महाकालेश्वर मंदिर में भक्तों की भीड़ बेताब थी। वीरभद्र से आज्ञा लेकर पहले मंदिर के कपाट खोले गए और बाबा को पंचामृत और फलों के रस से स्नान कराया गया। भांग के साथ बाबा का दिव्य श्रृंगार किया गया, जिसमें माथे पर अर्धचंद्र और त्रिनेत्र को सजाया गया। अंत में, बाबा को चांदी का मुकुट अर्पित कर श्रृंगार पूरा किया गया। बाबा के दिव्य दर्शन से पूरा मंदिर 'हर-हर महादेव' के जयकारों से गूंज उठा।
गर्मी को ध्यान में रखते हुए, मंदिर समिति ने बाबा के दर्शन में बदलाव किए हैं। अब भस्म आरती की बुकिंग प्रक्रिया में परिवर्तन करते हुए ऑफलाइन अनुमति को समाप्त कर दिया गया है। अब ऑनलाइन भस्म आरती की सुविधा भक्तों के लिए हमेशा उपलब्ध रहेगी। पहले ऑफलाइन टिकट पर 300 रुपये खर्च होते थे, लेकिन अब 200 रुपये में बाबा की भस्म आरती सभी भक्त देख सकेंगे।