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महिला आरक्षण: भाजपा का राजनीतिक हथकंडा या सच में बदलाव?

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महिला आरक्षण: भाजपा का राजनीतिक हथकंडा या सच में बदलाव?

सारांश

गाजीपुर में शौर्या सिंह ने महिला आरक्षण विधेयक को भाजपा का राजनीतिक हथकंडा बताया है। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ चुनावी जुमलेबाजी है। जानिए इस पर क्या कहा गया।

मुख्य बातें

महिला आरक्षण विधेयक को राजनीतिक हथकंडा बताया गया है।
भाजपा का चुनावी लाभ के लिए महिलाओं के मुद्दों का उपयोग।
महिला सुरक्षा की स्थिति चिंताजनक है।
यदि लागू हुआ तो यह सभी महिलाओं के लिए लाभकारी होगा।
ज्योति वाघमारे ने इस पहल का स्वागत किया है।

गाजीपुर, 5 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। समाजवादी पार्टी की नेता शौर्या सिंह ने राष्ट्र प्रेस के साथ बातचीत में महिला आरक्षण विधेयक को एक राजनीतिक चाल बताते हुए इसकी तीखी आलोचना की।

शौर्या सिंह ने कहा कि जब भी भाजपा महिला आरक्षण या महिला सुरक्षा के मुद्दे उठाती है, तब यह केवल जुमलेबाजी होती है। पिछले चुनावों में भी भाजपा ने महिलाओं के आरक्षण का वादा किया था। हर चुनाव के समय में, यह सरकार महिलाओं की भावनाओं के साथ खेलती है। यह एक बड़ा घोटाला है।

उन्होंने कहा कि अगर महिला आरक्षण लागू होता है, तो यह महिलाओं के लिए अच्छा होगा। लेकिन जब ये लोग महिला सुरक्षा की बात करते हैं, तो हमें यह देखना चाहिए कि महिला सुरक्षा का स्तर कितना गिरा है। मणिपुर जैसी घटनाएं बिहार में भी देखी गई हैं। अगर महिला आरक्षण बिल आता है तो यह सकारात्मक है, लेकिन यदि यह सिर्फ जुमलेबाजी है और वोट बैंक को आकर्षित करने के लिए है, तो यह बहुत ही शर्मनाक राजनीति है।

शौर्या सिंह ने भाजपा की इस योजना को एक बड़ी साजिश बताया। उन्होंने कहा कि अगर महिला आरक्षण लागू होता है, तो सभी महिलाएं, चाहे वे किसी भी पार्टी से हों, खुश होंगी। लेकिन हमें यह भी पता है कि आरक्षण न तो इतनी जल्दी आने वाला है और न ही भाजपा इसे लागू कर पाएगी।

वहीं, शिवसेना की सांसद ज्योति वाघमारे ने समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस से बातचीत करते हुए कहा कि यह सभी महिलाओं के लिए एक प्रेरणादायक कदम है। उन्होंने इस पहल के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को बधाई दी। नारी शक्ति वंदन अधिनियम के जरिए, वे देश की आधी आबादी, यानी महिलाओं को संसद में उचित प्रतिनिधित्व और सम्मान देने का प्रयास कर रहे हैं, और मैं इसका दिल से स्वागत करती हूं।

ज्ञात हो कि भाजपा सांसद अपराजिता सारंगी ने भी केंद्र सरकार के इस कदम की सराहना की। उन्होंने कहा कि एक महिला सांसद के नाते वे बहुत खुश हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन वास्तविकता यह है कि महिलाओं की सुरक्षा और उनके अधिकारों का मुद्दा गंभीर है।
RashtraPress
12 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

महिला आरक्षण विधेयक क्या है?
महिला आरक्षण विधेयक का उद्देश्य संसद और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33% आरक्षण देना है।
क्यों शौर्या सिंह ने इसे राजनीतिक हथकंडा कहा?
शौर्या सिंह का मानना है कि भाजपा चुनावों के दौरान महिलाओं के मुद्दों का उपयोग केवल राजनीतिक लाभ के लिए करती है।
क्या महिला आरक्षण विधेयक सच में लागू होगा?
शौर्या सिंह का कहना है कि इसे लागू करने में भाजपा की इच्छाशक्ति पर सवाल उठता है।
महिला सुरक्षा की स्थिति क्या है?
महिला सुरक्षा की स्थिति पर सवाल उठाते हुए शौर्या सिंह ने मणिपुर जैसी घटनाओं का जिक्र किया।
ज्योति वाघमारे का इस पर क्या कहना है?
ज्योति वाघमारे ने इसे सभी महिलाओं के लिए एक सकारात्मक कदम बताया है और सरकार की सराहना की है।
राष्ट्र प्रेस
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