महिला सुरक्षा पर योगी सरकार नाकाम, जातीय जनगणना से भाग रही BJP: अखिलेश यादव का बड़ा हमला
सारांश
Key Takeaways
- अखिलेश यादव ने 23 अप्रैल को इटावा में योगी सरकार को महिला सुरक्षा के मुद्दे पर विफल करार दिया।
- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को 'नारी विरोधी' बताते हुए भाजपा पर महिला विरोधी नीतियों का आरोप लगाया।
- जातीय जनगणना पर सपा के समर्थन की पुष्टि करते हुए कहा कि BJP इस मुद्दे से पलायन कर रही है।
- भीम राव अंबेडकर के संविधान में दिए आरक्षण प्रावधानों को सही ढंग से लागू न करने का आरोप सरकार पर लगाया।
- पश्चिम बंगाल चुनाव में BJP की ऐतिहासिक हार और ममता बनर्जी की भारी जीत का दावा किया।
- इटावा में भू-माफिया, महंगाई और बेरोजगारी पर भी भाजपा सरकार को जिम्मेदार ठहराया।
इटावा, 23 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गुरुवार, 23 अप्रैल को इटावा में भाजपा सरकार पर जोरदार प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश में महिलाएं और बेटियां सर्वाधिक असुरक्षित हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं के विरुद्ध अपराध थमने का नाम नहीं ले रहे और सत्ताधारी दल उनके स्वास्थ्य, शिक्षा एवं सम्मान की रक्षा में पूरी तरह विफल साबित हुआ है। जातीय जनगणना के सवाल पर उन्होंने स्पष्ट कहा कि भाजपा इस मुद्दे से पलायन कर रही है।
महिला सुरक्षा पर सरकार को घेरा
इटावा में एक कार्यक्रम के बाद मीडिया से मुखातिब होते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि महिलाओं को महज आरक्षण नहीं, बल्कि ठोस एवं व्यावहारिक संरक्षण की दरकार है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर सीधा निशाना साधते हुए उन्हें 'नारी विरोधी' करार दिया।
सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि भाजपा महिलाओं के हितों के विपरीत कार्य कर रही है और साथ ही समाजवादी पार्टी के खिलाफ झूठा दुष्प्रचार फैला रही है। गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में महिलाओं के खिलाफ अपराध के आंकड़े राष्ट्रीय औसत से ऊपर बने हुए हैं, जो इस आरोप को और अधिक प्रासंगिक बनाते हैं।
जातीय जनगणना से भाग रही BJP — अखिलेश
जातीय जनगणना के अहम मुद्दे पर अखिलेश यादव ने कहा कि सपा इसकी पुरज़ोर समर्थक है, किंतु भाजपा इस विषय से जान-बूझकर दूरी बना रही है। उनका तर्क था कि जातीय जनगणना संपन्न होने पर समाज के शोषित, वंचित और पिछड़े वर्गों को उनका उचित अधिकार और सम्मान प्राप्त हो सकेगा।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सरकार भीम राव अंबेडकर द्वारा संविधान में प्रदत्त आरक्षण के प्रावधानों को सही तरीके से लागू नहीं कर रही, जिससे देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था की जड़ें कमजोर हो रही हैं। यह बयान ऐसे समय आया है जब बिहार समेत कई राज्यों में जातीय जनगणना की मांग तेज हो रही है और कांग्रेस सहित विपक्षी दल इसे चुनावी मुद्दा बना रहे हैं।
पश्चिम बंगाल चुनाव पर BJP को ऐतिहासिक हार का दावा
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर पूछे गए सवाल पर अखिलेश यादव ने दावा किया कि भाजपा को इस बार ऐतिहासिक पराजय झेलनी पड़ेगी और ममता बनर्जी एक बार फिर भारी बहुमत के साथ सत्ता में वापसी करेंगी।
इटावा के विकास पर भेदभाव का आरोप
अखिलेश यादव ने इटावा के विकास को लेकर भी भाजपा सरकार पर भेदभावपूर्ण रवैये का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार इटावा के विकास को जानबूझकर अवरुद्ध कर रही है। यहां भू-माफियाओं द्वारा जमीनों पर कब्जे की घटनाएं बढ़ी हैं और नदियों व जंगलों को भी नुकसान पहुंचाया जा रहा है।
उन्होंने याद दिलाया कि सपा सरकार के कार्यकाल में इटावा में सड़कों, पुलों और आपातकालीन सेवाओं की पहुंच गांव-गांव तक सुनिश्चित की गई थी, जबकि एक समय यह क्षेत्र अत्यंत दुर्गम माना जाता था।
महंगाई-बेरोजगारी और धर्म का संदेश
महंगाई और बेरोजगारी के मुद्दे पर अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा की नीतियों के चलते आम जनता संकट में है और किसान सर्वाधिक परेशान हैं। इससे पूर्व वे चकरनगर स्थित श्री रामकृष्ण परम धाम में आयोजित 108 कुंडीय महायज्ञ एवं भागवत कथा में सम्मिलित हुए और आशीर्वाद लिया।
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि धर्म का मार्ग न्याय और खुशहाली का मार्ग है, जो किसी के साथ भेदभाव नहीं करता। आगामी दिनों में उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच सपा और भाजपा के बीच यह राजनीतिक संघर्ष और तीखा होने की संभावना है।