मुंबई: BMW चालक महिला ने ड्यूटी पर तैनात ट्रैफिक कांस्टेबल को कार से कुचलने की कोशिश की, जुहू पुलिस ने दर्ज किया मामला
सारांश
मुख्य बातें
मुंबई के जुहू इलाके में 30 अक्टूबर 2026 की रात एक ड्यूटी पर तैनात ट्रैफिक पुलिसकर्मी को कथित तौर पर BMW कार से कुचलने की कोशिश की गई। जुहू पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज होने के बाद महिला चालक को हिरासत में लिया गया है और भारतीय न्याय संहिता (BNS) तथा मोटर वाहन अधिनियम की कई धाराओं के तहत मामला कायम किया गया है।
घटनाक्रम: कैसे हुई पूरी वारदात
30 अक्टूबर 2026 की रात लगभग रात 8:15 से 8:30 बजे के बीच विले पार्ले (पश्चिम) स्थित संगीत महाभारती जंक्शन, प्रतीक्षा बंगले के सामने एन.एस. रोड नंबर 10 पर सांताक्रुज ट्रैफिक डिवीजन के पुलिस सिपाही प्रशांत गोकुल हाके यातायात नियंत्रण ड्यूटी पर तैनात थे। इसी बीच एक BMW कार और मारुति वैगनआर के बीच मामूली टक्कर हो गई, जिससे दोनों वाहन सड़क के बीचोंबीच खड़े होने से यातायात प्रभावित होने लगा।
सिपाही हाके ने दोनों वाहन चालकों को सड़क के किनारे गाड़ी लगाने का निर्देश दिया। पुलिस के अनुसार, BMW चालक महिला ने निर्देश मानने के बजाय पुलिसकर्मी के साथ बहस शुरू कर दी और कथित तौर पर उन्हें झूठे मामले में फंसाने की धमकी भी दी।
वर्दीधारी जवान को बचानी पड़ी अपनी जान
शिकायत के मुताबिक, वर्दीधारी पुलिसकर्मी प्रशांत हाके वाहन के ठीक सामने खड़े थे, इसके बावजूद महिला चालक ने BMW को उनकी दिशा में बढ़ा दिया। बार-बार वाहन रोकने की चेतावनी देने पर भी गाड़ी की रफ़्तार कम नहीं की गई, जिससे उन्हें अपनी जान बचाने के लिए तुरंत एक तरफ हटना पड़ा। इसके बाद आरोपी महिला कथित तौर पर तेज और लापरवाही से गाड़ी चलाते हुए जेवीपीडी जंक्शन की ओर मौके से फरार हो गई। घटना में मारुति वैगनआर को भी क्षति पहुँची।
कानूनी कार्रवाई: कौन-सी धाराएँ लगाई गईं
सिपाही प्रशांत गोकुल हाके की लिखित शिकायत के आधार पर जुहू पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया। महिला आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 132, 125, 351(2) तथा मोटर वाहन अधिनियम की धारा 184 के तहत प्रकरण कायम किया गया है। BNS की धारा 132 लोक सेवक के कार्य में बाधा डालने, धारा 125 लापरवाही से वाहन चलाकर जीवन को खतरे में डालने तथा धारा 351(2) आपराधिक धमकी से संबंधित है।
पुलिस ने पुष्टि की है कि महिला चालक को हिरासत में लिया गया है और आगे की विस्तृत जाँच जारी है।
व्यापक संदर्भ: ट्रैफिक पुलिस पर हमले की बढ़ती घटनाएँ
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब देशभर में ड्यूटी पर तैनात यातायात पुलिसकर्मियों के साथ दुर्व्यवहार और उन पर वाहन चढ़ाने की कोशिशों की घटनाएँ चर्चा में रही हैं। गौरतलब है कि मुंबई जैसे महानगरों में प्रीमियम वाहन चालकों द्वारा कानून प्रवर्तन अधिकारियों को नज़रअंदाज़ करने की घटनाएँ पहले भी रिपोर्ट हो चुकी हैं। आलोचकों का कहना है कि ऐसे मामलों में त्वरित और कड़ी कार्रवाई ज़रूरी है ताकि पुलिसकर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
आगे क्या होगा
जुहू पुलिस मामले की आगे जाँच कर रही है। आरोपों की गंभीरता को देखते हुए अदालत में आरोप-पत्र दाखिल किया जाना अपेक्षित है। पुलिस विभाग की ओर से सिपाही प्रशांत हाके के बयान के आधार पर घटनास्थल का पंचनामा और संभावित सीसीटीवी फुटेज संकलित किए जाने की संभावना है।