क्या नवी मुंबई की लॉज में चल रहा था देह व्यापार?
सारांश
Key Takeaways
- नवी मुंबई में अवैध देह व्यापार का भंडाफोड़ हुआ।
- सात महिलाओं को मुक्त कराया गया।
- तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
- मुख्य आरोपी अभी भी फरार है।
- पुलिस की जांच जारी है।
नवी मुंबई, 6 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। अनैतिक मानव तस्करी विरोधी विभाग की टीम ने नवी मुंबई के तुर्भे नाका क्षेत्र में स्थित एक लॉज में चल रहे अवैध देह व्यापार के रैकेट का खुलासा किया है। इस कार्रवाई में टीम ने सात महिलाओं को आज़ाद कराया है।
इस अभियान की सूचना एक मुखबिर से मिली थी, जिसके बाद पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मुख्य आरोपी अभी भी फरार है, जिसकी खोज के लिए पुलिस ने विशेष टीम गठित की है।
अनैतिक मानव तस्करी विभाग के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक पृथ्वीराज घोरपड़े ने बताया कि तुर्भे नाका स्थित एक लॉज में ग्राहकों से भारी रकम वसूलकर महिलाओं से देह व्यापार कराया जा रहा था। पुलिस ने इसकी पुष्टि के लिए योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई की। पुलिस ने एक नकली ग्राहक को लॉज में भेजा और जैसे ही अवैध गतिविधि की पुष्टि हुई, टीम ने तुरंत छापा मार दिया।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने लॉज के कमरों में सात महिलाएं पाई, जिन्हें देह व्यापार के लिए रखा गया था। मौके से लॉज के मैनेजर अजय कैलास गोस्वामी, महिला सप्लायर किशोर पूर्णचंद्र साहु और वेटर अजय कुमार को गिरफ्तार किया गया। वहीं लॉज का संचालक करणाकर शेट्टी छापे के समय फरार था, जिसे वांछित आरोपी घोषित किया गया है।
पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपी आपस में मिलीभगत कर महिलाओं को लॉज में ठहराते थे और ग्राहकों को दिखाकर उनकी पसंद के अनुसार सौदा तय किया जाता था। देह व्यापार से प्राप्त राशि को आपस में बांटा जाता था। पुलिस ने नकली ग्राहक से ली गई रकम भी जब्त की है, जिसे महत्वपूर्ण सबूत माना जा रहा है।
इस मामले में आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 और अनैतिक व्यापार (निवारण) अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। गिरफ्तार तीनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें दो दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। तुर्भे पुलिस आगे की जांच कर रही है और फरार आरोपी की खोज जारी है।