एनसीआर में 7 दिनों तक बादलों का डेरा, 4–5 मई को तेज बारिश और आंधी की चेतावनी
सारांश
Key Takeaways
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में 1 मई की रात अचानक मौसम बदलने के बाद मौसम विभाग ने अगले 7 दिनों के लिए बादलों की आवाजाही का पूर्वानुमान जारी किया है, जिससे भीषण गर्मी से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है। विभाग के अनुसार, 4 और 5 मई को तेज बारिश और तूफानी हवाओं की संभावना सबसे अधिक है, और लोगों को इन दोनों दिनों विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
सात दिनों का विस्तृत मौसम पूर्वानुमान
1 मई को न्यूनतम तापमान 25 डिग्री और अधिकतम 34 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया; आसमान मुख्यतः साफ रहा। 2 मई को तापमान 24 से 35 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है और मौसम साफ रहेगा। 3 मई को अधिकतम तापमान बढ़कर 36 डिग्री तक पहुँच सकता है, जबकि न्यूनतम 25 डिग्री रहेगा — इस दिन भी आसमान साफ रहने की संभावना है।
मौसम में असली बदलाव 4 मई से शुरू होगा, जब न्यूनतम तापमान 25 डिग्री और अधिकतम 37 डिग्री रहने का अनुमान है। विभाग के अनुसार इस दिन आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे और एक या दो बार गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। 5 मई को भी तापमान 25 से 36 डिग्री के बीच रहेगा और तेज बारिश व हवाओं की संभावना जताई गई है।
6 मई तक बना रहेगा मिश्रित मौसम
6 मई को न्यूनतम तापमान 24 डिग्री और अधिकतम 37 डिग्री रहने का अनुमान है। इस दिन बादल छाए रहेंगे और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना बनी रहेगी। यह ऐसे समय में आया है जब मई के पहले सप्ताह में एनसीआर में तापमान सामान्य से अधिक बना हुआ था और लू की स्थितियाँ भी बन रही थीं।
विशेषज्ञों की राय और जनता को सलाह
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि इस बदलाव से गर्मी में अस्थायी राहत तो मिलेगी, लेकिन बीच-बीच में उमस भी बढ़ सकती है। विशेषज्ञों ने स्पष्ट किया कि यह राहत स्थायी नहीं है और मानसून-पूर्व इस तरह की गतिविधियाँ सामान्य हैं। लोगों को सलाह दी गई है कि वे 4 और 5 मई को संभावित तेज हवाओं और बारिश के दौरान अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें।
आम जनता पर असर
एनसीआर के निवासियों के लिए आने वाला सप्ताह मिश्रित मौसम का रहेगा — साफ आसमान, बादल, बारिश और तेज हवाएँ, सभी का अनुभव क्रमशः होगा। गौरतलब है कि अप्रैल के अंत में एनसीआर में तापमान 40 डिग्री के करीब पहुँच गया था, इसलिए यह बदलाव राहत भरा है। हालाँकि, तेज हवाओं के कारण पेड़-पौधों और बिजली के खंभों को नुकसान पहुँचने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
मौसम विभाग की अगली अपडेट पर नज़र बनाए रखना और स्थानीय प्रशासन के दिशानिर्देशों का पालन करना इस सप्ताह विशेष रूप से ज़रूरी होगा।