क्या नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे पर चेकिंग अभियान में पुलिसकर्मी ड्यूटी से नदारद थे?
सारांश
मुख्य बातें
नोएडा, 3 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। शरद ऋतु के आगमन के मद्देनजर, गौतमबुद्धनगर की पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह ने कानून व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने के लिए सभी अधिकारियों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने और कमिश्नरेट क्षेत्र में सुरक्षा की निगरानी करने के निर्देश दिए हैं। विशेष रूप से सीमावर्ती क्षेत्रों और प्रमुख बॉर्डर प्वाइंट्स पर पुलिस की उपस्थिति बढ़ाने के लिए पीआरवी वाहनों की तैनाती को सुदृढ़ किया गया है, ताकि जनता में सुरक्षा की भावना को और प्रबल किया जा सके।
इसी अनुक्रम में, पुलिस कमिश्नर ने मंगलवार की रात को नोएडा–ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेस-वे पर स्वयं पीआरवी वाहनों की रैंडम चेकिंग कराई। रात 8 बजे की गई पहली चेकिंग में कुल 4 पीआरवी वाहनों में से केवल 1 वाहन ही अपनी निर्धारित लोकेशन पर पाया गया, जबकि 3 वाहन ड्यूटी से अनुपस्थित पाए गए। यह स्थिति गंभीर लापरवाही को दर्शाती है, जिसके बाद पुलिस कमिश्नर ने तुरंत कड़े कदम उठाने के निर्देश दिए।
इसके बाद रात 10 बजे उसी मार्ग पर दोबारा रैंडम चेकिंग कराई गई। इस बार 2 पीआरवी वाहन अपनी लोकेशन पर मिले, जबकि शेष 2 वाहन फिर से गैरहाजिर पाए गए।
लगातार दो निरीक्षणों में मिली इस लापरवाही के परिणामस्वरूप पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने अनुपस्थित सभी पुलिसकर्मियों को तुरंत निलंबित कर दिया। साथ ही, संबंधित होमगार्ड चालकों के खिलाफ कार्रवाई के लिए होमगार्ड विभाग को रिपोर्ट भेजी गई है।
निलंबित पुलिसकर्मियों में पीआरवी 1861 (नॉलेज पार्क क्षेत्र, रात 8 बजे): उपनिरीक्षक रतन सिंह, मुंशी छोटेलाल सिंह, पीआरवी 2406 (सेक्टर-142 मेट्रो स्टेशन, रात 8 बजे): मुंशी अखलीम अली, चालक सुमित कुमार, पीआरवी 1844 (सेक्टर-82 कट, रात 8 बजे): आरक्षी रविन्द्र कुमार, चालक नवीन्द्र सिंह (होमगार्ड), पीआरवी 2406 (नालगढ़ा अंडरपास, रात 10 बजे): आरक्षी राजू कुमार, आरक्षी चालक प्रशांत बालियान और पीआरवी 1861 (यमुना एक्सप्रेस-वे कट, रात 10 बजे): आरक्षी कृष्णवीर, और आरक्षी चालक गौरव चौधरी शामिल हैं।
इसके अतिरिक्त, पर्यवेक्षण में शिथिलता पाए जाने पर डायल-112 के प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार पांडे को भी लाइन हाजिर कर दिया गया है।