क्या यूपी टूरिज्म होम स्टे और ब्रेड एंड ब्रेकफास्ट योजना के लिए जागरूकता अभियान चला रहा है?
सारांश
Key Takeaways
- यूपी टूरिज्म का जागरूकता अभियान
- 14 से 30 जनवरी के बीच आयोजित
- स्थानीय निवासियों के लिए रोजगार के अवसर
- पर्यटकों के लिए सस्ती सुविधाएं
- संस्कृति के संरक्षण में मदद
लखनऊ, 10 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश में पर्यटन सुविधाओं का विस्तार करने की दिशा में, यूपी टूरिज्म द्वारा होम स्टे और ब्रेड एंड ब्रेकफास्ट योजना पर एक व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। यह अभियान 14 से 30 जनवरी तक प्रदेश के सभी प्रमुख पर्यटन स्थलों पर लागू होगा, जिसमें इस योजना के अंतर्गत लंबित प्रस्तावों का परीक्षण कर योग्य आवेदकों को तात्कालिक रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट प्रदान किया जाएगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सोच के अनुरूप, यह अभियान स्थानीय निवासियों को रोजगार के नए अवसर प्रदान करने के साथ-साथ पर्यटन सुविधाओं के विकास को बढ़ावा देने के लिए शुरू किया जा रहा है।
इस अभियान के दौरान, जिलों की पर्यटन विभाग की टीमें स्थानीय लोगों को योजना के लाभों के बारे में जागरूक करेंगी और योग्य आवेदकों को रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट प्रदान करेंगी। विभाग ने इस अभियान के लिए प्रति जनपद 2 लाख रुपए का बजट निर्धारित किया है, जो जागरूकता कार्यक्रमों और प्रचार-प्रसार सामग्री पर व्यय किया जाएगा। यह अभियान राज्य के पर्यटन इकोसिस्टम को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा, और विशेष रूप से उन स्थानीय निवासियों के लिए लाभकारी साबित होगा जो जानकारी के अभाव में योजना से जुड़ नहीं पा रहे हैं।
यूपी टूरिज्म की होम स्टे और ब्रेड एंड ब्रेकफास्ट योजना-2025, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दृष्टिकोण के अनुसार पर्यटकों को बेहतर और सस्ती सुविधाएं प्रदान करने के साथ-साथ स्थानीय निवासियों को रोजगार के अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से शुरू की गई है। यह योजना स्थानीय निवासियों को अपने घरों को होम स्टे में परिवर्तित करने और पर्यटकों को घरेलू भोजन, स्थानीय संस्कृति और व्यक्तिगत देखभाल की सुविधा उपलब्ध कराने में मदद करती है।
इससे पर्यटकों को एक अनूठा सांस्कृतिक अनुभव प्राप्त होता है जबकि स्थानीय परिवारों को अतिरिक्त आय का स्रोत उपलब्ध होता है। योजना विशेष रूप से मथुरा, वाराणसी, लखनऊ, प्रयागराज और अयोध्या जैसे पर्यटन संभावनाओं वाले जनपदों पर केंद्रित है। इसके अलावा, प्रयागराज में महाकुंभ, अयोध्या दीपोत्सव और मथुरा रंगोत्सव जैसे आयोजनों के समय यह योजना विशेष रूप से लाभकारी साबित होती है।