क्या 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान एनसीसी कैडेट्स की भागीदारी प्रशंसनीय है?
सारांश
Key Takeaways
- ऑपरेशन सिंदूर में एनसीसी कैडेट्स की भागीदारी सराहनीय है।
- कैडेट्स को राष्ट्रवाद और आत्म-विकास के लिए प्रेरित किया गया।
- एनसीसी एक महत्वपूर्ण वर्दीधारी संगठन है जिसमें 20 लाख से अधिक कैडेट्स हैं।
नई दिल्ली, 8 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान एनसीसी कैडेट्स की सक्रिय भागीदारी की सराहना की है। उन्होंने विभिन्न सरकारी पहलों के प्रचार-प्रसार में भी एनसीसी कैडेट्स के योगदान की प्रशंसा की। एयर चीफ ने कैडेट्स से वर्दी से आगे बढ़कर राष्ट्रवाद को अपनाने, निरंतर आत्म-विकास करने और जीवन में कभी हार न मानने का आह्वान किया।
वास्तव में, वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने गुरुवार को दिल्ली कैंट स्थित राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) गणतंत्र दिवस शिविर (आरडीसी) का दौरा किया। इस अवसर पर उन्होंने सेना, नौसेना और वायुसेना तीनों विंग्स के एनसीसी कैडेट्स द्वारा प्रस्तुत गार्ड ऑफ ऑनर की समीक्षा की। इसके बाद राजस्थान के पिलानी स्थित बिरला बालिका विद्यापीठ की छात्राओं द्वारा एक आकर्षक बैंड प्रदर्शन प्रस्तुत किया गया।
एयर चीफ मार्शल ने देश के 17 एनसीसी निदेशालयों के कैडेट्स द्वारा विभिन्न सामाजिक जागरूकता विषयों पर तैयार किए गए फ्लैग एरिया का निरीक्षण किया और इसके बाद एनसीसी हॉल ऑफ फेम का भ्रमण किया।
वायुसेना प्रमुख ने कैडेट्स को संबोधित करते हुए भारत के युवाओं पर पूर्ण विश्वास व्यक्त किया और राष्ट्र निर्माण में एनसीसी की महत्वपूर्ण भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा कि एनसीसी देशभर में अपनी व्यापक उपस्थिति के साथ विश्व का सबसे बड़ा वर्दीधारी संगठन है, जिसमें 20 लाख से अधिक कैडेट्स हैं और इनमें 40 प्रतिशत बालिका कैडेट्स शामिल हैं।
उन्होंने एनसीसी गणतंत्र दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए आरडीसी 2026 में अपने-अपने निदेशालयों का प्रतिनिधित्व करने वाले कैडेट्स को बधाई दी। इस अवसर पर एनसीसी कैडेट्स ने समूह गीत और समूह नृत्य के माध्यम से भारत की समृद्ध एवं विविध सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित किया। कैडेट्स ने यहां एक मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया। एयर चीफ मार्शल सहित उपस्थित गणमान्य अतिथियों ने कार्यक्रम की सराहना की।