पंजाब कानून-व्यवस्था पर पवन खेड़ा का दोहरा हमला: मान सरकार और केंद्र दोनों घेरे, बोले- जनता ठगा हुआ महसूस कर रही
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस सांसद पवन खेड़ा ने 18 अक्टूबर 2026 को जालंधर में पंजाब की कानून-व्यवस्था और ड्रग्स की स्थिति को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) की मान सरकार और केंद्र सरकार दोनों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि प्रदेश में हाल में हुई एक दुखद घटना ने पंजाब के असली हालात उजागर कर दिए हैं और जनता खुद को ठगा हुआ महसूस कर रही है।
मान सरकार पर सीधा निशाना
खेड़ा ने पंजाब में घटित हालिया घटना का हवाला देते हुए कहा, 'यह बहुत दुखद घटना है। यह घटना पंजाब की असली स्थिति, ड्रग्स और कानून-व्यवस्था के संबंध में असली स्थिति को उजागर करती है।' उन्होंने आगे कहा, 'जब कोई बड़े-बड़े वादे करके सत्ता में आता है और फिर लोगों को धोखा देता है, तो जनता इसे बर्दाश्त नहीं करेगी।' उनके अनुसार, प्रदेश में लोगों के मन में गहरा गुस्सा पनप रहा है और यह आक्रोश आगामी चुनाव में निर्णायक भूमिका निभा सकता है।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर सवाल
गृह मंत्री अमित शाह के पंजाब दौरे को लेकर पवन खेड़ा ने केंद्र पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा, '50 किलोमीटर का सीमा क्षेत्र किसके नियंत्रण में है? वह उनके नियंत्रण में है। तो फिर लापरवाही क्यों हुई? उसकी जिम्मेदारी लीजिए!' खेड़ा ने मुंद्रा पोर्ट के ज़रिए ड्रग्स तस्करी का मुद्दा भी उठाया और कहा कि डबल या ट्रिपल-इंजन सरकार का दावा करने वाले यह स्पष्ट करें कि ड्रग्स की आवक क्यों नहीं रुकी। यह ऐसे समय में आया है जब अमित शाह की पंजाब यात्रा को भाजपा एक राजनीतिक संदेश के रूप में प्रस्तुत कर रही थी।
परगट सिंह की नियुक्ति और कांग्रेस की रणनीति
परगट सिंह को पंजाब कांग्रेस का नया प्रधान नियुक्त किए जाने पर खेड़ा ने उत्साह जताया। उन्होंने कहा कि परगट सिंह एक पूर्व खिलाड़ी हैं, जिनमें सभी को साथ लेकर चलने की क्षमता है। गौरतलब है कि सचिन पायलट ने नए प्रभारी के रूप में कार्यभार संभाला है और वे उसी दिन पंजाब में थे। खेड़ा ने बताया कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी का स्पष्ट निर्देश है कि घोषणापत्र घर में बैठकर नहीं, बल्कि जनता से सीधे संवाद करके तैयार किया जाए। उन्होंने कहा, 'पंजाब की जनता एजेंडा बनाएगी, कांग्रेस पार्टी नहीं।'
दुष्यंत गौतम की नियुक्ति पर प्रहार
दुष्यंत गौतम को सिक्किम का राज्यपाल नियुक्त किए जाने पर भी खेड़ा ने केंद्र सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि इस तरह के फैसले तब लिए जाते हैं जब सरकार को लगता है कि वह किसी भी तरह चुनाव जीत सकती है। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे निर्णयों के कारण देश में लोग सड़कों पर उतरने को मजबूर हो रहे हैं। हालाँकि ये आरोप कांग्रेस के राजनीतिक बयान हैं और इनकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
आगे क्या होगा
सचिन पायलट का पंजाब दौरा और परगट सिंह की नई भूमिका कांग्रेस की अगली चुनावी रणनीति की दिशा तय करेगी। पार्टी जनसंपर्क अभियान के ज़रिए ड्रग्स, कानून-व्यवस्था और बेरोज़गारी जैसे मुद्दों को केंद्र में रखने की तैयारी में है। आलोचकों का कहना है कि विपक्षी एकजुटता और ज़मीनी संगठन की परीक्षा आने वाले महीनों में ही होगी।