'पोइला बोइशाख' पर पीएम मोदी की पश्चिम बंगाल के नागरिकों से अपील, 'विकसित राज्य' के लिए लें संकल्प
सारांश
Key Takeaways
- पीएम मोदी ने पश्चिम बंगाल के लोगों को पोइला बोइशाख पर शुभकामनाएं दीं।
- उन्होंने तृणमूल कांग्रेस सरकार की आलोचना की।
- राज्य के विकास के लिए भाजपा को समर्थन देने की अपील की।
- पश्चिम बंगाल की सांस्कृतिक विरासत का उल्लेख किया।
- राज्य के भविष्य को आगामी विधानसभा चुनाव से जोड़ा।
नई दिल्ली, 15 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को 'पोइला बोइशाख' के मौके पर पश्चिम बंगाल के निवासियों को एक पत्र भेजकर शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कांग्रेस सरकार की आलोचना की।
पत्र में प्रधानमंत्री ने यह आरोप लगाया कि पिछले 15 वर्षों में पश्चिम बंगाल में कुशासन, अराजकता और भ्रष्टाचार का माहौल बना रहा है, जिससे आम जनता के बुनियादी अधिकारों, सम्मान और राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान स्थिति में माताओं-बहनों की सुरक्षा, युवाओं के रोजगार के अवसर और गरीबों के अधिकारों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है।
प्रधानमंत्री ने पश्चिम बंगाल के गौरवशाली अतीत का जिक्र करते हुए कहा कि यह राज्य कभी पूरे देश को नई दिशा दिखाने वाला था। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे एकजुट होकर विकसित पश्चिम बंगाल के निर्माण का संकल्प लें।
उन्होंने कहा, "आइए हम सब मिलकर एक ऐसा पश्चिम बंगाल बनाएं, जहां कोई गरीब भूखा न सोए, हर किसी को भोजन मिले, महिलाएं सुरक्षित रहें और बिना डर के बाहर निकल सकें, और युवाओं को रोजगार के लिए राज्य छोड़कर न जाना पड़े।"
प्रधानमंत्री ने राज्य के भविष्य को आगामी विधानसभा चुनाव से जोड़ते हुए कहा कि यदि राज्य में भाजपा की सरकार बनती है, तो पश्चिम बंगाल विकास के रास्ते पर फिर से आगे बढ़ेगा। उन्होंने विश्वास जताया कि भाजपा सरकार बनने के बाद राज्य देश के साथ कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ेगा और एक विकसित राज्य के रूप में अपनी पहचान पुनः प्राप्त करेगा।
उन्होंने चुनाव को एक निर्णायक मोड़ बताते हुए मतदाताओं से सही निर्णय लेने की अपील की। पीएम मोदी ने इसे सच और झूठ की लड़ाई करार दिया और लोगों से लोकतंत्र के इस महापर्व में बढ़-चढ़कर भाग लेने का आग्रह किया। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि पश्चिम बंगाल के लोग भाजपा का समर्थन करेंगे और पार्टी को ऐतिहासिक जीत दिलाएंगे।
ज्ञात हो कि पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव 23 और 29 अप्रैल को दो चरणों में होंगे, जबकि मतगणना 4 मई को निर्धारित है। 2021 के विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस ने 213 सीटों के साथ जीत हासिल की थी, जबकि भाजपा को 77 सीटें मिली थीं। कांग्रेस और वाम दल अपना खाता भी नहीं खोल पाए थे।