पीएम मोदी का जादवपुर में बड़ा वादा- 'तप बेकार नहीं जाएगा', TMC पर जोरदार हमला
सारांश
मुख्य बातें
जादवपुर (पश्चिम बंगाल), 24 अप्रैल — प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के जादवपुर में आयोजित विशाल जनसभा में दावा किया कि बंगाल का हर तबका — व्यापारी, मजदूर, शिक्षक, डॉक्टर — भाजपा के समर्थन में एकजुट हो चुका है। उन्होंने तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर पिछले 15 वर्षों में राज्य को लूटने का गंभीर आरोप लगाया और जनता को भरोसा दिलाया कि उनका संघर्ष व्यर्थ नहीं जाएगा।
जनता से पीएम मोदी का भावनात्मक वादा
प्रधानमंत्री मोदी ने सभा में कहा, "मैं विश्वास दिलाता हूं कि जो लोग धूप में तप कर रहे हैं, मैं उनका तप बेकार नहीं जाने दूंगा। इस क्षेत्र का विकास करके मैं आपके इस तप को ब्याज समेत लौटाऊंगा।" यह बयान उन मतदाताओं के लिए था जो कड़ी धूप में घंटों कतार में खड़े रहकर मतदान करते हैं।
पहले चरण के मतदान को लेकर उन्होंने कहा कि देश की आजादी के बाद ऐसा जन-समर्थन पहले कभी नहीं देखा गया। उन्होंने दावा किया कि टैक्सी चालकों से लेकर रिक्शा चालकों, नाविकों से लेकर सरकारी कर्मचारियों और पुलिसकर्मियों तक — सभी खुलकर भाजपा के साथ खड़े हैं।
TMC पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप
पीएम मोदी ने तृणमूल कांग्रेस पर तीखा प्रहार करते हुए कहा, "पिछले 15 सालों में TMC ने बंगाल को केवल लूटने का काम किया है। ऐसा कोई क्षेत्र नहीं जहां TMC का भ्रष्टाचार न हो।" उन्होंने भर्ती घोटाला, चिटफंड घोटाला, कोयला खनन घोटाला, बालू खनन घोटाला, गरीबों के राशन की लूट, तस्करों को संरक्षण और कटमनी-कमीशन संस्कृति का उल्लेख करते हुए कहा कि बंगाल की जनता इसे अब बर्दाश्त नहीं करेगी।
गौरतलब है कि शिक्षक भर्ती घोटाले में कलकत्ता हाईकोर्ट और बाद में सुप्रीम कोर्ट ने हजारों नियुक्तियां रद्द की थीं, जिससे राज्य में TMC सरकार की साख को गहरा धक्का लगा था। चिटफंड घोटाले में लाखों गरीब निवेशकों की जमापूंजी डूबी थी — ये दोनों मामले अभी भी अदालतों में विचाराधीन हैं।
महिला आरक्षण पर TMC को घेरा
महिला आरक्षण विधेयक के मुद्दे पर पीएम मोदी ने कहा कि "भाजपा का मानना है कि बेटी सशक्त होगी तो समाज सशक्त होगा," लेकिन TMC और उसके सहयोगियों ने संसद में महिला आरक्षण का विरोध किया। उन्होंने कहा कि भाजपा चाहती है कि राजनीति में बेटियों की भागीदारी बढ़े, जबकि TMC इसके विरुद्ध खड़ी है।
जादवपुर विश्वविद्यालय की दुर्दशा पर चिंता
जादवपुर विश्वविद्यालय का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इस संस्थान की नींव राष्ट्रवाद पर रखी गई थी और एक समय इसका नाम पूरी दुनिया में सम्मान से लिया जाता था। लेकिन आज कैंपस में देशविरोधी नारे लिखे जा रहे हैं, छात्रों को धमकियां मिल रही हैं और वे पढ़ाई की बजाय सड़कों पर उतरने को मजबूर हैं।
उन्होंने तंज कसते हुए कहा, "जो सरकार अपने राज्य के सबसे बड़े शिक्षण संस्थान को नहीं बचा सकती, वो बंगाल के नौजवानों का भविष्य क्या बचाएगी?"
कमल छाप को बताया बदलाव का प्रतीक
अपने संबोधन के अंत में पीएम मोदी ने कहा कि कमल छाप पर दिया गया हर वोट दवाई, सिंचाई और सुनवाई की गारंटी है। उन्होंने वादा किया कि भाजपा की सरकार बंगाल को फिर से भारत का नंबर-1 राज्य बनाएगी और डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के सपनों को साकार करेगी।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार जादवपुर सीट परंपरागत रूप से वामपंथी और बाद में TMC का गढ़ रही है। यहां भाजपा की बढ़ती सक्रियता इस बात का संकेत है कि पार्टी शहरी और शिक्षित मतदाताओं को साधने की रणनीति पर काम कर रही है। आने वाले चरणों में बंगाल में मतदान की प्रवृत्ति यह तय करेगी कि मोदी का यह आत्मविश्वास कितना जमीनी है।