क्या पीएम मोदी का स्वागत करने के लिए सोमनाथ में तैयारियां पूरी हैं?
सारांश
Key Takeaways
- सोमनाथ में पीएम मोदी का स्वागत समारोह भव्य होगा।
- संस्कृति और परंपराओं का प्रदर्शन किया जाएगा।
- प्रधानमंत्री का ओंकार मंत्र का जाप और ड्रोन शो होगा।
- शौर्य यात्रा का आयोजन योद्धाओं को श्रद्धांजलि देने के लिए किया जाएगा।
- यह आयोजन एकता और गर्व का प्रतीक है।
सोमनाथ, 10 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। गुजरात के सोमनाथ की जनता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का स्वागत करने के लिए अपनी सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। पीएम मोदी शनिवार को 'सोमनाथ स्वाभिमान पर्व' के अवसर पर सोमनाथ मंदिर के कार्यक्रम में भाग लेने के लिए आएंगे।
सोमनाथ मंदिर पर भव्य आयोजन के साथ-साथ प्रधानमंत्री मोदी के स्वागत के लिए विभिन्न स्थानों से कलाकार सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के लिए जुटे हैं। कर्नाटक की एक कलाकार ने कहा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने परफॉर्म करना हमारी खुशकिस्मती है। हमारी टीम और हमारी संस्कृति को दिखाने का मौका मिल रहा है, और हमें इस अवसर पर गर्व है।"
भरतनाट्यम के लिए आई कलाकारों ने कहा, "यहां हमें कई स्टेज मिले हैं। हम अपनी कला का प्रदर्शन कर रहे हैं, जो बहुत बढ़िया है। यहां का माहौल भी बहुत अच्छा है। हम भरतनाट्यम कर रहे हैं। हमारे पास एक कच्छी लोक ग्रुप भी है। हम लंबे समय से यह नृत्य कर रहे हैं, और यहां आकर हमें बहुत अच्छा लग रहा है।"
एक अन्य कलाकार ने कहा, "हम सभी कलाकारों के साथ भरतनाट्यम और कच्छी लोक नृत्य करने के लिए सोमनाथ आए हैं, जो हमारी पारंपरिक कला का हिस्सा हैं।"
इस अवसर पर भाजपा विधायक भगवानभाई बराड़ ने कहा कि हम सब यहां प्रधानमंत्री मोदी का स्वागत करने के लिए एकजुट हुए हैं। यहां का माहौल किसी धार्मिक त्योहार जैसा है। आज हम एक हजार साल के इतिहास की गाथा के रूप में 'सोमनाथ स्वाभिमान पर्व' मना रहे हैं।
यह भी जान लें कि प्रधानमंत्री मोदी 10-11 जनवरी को सोमनाथ की यात्रा पर रहेंगे। वे शनिवार शाम को लगभग 8 बजे ओंकार मंत्र का जाप करेंगे और उसके बाद सोमनाथ मंदिर में ड्रोन शो का अवलोकन करेंगे।
प्रधानमंत्री 11 जनवरी को सुबह लगभग 9:45 बजे शौर्य यात्रा में भाग लेंगे। यह एक औपचारिक शोभा यात्रा है जो सोमनाथ मंदिर की रक्षा करते हुए प्राणों की आहुति देने वाले अनगिनत योद्धाओं को श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए आयोजित की जाती है। शौर्य यात्रा में 108 घोड़ों का प्रतीकात्मक जुलूस निकलेगा, जो वीरता और बलिदान का प्रतीक होगा। इसके बाद, लगभग 10:15 बजे प्रधानमंत्री सोमनाथ मंदिर में दर्शन और पूजा अर्चना करेंगे। प्रधानमंत्री लगभग 11 बजे सोमनाथ में एक सार्वजनिक कार्यक्रम में भाग लेंगे और एक जनसभा को संबोधित भी करेंगे।