PM मोदी का सूरत-दमन दौरा: ₹21,770 करोड़ की परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुरुवार को गुजरात के सूरत और केंद्र शासित प्रदेश दमन का दौरा करेंगे, जहाँ वे कुल लगभग ₹21,770 करोड़ की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन, राष्ट्र को समर्पण और आधारशिला रखेंगे। सूरत में ₹18,800 करोड़ और दमन में ₹2,970 करोड़ की परियोजनाएँ शामिल हैं, जो सड़क, स्वास्थ्य, बिजली, औद्योगिक विकास और हवाई संपर्क के क्षेत्रों को कवर करेंगी।
सूरत में दिनभर का कार्यक्रम
प्रधानमंत्री दोपहर 2:30 बजे सूरत जिले के हजीरा पहुँचेंगे, जहाँ वे चल रहे औद्योगिक कार्यों और बुनियादी ढाँचा परियोजनाओं की समीक्षा करेंगे। शाम 4:15 बजे वे सूरत में जनसभा को संबोधित करेंगे और ₹18,800 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित करेंगे।
एक्सप्रेसवे और हाईवे परियोजनाएँ
मोदी वडोदरा-मुंबई 8-लेन एक्सेस नियंत्रित एक्सप्रेसवे के पैकेज VI और VII को राष्ट्र को समर्पित करेंगे, जिससे गुजरात और महाराष्ट्र के बीच हाई-स्पीड परिवहन, लॉजिस्टिक्स और आर्थिक कनेक्टिविटी मजबूत होगी। इसके अतिरिक्त, एनएच-56 के महत्वपूर्ण खंडों को चार लेन बनाने की आधारशिला रखी जाएगी, जो आदिवासी क्षेत्रों में सड़क कनेक्टिविटी बढ़ाएगी और 'स्टैच्यू ऑफ यूनिटी' तक पहुँच को आसान बनाएगी।
स्वास्थ्य और औद्योगिक परियोजनाएँ
सूरत में 200 बिस्तरों वाले ईएसआईसी अस्पताल का उद्घाटन किया जाएगा, जो आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएँ, 24 घंटे इमरजेंसी और ट्रॉमा केयर उपलब्ध कराएगा। बिजली ट्रांसमिशन नेटवर्क विस्तार, वलसाड में सुधार-आधारित बिजली वितरण योजना, दहेज पीसीपीआईआर और जंबूसर बल्क ड्रग पार्क जैसी कई औद्योगिक एवं उपयोगिता परियोजनाओं का भी उद्घाटन व शिलान्यास होगा।
दमन में 'नमो' टर्मिनल और अस्पताल
सूरत कार्यक्रम के बाद प्रधानमंत्री दमन रवाना होंगे और शाम 6:15 बजे 'नमो' हवाई अड्डे के नए टर्मिनल भवन का उद्घाटन करेंगे। इसके तुरंत बाद 'नमो' अस्पताल को राष्ट्र को समर्पित किया जाएगा। दमन में लगभग ₹1,340 करोड़ की परियोजनाएँ राष्ट्र को समर्पित होंगी, जबकि शाम 7:15 बजे मोदी ₹1,630 करोड़ की नई परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे — जिनमें आइकॉनिक ब्रिज, दमन कन्वेंशन सेंटर और निफ्ट कैंपस शामिल हैं।
लक्षद्वीप के लिए बंदरगाह परियोजनाएँ
प्रधानमंत्री लक्षद्वीप केंद्र शासित प्रदेश के लिए ₹885 करोड़ की चार महत्वपूर्ण बंदरगाह परियोजनाओं की भी आधारशिला रखेंगे। कल्पेनी और कदमत द्वीपों पर बनने वाली बहुउद्देशीय जेटियों से बड़े क्रूज जहाजों और यात्री जहाजों की बर्थिंग आसान होगी, जिससे पर्यटन, मछली पालन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा।
क्षेत्रीय विकास पर ज़ोर
यह दौरा विशेषकर आदिवासी क्षेत्रों, पोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर और स्वास्थ्य सेवाओं पर केंद्रित है। गौरतलब है कि गुजरात मोदी का गृह राज्य है और हाल के वर्षों में राज्य में बुनियादी ढाँचा परियोजनाओं की निरंतर शृंखला देखी गई है। यह दौरा गुजरात और दादरा-नगर हवेली-दमन-दीव के विकास को नई गति देने वाला माना जा रहा है।