प्रतीक यादव का निधन: अखिलेश पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे, 6 डॉक्टरों की टीम करेगी जांच
सारांश
मुख्य बातें
समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के छोटे भाई और दिवंगत पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव के पुत्र प्रतीक यादव का बुधवार, 13 मई को संदिग्ध परिस्थितियों में निधन हो गया। सूचना मिलते ही अखिलेश यादव पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे और भाई के निधन को "अत्यंत दुखद" बताया।
मुख्य घटनाक्रम
प्रतीक यादव, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव के पति थे। उनके निधन की परिस्थितियाँ अभी स्पष्ट नहीं हैं। उनके एक मित्र ने बताया कि "इन अफवाहों पर ध्यान न दें कि घर पर कुछ हुआ था — उनकी बस तबीयत खराब हुई थी और अचानक मौत हुई। पहले, जिम जाते थे। उन्हें कोई गंभीर बीमारी नहीं थी।"
पोस्टमार्टम के लिए 6 डॉक्टरों की टीम
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए प्रशासन ने पोस्टमार्टम के लिए बड़ी चिकित्सा टीम गठित की है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) ने चार डॉक्टरों की एक टीम बनाई है, जबकि किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) ने दो विशेषज्ञ डॉक्टरों को नियुक्त किया है। प्रक्रिया के शुरुआती चरणों में उठने वाले किसी भी संदेह को दूर करने के लिए अतिरिक्त डॉक्टर भी तैनात किए गए हैं।
अखिलेश यादव की प्रतिक्रिया
सपा मुखिया अखिलेश यादव ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, "प्रतीक यादव का निधन अत्यंत दुखद है। ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करे। विनम्र श्रद्धांजलि।" वे स्वयं पोस्टमार्टम हाउस पहुंचकर परिवार के साथ खड़े रहे।
राजनीतिक जगत में शोक की लहर
भाजपा के पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने अपनी एक्स पोस्ट में इसे "अत्यंत हृदयविदारक एवं दुःखद" बताते हुए परिवार के प्रति संवेदनाएं व्यक्त कीं। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने भी शोक व्यक्त करते हुए कहा कि "शोकाकुल परिजनों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं — ईश्वर परिवार को इस वज्रपात को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।" विधायक पल्लवी पटेल ने भी भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
आगे क्या होगा
पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद निधन की वास्तविक परिस्थितियाँ स्पष्ट होने की उम्मीद है। 6 डॉक्टरों की संयुक्त टीम की रिपोर्ट यह तय करेगी कि मामले में आगे कोई जांच आवश्यक है या नहीं। यह घटना उत्तर प्रदेश की सबसे प्रभावशाली राजनीतिक परिवारों में से एक के लिए गहरे शोक का क्षण है।