पुलवामा में नशीले पदार्थों के तस्कर की गिरफ्तारी: ७७१ ग्राम मादक पदार्थ बरामद
सारांश
Key Takeaways
- पुलवामा में नशीले पदार्थों के तस्कर की गिरफ्तारी।
- ७७१ ग्राम नशीला पदार्थ बरामद।
- एनडीपीएस अधिनियम के तहत मामला दर्ज।
- आम जनता से सहयोग का आग्रह।
- मादक पदार्थों की तस्करी से आतंकवाद को बढ़ावा।
श्रीनगर, २४ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में एक नशीले पदार्थों के तस्कर को पकड़ा गया है। इस आरोपी के पास से ७७१ ग्राम नशीला पदार्थ भी बरामद किया गया है। यह जानकारी जिला पुलिस ने मंगलवार को दी।
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे एक बड़े अभियान के तहत पुलवामा पुलिस ने नाकाबंदी के दौरान एक संदिग्ध तस्कर को गिरफ्तार किया और उसके पास से बड़ी मात्रा में नशीले पदार्थ बरामद किए। पुलिस ने एनडीपीएस अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।
पुलवामा पुलिस ने महिला डिग्री कॉलेज के निकट तेंगपोना रोड पर नाकाबंदी के दौरान एक व्यक्ति को रोका। नाकाबंदी के दौरान पुलवामा पुलिस स्टेशन की एक टीम ने एक नायलॉन बैग ले जा रहे संदिग्ध को रोका। तलाशी में उसके पास से लगभग ७७१ ग्राम चरसचोरा/गांजा
आरोपी की पहचान पुलवामा के मलिकपोरा निवासी मोहम्मद आरिफ मलिक, पुत्र रियाज अहमद मलिक के रूप में हुई है।
इसके अनुसार, पुलवामा पुलिस स्टेशन में एनडीपीएस अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है और आगे की जांच जारी है। पुलवामा पुलिस ने मादक पदार्थों के खतरे को रोकने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई और आम जनता से सहयोग करने तथा मादक पदार्थों के दुरुपयोग या तस्करी से संबंधित जानकारी साझा करने का आग्रह किया।
जम्मू-कश्मीर पुलिस और सुरक्षा बल केंद्र शासित प्रदेश में आतंकवाद विरोधी अभियान चला रहे हैं, और मादक पदार्थों के तस्करों, ड्रग पेडलर्स और हवाला रैकेटों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है।
यह माना जाता है कि मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध व्यापार और हवाला रैकेट से प्राप्त धन का इस्तेमाल अंततः जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद को बढ़ावा देने के लिए किया जाता है।
नियंत्रण रेखा (एलओसी) और अंतरराष्ट्रीय सीमा की रक्षा करने वाली सेना और सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) घुसपैठ, निकासी, मादक पदार्थों की तस्करी और सीमा पार से होने वाली ड्रोन गतिविधियों को रोकने के लिए तैनात हैं।
आतंकवादी संगठन पाकिस्तान की आईएसआई की मदद से ड्रोन का उपयोग करते हुए भारतीय सीमा में हथियार, गोला-बारूद, नकदी और मादक पदार्थों की खेप गिराते हैं, ताकि जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद को समर्थन मिल सके।