बदख्शां में 241 किलो नशीला पदार्थ जब्त, 9 तस्कर गिरफ्तार; अफगानिस्तान में ड्रग विरोधी अभियान तेज
सारांश
मुख्य बातें
अफगानिस्तान के उत्तर-पूर्वी बदख्शां प्रांत में विशेष पुलिस बल ने 17 जुलाई को बड़ी कार्रवाई करते हुए 241 किलोग्राम अवैध नशीले पदार्थ जब्त किए और 9 संदिग्ध तस्करों को हिरासत में लिया। पुल-ए-बेगम और ताशकान क्षेत्रों में अलग-अलग छापेमारी के दौरान एक वाहन और एक आवासीय मकान से यह नशीला माल बरामद किया गया।
मुख्य घटनाक्रम
सरकारी समाचार एजेंसी बख्तर के अनुसार, विशेष पुलिस दल ने बदख्शां के दो अलग-अलग इलाकों में एक साथ अभियान चलाया। पुल-ए-बेगम में एक वाहन की तलाशी के दौरान नशीला पदार्थ मिला, जबकि ताशकान में एक आवासीय मकान से बरामदगी हुई। गिरफ्तार किए गए सभी 9 आरोपियों से पूछताछ जारी है।
हाल के दिनों में अन्य बड़ी बरामदगियाँ
यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब अफगानिस्तान के कई प्रांतों में एक के बाद एक बड़े ड्रग-विरोधी अभियान चलाए जा रहे हैं। 16 जुलाई को पश्चिमी निमरोज प्रांत में मादक पदार्थ निरोधक पुलिस ने 84 किलोग्राम अफीम, 130 किलोग्राम मेथामफेटामाइन और 200 किलोग्राम से अधिक ऐसे रसायन व सामग्री जब्त की जिनका उपयोग अफीम और हेरोइन बनाने में होता है — इस दौरान 7 लोगों को गिरफ्तार किया गया।
इसी सप्ताह बुधवार को उत्तरी बदख्शां प्रांत में पुलिस ने मादक पदार्थ विरोधी अभियान के तहत 730 किलोग्राम अफीम को सार्वजनिक रूप से नष्ट किया। इससे पहले 4 जुलाई को उत्तरी तखार प्रांत में एक विशेष अभियान के दौरान एक वाहन के गुप्त हिस्सों से 52 किलोग्राम अफीम और 8 किलोग्राम हशीश समेत कुल 60 किलोग्राम नशीला पदार्थ बरामद किया गया था और दो संदिग्ध तस्करों को पकड़ा गया था।
2 जुलाई को पूर्वी गजनी प्रांत में सुरक्षा बलों ने 215 किलोग्राम अफीम जब्त कर एक बड़े तस्करी नेटवर्क की कोशिश को नाकाम किया था।
पुलिस का रुख
अफगान पुलिस ने स्पष्ट किया है कि देशभर में नशीले पदार्थों की तस्करी और इससे जुड़े अपराधों के विरुद्ध अभियान निरंतर जारी रहेगा। अधिकारियों के अनुसार, हाल के हफ्तों में कई प्रांतों में एक साथ चलाए गए अभियानों से तस्करी नेटवर्क पर दबाव बढ़ा है।
आम जनता पर असर और व्यापक संदर्भ
गौरतलब है कि अफगानिस्तान दशकों से वैश्विक अफीम उत्पादन का प्रमुख केंद्र रहा है। हाल के वर्षों में सत्ता परिवर्तन के बाद अफगान सुरक्षा एजेंसियों ने नशीले पदार्थों के उत्पादन और तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए बड़े पैमाने पर अभियान तेज किए हैं। इन कार्रवाइयों का असर न केवल घरेलू आपूर्ति श्रृंखला पर, बल्कि अंतरराष्ट्रीय तस्करी मार्गों पर भी पड़ रहा है। आने वाले दिनों में गिरफ्तार आरोपियों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई और व्यापक नेटवर्क की जाँच की उम्मीद है।