17 जुलाई 2026
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योगी आदित्यनाथ का कांग्रेस-सपा पर हमला: 'बम बनाने पर आपत्ति नहीं, शिवभक्तों की बम-बम से थी तकलीफ'

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योगी आदित्यनाथ का कांग्रेस-सपा पर हमला: 'बम बनाने पर आपत्ति नहीं, शिवभक्तों की बम-बम से थी तकलीफ'

सारांश

गाजियाबाद में योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस-सपा को आड़े हाथों लिया — 'जिन्हें कट्टा बम से आपत्ति नहीं थी, उन्हें शिवभक्तों की बम-बम खलती थी।' साथ में ₹868 करोड़ की 90 परियोजनाओं की सौगात और कांवड़ यात्रा को भव्य बनाने का संकल्प।

मुख्य बातें

CM योगी आदित्यनाथ ने 17 जुलाई 2026 को गाजियाबाद में कांग्रेस और सपा पर आरोप लगाया कि उन्होंने कांवड़ यात्रा, रामनवमी और दुर्गा पूजा पर प्रतिबंध लगाए थे।
मुरादनगर और मोदीनगर विधानसभा क्षेत्रों के लिए ₹868 करोड़ की 90 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया गया।
योगी ने बताया कि 2017 से पहले के शासनादेश में कांवड़ यात्रा को दंगों का कारण बताकर घंट-घड़ियाल बजाने पर रोक का प्रावधान था।
दिल्ली-मेरठ रैपिड रेल परियोजना — जिसे सपा सरकार ने नकारा था — अब ₹32,000 करोड़ की लागत से चालू है; मेरठ से दिल्ली की दूरी अब 40 मिनट में तय होती है।
पूर्व कैबिनेट मंत्री स्व.
राजपाल त्यागी की प्रतिमा का अनावरण; वे छह बार विधायक और दो बार कैबिनेट मंत्री रहे।
सीएम ने कांवड़ संघों से अनुशासन बनाए रखने की अपील की; गाजियाबाद से हरिद्वार तक कांवड़ मार्ग तैयार।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 17 जुलाई 2026 को गाजियाबाद में एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस और समाजवादी पार्टी (सपा) पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि इन दलों के नेताओं का आस्था की बात करना हास्यास्पद है। उन्होंने आरोप लगाया कि इन पार्टियों को व्यापारियों पर बम फेंकने और कट्टा बम बनाने पर कोई आपत्ति नहीं थी, लेकिन 'हर-हर, बम-बम' बोलकर चलने वाले शिवभक्तों की आस्था उन्हें खलती थी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने मुरादनगर और मोदीनगर विधानसभा क्षेत्रों के लिए ₹868 करोड़ की 90 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया।

कांवड़ यात्रा पर पुराने प्रतिबंध का जिक्र

मुख्यमंत्री ने 2017 में सत्ता संभालने के बाद की एक बैठक का हवाला दिया, जिसमें पुराने शासनादेश में यह दर्ज था कि कांवड़ यात्रा से दंगे हो सकते हैं, इसलिए इसे रोका जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि उस आदेश में यह भी लिखा था कि यदि यात्रा निकाली जाए तो घंट-घड़ियाल, शंख बजाने पर रोक लगाई जाए। योगी आदित्यनाथ ने कहा, 'मैंने अधिकारियों को स्पष्ट किया कि यह देवाधिदेव महादेव के प्रति समर्पित शिवभक्तों की यात्रा है — दलित, वंचित, पिछड़े समेत हर तबके का व्यक्ति इसमें भाग लेता है। सरकार उन्हें सुरक्षा व सुविधा देगी, कोई प्रतिबंध नहीं होगा।' उन्होंने कहा कि शांति की गारंटी उन्होंने स्वयं ली, क्योंकि सच्चा भक्त अनुशासन में चलता है।

केसरिया रंग और धार्मिक आयोजनों पर विपक्ष को घेरा

मुख्यमंत्री ने अपना केसरिया कुर्ता दिखाते हुए कहा कि विपक्षी दलों को इस रंग से भी चिढ़ थी। उन्होंने आरोप लगाया कि इन दलों ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी, रामनवमी की शोभायात्राओं और दुर्गा पूजा के पंडालों पर भी प्रतिबंध लगाए थे। उन्होंने कहा कि सपा और कांग्रेस आस्था को वोटबैंक के लिए भुनाना चाहते हैं, जबकि उनकी सरकार ने अयोध्या राम मंदिर, काशी विश्वनाथ कॉरिडोर, मां विंध्यवासिनी धाम, दुग्धेश्वर नाथ मंदिर कॉरिडोर और पुरा महादेव में आदियोगी की भव्य प्रतिमा-कॉरिडोर के निर्माण से आस्था का सम्मान किया है।

गाजियाबाद के विकास का लेखा-जोखा

मुख्यमंत्री ने कहा कि एक दशक पहले गाजियाबाद का नाम सुनकर लोग भयभीत होते थे — गुंडागर्दी और गैंगवार पर फिल्में बनती थीं। अब यह जिला सुशासन के मॉडल के रूप में पहचाना जाता है। उन्होंने बताया कि दिल्ली-मेरठ रैपिड रेल का प्रस्ताव सपा सरकार ने नकार दिया था, जबकि उनकी सरकार ने ₹32,000 करोड़ की इस परियोजना को मंजूरी दी और अब मेरठ से दिल्ली की तीन घंटे की दूरी मात्र 40 मिनट में तय होती है। इसके अलावा 12 लेन एक्सप्रेसवे, हिंडन एयर सर्विस, ईस्टर्न-वेस्टर्न पेरिफेरल वे और दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे भी क्षेत्र की नई पहचान बन रहे हैं।

स्व. राजपाल त्यागी की प्रतिमा का अनावरण

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने पूर्व कैबिनेट मंत्री स्व. राजपाल त्यागी की प्रतिमा का अनावरण किया। उन्होंने बताया कि राजपाल त्यागी छह बार विधायक (दो बार निर्दल), दो बार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और दो बार कैबिनेट मंत्री रहे। योगी ने कहा कि उनके पुत्र अजीत पाल लगातार विधायक बनकर पिता की विरासत को आगे बढ़ा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया, बच्चों द्वारा बनाए गए मॉडलों की जानकारी ली और कई बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार भी कराया।

कांवड़ यात्रा की तैयारी और अपील

मुख्यमंत्री ने बताया कि अब देश की सबसे बड़ी कांवड़ यात्रा हरिद्वार से गाजियाबाद तक निकलती है और देश-विदेश से श्रद्धालु इसे देखने आते हैं। उन्होंने कहा कि गाजियाबाद से हरिद्वार तक कांवड़ मार्ग भी बन चुका है। सभी कांवड़ संघों और शिवभक्तों से उन्होंने अपील की कि यात्रा की मर्यादा और अनुशासन बनाए रखें, प्रशासन के साथ समन्वय रखें और विरोधियों को कोई अवसर न दें। सरकार भव्य कांवड़ यात्रा के लिए पूरा प्रबंध करेगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन इन्हें धार्मिक ध्रुवीकरण के बयानों के साथ पेश करना यह सवाल उठाता है कि क्या शासन की उपलब्धियां अपने दम पर मतदाताओं तक पहुंचाई जा सकती हैं। गाजियाबाद का बदलाव निर्विवाद है, पर जब विकास का बयान धार्मिक तुलना के बिना नहीं आता, तो यह राजनीतिक निर्भरता का संकेत भी देता है।
RashtraPress
17 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

CM योगी आदित्यनाथ ने गाजियाबाद में कांग्रेस-सपा पर क्या आरोप लगाए?
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कांग्रेस और सपा को कट्टा बम बनाने और व्यापारियों पर बम फेंकने पर आपत्ति नहीं थी, लेकिन 'हर-हर, बम-बम' बोलकर चलने वाले शिवभक्तों से उन्हें तकलीफ होती थी। उन्होंने यह भी कहा कि इन दलों ने कांवड़ यात्रा, रामनवमी, जन्माष्टमी और दुर्गा पूजा पर प्रतिबंध लगाए थे।
गाजियाबाद में योगी सरकार ने कितनी परियोजनाओं का लोकार्पण किया?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 17 जुलाई 2026 को गाजियाबाद में मुरादनगर और मोदीनगर विधानसभा क्षेत्रों के लिए ₹868 करोड़ की 90 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया।
2017 से पहले कांवड़ यात्रा पर क्या प्रतिबंध था?
योगी आदित्यनाथ ने बताया कि 2017 से पहले के शासनादेश में कांवड़ यात्रा को दंगों का संभावित कारण बताया गया था और घंट-घड़ियाल व शंख बजाने पर रोक लगाने का प्रावधान था। उन्होंने कहा कि सत्ता संभालते ही उन्होंने यह प्रतिबंध हटाए और यात्रा की सुरक्षा की गारंटी ली।
दिल्ली-मेरठ रैपिड रेल के बारे में योगी ने क्या कहा?
योगी ने बताया कि ₹32,000 करोड़ की दिल्ली-मेरठ रैपिड रेल परियोजना को सपा सरकार ने नकार दिया था। उनकी सरकार ने इसे मंजूरी दी और अब मेरठ से दिल्ली की तीन घंटे की दूरी मात्र 40 मिनट में तय होती है।
स्व. राजपाल त्यागी कौन थे और उनकी प्रतिमा का अनावरण क्यों किया गया?
स्व. राजपाल त्यागी उत्तर प्रदेश के वरिष्ठ नेता थे जो छह बार विधायक (दो बार निर्दल), दो बार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और दो बार कैबिनेट मंत्री रहे। गाजियाबाद कार्यक्रम में CM योगी ने उनकी प्रतिमा का अनावरण कर उनके जनसेवा के योगदान को सम्मानित किया।
राष्ट्र प्रेस
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