योगी आदित्यनाथ का कांग्रेस-सपा पर हमला: 'बम बनाने पर आपत्ति नहीं, शिवभक्तों की बम-बम से थी तकलीफ'
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 17 जुलाई 2026 को गाजियाबाद में एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस और समाजवादी पार्टी (सपा) पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि इन दलों के नेताओं का आस्था की बात करना हास्यास्पद है। उन्होंने आरोप लगाया कि इन पार्टियों को व्यापारियों पर बम फेंकने और कट्टा बम बनाने पर कोई आपत्ति नहीं थी, लेकिन 'हर-हर, बम-बम' बोलकर चलने वाले शिवभक्तों की आस्था उन्हें खलती थी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने मुरादनगर और मोदीनगर विधानसभा क्षेत्रों के लिए ₹868 करोड़ की 90 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया।
कांवड़ यात्रा पर पुराने प्रतिबंध का जिक्र
मुख्यमंत्री ने 2017 में सत्ता संभालने के बाद की एक बैठक का हवाला दिया, जिसमें पुराने शासनादेश में यह दर्ज था कि कांवड़ यात्रा से दंगे हो सकते हैं, इसलिए इसे रोका जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि उस आदेश में यह भी लिखा था कि यदि यात्रा निकाली जाए तो घंट-घड़ियाल, शंख बजाने पर रोक लगाई जाए। योगी आदित्यनाथ ने कहा, 'मैंने अधिकारियों को स्पष्ट किया कि यह देवाधिदेव महादेव के प्रति समर्पित शिवभक्तों की यात्रा है — दलित, वंचित, पिछड़े समेत हर तबके का व्यक्ति इसमें भाग लेता है। सरकार उन्हें सुरक्षा व सुविधा देगी, कोई प्रतिबंध नहीं होगा।' उन्होंने कहा कि शांति की गारंटी उन्होंने स्वयं ली, क्योंकि सच्चा भक्त अनुशासन में चलता है।
केसरिया रंग और धार्मिक आयोजनों पर विपक्ष को घेरा
मुख्यमंत्री ने अपना केसरिया कुर्ता दिखाते हुए कहा कि विपक्षी दलों को इस रंग से भी चिढ़ थी। उन्होंने आरोप लगाया कि इन दलों ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी, रामनवमी की शोभायात्राओं और दुर्गा पूजा के पंडालों पर भी प्रतिबंध लगाए थे। उन्होंने कहा कि सपा और कांग्रेस आस्था को वोटबैंक के लिए भुनाना चाहते हैं, जबकि उनकी सरकार ने अयोध्या राम मंदिर, काशी विश्वनाथ कॉरिडोर, मां विंध्यवासिनी धाम, दुग्धेश्वर नाथ मंदिर कॉरिडोर और पुरा महादेव में आदियोगी की भव्य प्रतिमा-कॉरिडोर के निर्माण से आस्था का सम्मान किया है।
गाजियाबाद के विकास का लेखा-जोखा
मुख्यमंत्री ने कहा कि एक दशक पहले गाजियाबाद का नाम सुनकर लोग भयभीत होते थे — गुंडागर्दी और गैंगवार पर फिल्में बनती थीं। अब यह जिला सुशासन के मॉडल के रूप में पहचाना जाता है। उन्होंने बताया कि दिल्ली-मेरठ रैपिड रेल का प्रस्ताव सपा सरकार ने नकार दिया था, जबकि उनकी सरकार ने ₹32,000 करोड़ की इस परियोजना को मंजूरी दी और अब मेरठ से दिल्ली की तीन घंटे की दूरी मात्र 40 मिनट में तय होती है। इसके अलावा 12 लेन एक्सप्रेसवे, हिंडन एयर सर्विस, ईस्टर्न-वेस्टर्न पेरिफेरल वे और दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे भी क्षेत्र की नई पहचान बन रहे हैं।
स्व. राजपाल त्यागी की प्रतिमा का अनावरण
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने पूर्व कैबिनेट मंत्री स्व. राजपाल त्यागी की प्रतिमा का अनावरण किया। उन्होंने बताया कि राजपाल त्यागी छह बार विधायक (दो बार निर्दल), दो बार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और दो बार कैबिनेट मंत्री रहे। योगी ने कहा कि उनके पुत्र अजीत पाल लगातार विधायक बनकर पिता की विरासत को आगे बढ़ा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया, बच्चों द्वारा बनाए गए मॉडलों की जानकारी ली और कई बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार भी कराया।
कांवड़ यात्रा की तैयारी और अपील
मुख्यमंत्री ने बताया कि अब देश की सबसे बड़ी कांवड़ यात्रा हरिद्वार से गाजियाबाद तक निकलती है और देश-विदेश से श्रद्धालु इसे देखने आते हैं। उन्होंने कहा कि गाजियाबाद से हरिद्वार तक कांवड़ मार्ग भी बन चुका है। सभी कांवड़ संघों और शिवभक्तों से उन्होंने अपील की कि यात्रा की मर्यादा और अनुशासन बनाए रखें, प्रशासन के साथ समन्वय रखें और विरोधियों को कोई अवसर न दें। सरकार भव्य कांवड़ यात्रा के लिए पूरा प्रबंध करेगी।