पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर एंबुलेंस-ट्रक टक्कर: सुल्तानपुर में 4 की मौत, सेना के सूबेदार का पार्थिव शरीर था सवार
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर में 4 अक्टूबर 2026 की सुबह पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर एक दर्दनाक सड़क हादसे में चार लोगों की मौत हो गई, जब एक एंबुलेंस सड़क किनारे खड़े ट्रक से टकरा गई। अधिकारियों के अनुसार, यह एंबुलेंस चंडीगढ़ से भारतीय सेना के सूबेदार सत्यवान फौजी का पार्थिव शरीर लेकर देवरिया जा रही थी।
हादसे का घटनाक्रम
यह दुर्घटना रविवार सुबह करीब 8 बजे अयोध्या-सुल्तानपुर सीमा के निकट हलियापुर के पास पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के 79.6 माइलस्टोन पर हुई। पुलिस के अनुसार, एंबुलेंस किसी कारणवश बेकाबू हो गई और सड़क किनारे खड़े ट्रक से जा भिड़ी, जिससे वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। डायल 112 के माध्यम से सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुँची और उच्चाधिकारियों ने भी मौके का निरीक्षण किया।
मृतकों की पहचान
पुलिस ने बताया कि एंबुलेंस में सवार सभी लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों में एंबुलेंस चालक जसपाल, राजन सिंह पुत्र भूपति, गौरव सिंह पुत्र सत्यभान और राम समझ पुत्र जयसिंह शामिल हैं। सुल्तानपुर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) विनीत जायसवाल ने पुष्टि की कि सभी मृतक देवरिया जनपद के रुद्रपुर थाना क्षेत्र के निवासी थे। एंबुलेंस में सूबेदार के परिजन भी उनके पार्थिव शरीर के साथ यात्रा कर रहे थे।
प्रशासनिक कार्रवाई
एसपी विनीत जायसवाल ने बताया कि सभी मृतकों के शव पंचायतनामा और पोस्टमार्टम की कार्यवाही के लिए भेज दिए गए हैं। स्थानीय पुलिस घटनास्थल पर तैनात रही और मामले की विस्तृत जाँच शुरू कर दी गई है। हादसे के सटीक कारणों की पड़ताल जारी है।
मुख्यमंत्री ने जताई संवेदना
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस हादसे का संज्ञान लेते हुए पीड़ित परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने एक्स पर लिखा, 'जनपद सुल्तानपुर में पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर हुई दुर्भाग्यपूर्ण दुर्घटना में जनहानि अत्यंत दुखद है। मेरी संवेदनाएं शोकाकुल परिजनों के साथ हैं। अधिकारियों को परिजनों से संवाद कर हर संभव सहायता उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए हैं। प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को सद्गति प्रदान करें।' योगी ने अधिकारियों को राहत व बचाव कार्यों में तेज़ी लाने के भी निर्देश दिए।
व्यापक परिप्रेक्ष्य
यह हादसा ऐसे समय में आया है जब पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर सड़क सुरक्षा को लेकर सवाल उठते रहे हैं। गौरतलब है कि यह एक्सप्रेसवे उत्तर प्रदेश की प्रमुख अवसंरचना परियोजनाओं में से एक है, जहाँ तेज़ रफ्तार और भारी वाहनों की आवाजाही से हादसे की आशंका बनी रहती है। एक शहीद सैनिक के पार्थिव शरीर को ले जा रही एंबुलेंस का इस प्रकार दुर्घटनाग्रस्त होना और उसमें सवार परिजनों की जान जाना दोहरी त्रासदी है। आगे की जाँच में यह स्पष्ट होगा कि एंबुलेंस के बेकाबू होने का कारण तकनीकी खराबी थी, चालक की लापरवाही थी या सड़क की स्थिति।