पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर भीषण हादसा: कार ट्रक में घुसी, आजमगढ़ में 5 की मौत
सारांश
मुख्य बातें
पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर 16 मई को एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना में 5 लोगों की मौत हो गई, जब आजमगढ़ के थाना कंधरापुर क्षेत्र में माइलस्टोन 238 के समीप एक तेज़ रफ़्तार कार चलते हुए कंटेनर ट्रक में पीछे से जा घुसी। हादसे के बाद मौके पर अफ़रा-तफ़री मच गई और आसपास के लोग सहायता के लिए दौड़ पड़े।
हादसे का घटनाक्रम
पुलिस के अनुसार, डायल-112 के ज़रिए सूचना मिली कि एक्सप्रेस-वे पर एक चलते हुए कंटेनर ट्रक में कार ने पीछे से ज़ोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि 5 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही थाना कंधरापुर पुलिस, आजमगढ़ सीओ सीटी, फायर ब्रिगेड और एंबुलेंस की टीमें तत्काल घटनास्थल पर पहुँचीं।
पुलिस की प्रतिक्रिया और राहत कार्य
एसपी ट्रैफिक पंकज कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि सूचना मिलते ही वे स्वयं मौके पर पहुँचे और राहत एवं बचाव कार्य की निगरानी की। उन्होंने कहा, 'सभी मृतकों के शवों को एंबुलेंस के माध्यम से मोर्चरी भिजवाया गया। इस हादसे के संबंध में आवश्यक कार्रवाई की जा रही है। साथ ही, मृतकों के परिजनों से संपर्क स्थापित कर उन्हें सूचित किया जा रहा है।' पुलिस ने एक्सप्रेस-वे पर यातायात व्यवस्था को भी शीघ्र सुचारु कराया।
अमेठी में भी हादसा, तीन की जान गई
यह ऐसे समय में आया है जब एक दिन पहले ही, शुक्रवार को अमेठी के मुंशीगंज थाना क्षेत्र में रायबरेली-सुल्तानपुर मार्ग पर एक अलग हादसे में 3 लोगों की मौत हो गई थी। वहाँ एक तेज़ रफ़्तार ट्रक ने विपरीत दिशा से आ रहे बाइक सवार तीन युवकों को जोरदार टक्कर मार दी। दो युवकों की मौके पर ही मृत्यु हो गई, जबकि तीसरे को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया, जहाँ से उसे जिला अस्पताल सुल्तानपुर रेफर किया गया, किंतु इलाज के दौरान उसने भी दम तोड़ दिया।
आम जनता पर असर और सड़क सुरक्षा का सवाल
गौरतलब है कि पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर तेज़ रफ़्तार और लापरवाह ड्राइविंग से जुड़ी दुर्घटनाएँ लगातार चिंता का विषय बनी हुई हैं। यह हादसा उत्तर प्रदेश के एक्सप्रेस-वे नेटवर्क पर सड़क सुरक्षा उपायों की प्रभावशीलता पर एक बार फिर सवाल खड़े करता है। मृतकों के परिवारों को सूचित किया जा रहा है और पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी है।
आगे की कार्रवाई
पुलिस ने मामले में आवश्यक विधिक प्रक्रिया शुरू कर दी है। दुर्घटना के कारणों की जाँच जारी है और यह पता लगाया जा रहा है कि कार की रफ़्तार और ट्रक की स्थिति हादसे में किस हद तक ज़िम्मेदार रही। विशेषज्ञों का मानना है कि एक्सप्रेस-वे पर रात्रिकालीन निगरानी और गति नियंत्रण तकनीक को और मज़बूत किए जाने की आवश्यकता है।