राजस्थान में 'ग्राम चौपाल' से गाँवों को मज़बूती, CM भजन लाल बोले — किसान-युवा सशक्तिकरण है लक्ष्य
सारांश
मुख्य बातें
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने 21 मई 2026 को बांसवाड़ा में पत्रकारों से बातचीत करते हुए स्पष्ट किया कि राज्य सरकार पूरे राजस्थान में 'ग्राम चौपाल' कार्यक्रम के माध्यम से किसानों, युवाओं, महिलाओं और श्रमिकों तक सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे पहुँचाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि जब तक गाँव आर्थिक रूप से मज़बूत नहीं होंगे, राज्य और देश का सच्चा विकास संभव नहीं है।
ग्राम चौपाल कार्यक्रम का उद्देश्य
मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोच के अनुरूप राज्य सरकार गाँव-गाँव जाकर किसानों से सीधी बातचीत कर रही है। उन्होंने कहा, 'हमारी कोशिश है कि केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे।' इस कार्यक्रम के ज़रिए ग्रामीण स्तर पर छोटी-छोटी समस्याओं की पहचान कर उनका समाधान निकाला जा रहा है।
कृषि और रोज़गार पर ज़ोर
शर्मा ने कहा कि भारत एक कृषि प्रधान देश है और नई तकनीक अपनाकर किसान कम पानी में भी बेहतर उत्पादन ले सकते हैं। उन्होंने वैज्ञानिक खेती को आर्थिक सशक्तिकरण का आधार बताया। साथ ही उन्होंने पंचायत स्तर पर रोज़गार सृजन को भी प्राथमिकता बताई, ताकि महिलाएँ और युवा स्थानीय स्तर पर आत्मनिर्भर बन सकें। गौरतलब है कि यह कार्यक्रम ऐसे समय में चलाया जा रहा है जब राजस्थान में ग्रामीण रोज़गार और कृषि आय बढ़ाने की माँग लगातार उठती रही है।
तंबाकू नियंत्रण में अंतरराष्ट्रीय सम्मान
इसी क्रम में राजस्थान सरकार के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग को 19 मई 2026 को विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के विश्व तंबाकू निषेध दिवस पुरस्कार 2026 से सम्मानित किया गया। यह सम्मान राज्य भर में तंबाकू नियंत्रण पहलों को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए दिया गया।
इस उपलब्धि पर मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा था, 'यह सम्मान जन स्वास्थ्य, प्रभावी नीति कार्यान्वयन और तंबाकू मुक्त राजस्थान के निर्माण के प्रति राज्य सरकार की अटूट प्रतिबद्धता को दर्शाता है।' उन्होंने यह भी कहा कि सरकार नागरिकों, विशेषकर युवाओं को तंबाकू के हानिकारक प्रभावों से बचाने के लिए निरंतर परिणामोन्मुखी कदम उठा रही है।
आम जनता पर असर
ग्राम चौपाल कार्यक्रम से सीधे तौर पर किसान, महिलाएँ, युवा और श्रमिक लाभान्वित हो रहे हैं। पंचायत स्तर पर योजनाओं की जानकारी और समस्याओं के निवारण की यह प्रक्रिया ग्रामीण प्रशासन को अधिक जवाबदेह बनाने की दिशा में एक सकारात्मक कदम मानी जा रही है।
आगे की राह
राज्य सरकार का लक्ष्य है कि 'ग्राम चौपाल' कार्यक्रम को और अधिक व्यापक बनाया जाए ताकि हर पंचायत तक इसकी पहुँच सुनिश्चित हो सके। WHO पुरस्कार के बाद तंबाकू नियंत्रण के क्षेत्र में भी राज्य की नीतियों को और मज़बूत किए जाने की उम्मीद है।