राजनाथ सिंह का सोनारपुर में बड़ा बयान — अराजकता फैलाने वालों को मिलेगा करारा जवाब
सारांश
Key Takeaways
- रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 25 अप्रैल 2025 को सोनारपुर में रोड शो किया और अराजकता फैलाने वालों को कड़ी चेतावनी दी।
- राजनाथ सिंह ने अल्पसंख्यक समुदाय को आश्वस्त किया कि भाजपा जाति, पंथ और धर्म के आधार पर कोई भेदभाव नहीं करती।
- उन्होंने पश्चिम बंगाल में जजों के अपहरण की घटना को लेकर TMC सरकार पर तीखा हमला बोला।
- 15 वर्षों के TMC शासन में विकास और बेरोजगारी की समस्या न सुलझने पर उन्होंने जनता से सीधे सवाल किए।
- भाजपा उम्मीदवार देबाशीष धर ने दावा किया कि इस बार भाजपा 200 से अधिक सीटें जीतेगी।
- इससे पहले पीएम मोदी और गृह मंत्री अमित शाह भी सोनारपुर क्षेत्र में प्रचार कर चुके हैं।
सोनारपुर, 25 अप्रैल 2025 — रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को पश्चिम बंगाल के सोनारपुर में एक जोरदार रोड शो के दौरान स्पष्ट चेतावनी दी कि जो भी व्यक्ति अराजकता फैलाने की कोशिश करेगा, उसे उसके कृत्य का उचित परिणाम भुगतना होगा। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा कभी जाति, पंथ या धर्म के आधार पर राजनीति नहीं करती और सभी नागरिक उनके लिए समान हैं।
अल्पसंख्यकों को आश्वासन, अराजकता पर कड़ी चेतावनी
राजनाथ सिंह ने सोनारपुर की जनसभा में अल्पसंख्यक समुदाय को सीधे संबोधित करते हुए कहा, "अगर बहुसंख्यकों के साथ न्याय होगा तो अल्पसंख्यकों के साथ भी न्याय होगा।" उन्होंने जोड़ा कि गलत काम करने वाले को या तो जेल की हवा खानी होगी या उससे भी बड़ा अंजाम भुगतना होगा।
रक्षा मंत्री ने भारत की सांस्कृतिक विरासत का हवाला देते हुए कहा कि "वसुधैव कुटुम्बकम" का संदेश देने वाला भारत दुनिया का एकमात्र देश है जहां हिंदू, मुसलमान, ईसाई, यहूदी — सभी एक परिवार के सदस्य हैं।
जजों के अपहरण पर तीखा प्रहार — कानून-व्यवस्था पर सवाल
राजनाथ सिंह ने पश्चिम बंगाल में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपने लंबे राजनीतिक जीवन में कभी नहीं सुना था कि जजों का अपहरण किया जाए और उन्हें घंटों घेरकर रखा जाए।
उन्होंने व्यंग्यात्मक लहजे में पूछा, "क्या यही कानून का राज है? क्या यही इंसाफ है जहां लोग खुद जज बनकर सजा सुना देते हैं?" यह टिप्पणी टीएमसी शासन पर सीधा निशाना थी।
15 साल के TMC शासन पर विकास का सवाल
रक्षा मंत्री ने जनता से सीधे पूछा कि 15 वर्षों के तृणमूल कांग्रेस शासन में पश्चिम बंगाल का विकास क्यों नहीं हुआ और बेरोजगारी की समस्या क्यों अनसुलझी रही।
यह सवाल महत्वपूर्ण है क्योंकि राष्ट्रीय नमूना सर्वेक्षण के आंकड़ों के अनुसार पश्चिम बंगाल में युवा बेरोजगारी दर राष्ट्रीय औसत से लगातार ऊपर रही है। आलोचकों का कहना है कि राज्य में निवेश का माहौल कमजोर रहने से रोजगार सृजन बाधित हुआ।
भाजपा उम्मीदवार का बड़ा दावा — 200 से अधिक सीटें जीतने का लक्ष्य
सोनारपुर से भाजपा उम्मीदवार देबाशीष धर ने रक्षा मंत्री के आगमन को अपना सौभाग्य बताया। उन्होंने कहा कि इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विशाल जनसभा और गृह मंत्री अमित शाह का रोड शो भी इस क्षेत्र में हो चुका है।
देबाशीष धर ने दावा किया कि इस बार भाजपा 200 से अधिक सीटें जीतेगी और पिछली बार का अधूरा सपना इस बार पूरा होगा। उन्होंने कहा कि जनता पूरी तरह परिवर्तन के पक्ष में है।
राजनीतिक संदर्भ और आगे की राह
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 की तैयारियां अभी से जोर पकड़ रही हैं और भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व राज्य में लगातार सक्रिय है। 2021 के विधानसभा चुनाव में भाजपा 77 सीटें जीतने में सफल रही थी लेकिन बहुमत से चूक गई थी।
इस बार पीएम मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और अब रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का एक के बाद एक दौरा यह संकेत देता है कि पार्टी बंगाल को प्राथमिकता पर रख रही है। आने वाले महीनों में यह राजनीतिक सक्रियता और तेज होने की संभावना है।