राजौरी में ‘हर घर जल’ योजना से 14,000 परिवारों को मिल रहा शुद्ध पेयजल
सारांश
Key Takeaways
- 14,000 परिवारों को स्वच्छ पेयजल की सुविधा।
- महिलाओं और बच्चों के लिए पानी लाना अब सरल हुआ।
- जल जीवन मिशन के तहत करोड़ों रुपये की परियोजनाएं।
- स्थानीय लोगों का जीवनस्तर सुधर रहा है।
- सभी गांवों को जल्द कवर करने का लक्ष्य।
राजौरी, 23 फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले के दूर-दराज पहाड़ी क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हुई है। कोटरंका उप-विभाग में 14,000 से अधिक लोगों को केंद्र सरकार के जल जीवन मिशन के अंतर्गत आजादी के बाद पहली बार अपने घरों में नल का स्वच्छ पानी प्राप्त हो रहा है। स्थानीय महिलाओं और सरपंचों ने सरकार के इस कदम की सराहना की और आभार व्यक्त किया।
मौरा, जगलानो, खद्यून, अपर कंडी, लोअर कंडी, हुब्बी, मौरा-बी और फलनी जैसे गांव अब इस महत्वाकांक्षी योजना का हिस्सा बन चुके हैं, जिससे स्थानीय निवासियों की दैनिक जिंदगी में बड़ा बदलाव आया है।
जगलानो पंचायत के निवासियों ने बताया कि पहले उन्हें नदियों, झरनों और अन्य प्राकृतिक स्रोतों से पानी लाने के लिए कई किलोमीटर पैदल चलना पड़ता था। पहाड़ी और दुर्गम रास्तों के कारण यह कार्य बेहद कठिन था, खासकर महिलाओं और बच्चों के लिए। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन उनके लिए एक वरदान साबित हुआ है, क्योंकि अब पानी सीधा घर तक पहुंच रहा है।
राजौरी के जल शक्ति विभाग के कार्यकारी इंजीनियर सुदेश भगत ने बताया कि इस योजना के तहत करोड़ों रुपये की लागत से परियोजनाएं सफलतापूर्वक पूरी की गई हैं, जिससे 14,000 से अधिक लोगों को स्वच्छ पेयजल मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि सात गांव 'हर घर जल' योजना से जुड़ चुके हैं और शेष घरों को भी जल्द कवर करने के लिए कार्य जारी है। विभाग ने आश्वासन दिया है कि वे दूरस्थ क्षेत्रों तक भी पाइपलाइन नेटवर्क पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
स्थानीय महिला रेखा बाली ने कहा कि पहले पानी लाने के लिए कई किलोमीटर दूर जाना पड़ता था। छोटे बच्चों को साथ लेकर जाना कठिन होता था और घंटों मेहनत के बाद ही पानी मिल पाता था। अब घर में दो से तीन घंटे तक नियमित पानी की सप्लाई होती है। उन्होंने सरकार का आभार व्यक्त किया कि इस योजना ने उनकी बड़ी समस्या को सुलझा दिया है।
एक अन्य महिला ऊषा देवी ने कहा कि पहले पानी के डिब्बे लेकर दूर-दूर तक जाना पड़ता था और कपड़े धोने या पशुओं के लिए पानी जुटाना भी एक चुनौती थी। अब यह योजना लोगों के हित में साबित हो रही है और जीवन पहले से कहीं अधिक सरल हो गया है।
सरपंच मोहम्मद जमील ने कहा कि पहाड़ी क्षेत्र होने के कारण यहां पानी की हमेशा से समस्या रही है। पहले पीएचई विभाग द्वारा छोटी-छोटी टंकियां बनाई गई थीं, लेकिन वे पर्याप्त नहीं थीं। जल जीवन मिशन के तहत अब हर घर में स्वच्छ पानी पहुंच रहा है, जिससे पीने और पशुओं के उपयोग के लिए पानी की दिक्कत काफी हद तक समाप्त हो गई है।
उन्होंने कहा कि यह योजना क्षेत्र में बुनियादी ढांचे और जीवन की गुणवत्ता में सुधार लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।