क्या उपहार अग्निकांड के दोषी सुशील अंसल के पासपोर्ट मामले में कोर्ट ने आरोप तय किए?

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क्या उपहार अग्निकांड के दोषी सुशील अंसल के पासपोर्ट मामले में कोर्ट ने आरोप तय किए?

सारांश

पटियाला हाउस कोर्ट ने उपहार अग्निकांड के दोषी सुशील अंसल के खिलाफ पासपोर्ट नवीनीकरण मामले में आरोप तय किए हैं। क्या यह मामला उनके लिए एक नया संकट बन सकता है?

मुख्य बातें

उपहार अग्निकांड से संबंधित मामला सुशील अंसल पर गंभीर आरोप कोर्ट ने आरोप तय किए ट्रायल की अगली तारीख 13 जनवरी 2026 जानकारी छिपाना गंभीर अपराध है

नई दिल्ली, २४ जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। पटियाला हाउस कोर्ट ने उपहार सिनेमा अग्निकांड के दोषी और रियल एस्टेट व्यापारी सुशील अंसल के खिलाफ पासपोर्ट नवीनीकरण मामले में आरोप तय किए हैं। अदालत ने पाया कि उन्होंने अपने पासपोर्ट आवेदन में गलत जानकारी दी और अपने आपराधिक इतिहास को छिपाने का प्रयास किया।

सुशील अंसल ने अदालत के समक्ष इन आरोपों को स्वीकार करने से इंकार कर दिया है। अब उनके खिलाफ ट्रायल चलेगा। अदालत ने १३ जनवरी २०२६ को आरोप तय करने और ट्रायल की अगली तारीख के लिए मामले को सूचीबद्ध किया है।

अदालत ने सुशील अंसल पर भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा ४२० (धोखाधड़ी), १७७ (झूठी सूचना देना), १८१ (सरकारी अधिकारी को झूठा बयान देना) और पासपोर्ट एक्ट की धारा १२ (झूठी जानकारी देकर पासपोर्ट प्राप्त करना) के तहत आरोप लगाए हैं। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने २०१९ में यह मामला दर्ज किया था। आरोप है कि सुशील अंसल ने २०००, २००४ और २०१३ में पासपोर्ट बनवाते या नवीनीकरण करवाते समय उपहार अग्निकांड में अपनी सजा और अन्य लंबित आपराधिक मामलों की जानकारी छिपाई।

यह मामला १९९७ के उपहार सिनेमा अग्निकांड से संबंधित है, जिसमें ५९ लोगों की मौत हो गई थी। इस हादसे में शिकायतकर्ता नीलम कृष्णमूर्ति के दो बच्चे भी शामिल थे। सुशील अंसल और उनके भाई गोपाल अंसल को इस मामले में दोषी ठहराया गया था। वे लंबे समय से सजा काट चुके हैं। लेकिन, पासपोर्ट संबंधी धोखाधड़ी का यह नया मामला उनके खिलाफ चल रहा है।

अदालत ने कहा कि पासपोर्ट आवेदन में सही जानकारी देना अनिवार्य है और इसे छिपाना गंभीर अपराध है। अभियोजन पक्ष ने सबूत पेश किए हैं कि अंसल ने जानबूझकर तथ्य छिपाए। इस मामले में उपहार पीड़ितों के संगठन को भी अभियोजन में सहायता करने की अनुमति मिल चुकी है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सुशील अंसल पर कौन से आरोप लगाए गए हैं?
उन्हें भारतीय दंड संहिता की धारा 420 (धोखाधड़ी), 177 (झूठी सूचना देना), 181 (सरकारी अधिकारी को झूठा बयान देना) और पासपोर्ट एक्ट की धारा 12 (झूठी जानकारी देकर पासपोर्ट प्राप्त करना) के तहत आरोपित किया गया है।
उपहार अग्निकांड में कितने लोग मारे गए थे?
उपहार अग्निकांड में 59 लोगों की मौत हुई थी।
क्या सुशील अंसल ने अपने आरोपों को स्वीकार किया?
सुशील अंसल ने अदालत में अपने खिलाफ आरोपों को स्वीकार करने से इंकार कर दिया है।
राष्ट्र प्रेस
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