तमिलनाडु के पूर्व डीजीपी एस.आर. जांगिड़ का खुलासा: 1995 की जातीय हिंसा पर काबू से लेकर विजय की फिल्म 'जन गण मन' तक
सारांश
मुख्य बातें
तमिलनाडु पुलिस के पूर्व महानिदेशक (डीजीपी) एस.आर. जांगिड़ ने 3 मई को समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस से विशेष बातचीत में अपने दशकों लंबे पुलिस कार्यकाल की उन यादों को साझा किया, जो उनके अनुसार आज भी उन्हें प्रेरणा देती हैं। उन्होंने 1995 में तिरुनेलवेली और थूथुकुडी जिलों में फैली गंभीर जातीय हिंसा को काबू करने को अपनी सबसे बड़ी उपलब्धि बताया।
जातीय हिंसा पर काबू: सबसे बड़ी उपलब्धि
जांगिड़ के अनुसार, 1995 में तिरुनेलवेली और थूथुकुडी जिलों में जातीय हिंसा अपने चरम पर थी — कई हत्याएं और झड़पें लगातार हो रही थीं। उन्होंने 5 दिसंबर 1995 को तिरुनेलवेली का एसपी पद संभाला और स्ट्राइकिंग फोर्स का मनोबल बढ़ाते हुए ज़मीनी स्तर पर काम शुरू किया।
उन्होंने कहा,