क्या गाजियाबाद के ट्रॉनिका सिटी में कपड़ा फैक्ट्री में भीषण आग लगी?
सारांश
Key Takeaways
- ट्रॉनिका सिटी में कपड़ा फैक्ट्री में आग लगने की घटना।
- दमकल विभाग की तत्परता से आग पर काबू पाया गया।
- आग लगने का कारण इलेक्ट्रिक शॉर्ट सर्किट।
- कोई भी जनहानि नहीं हुई।
- स्थानीय पुलिस बल ने भी मदद की।
गाजियाबाद, 10 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। लोनी क्षेत्र के ट्रॉनिका सिटी के इंडस्ट्रियल एरिया सेक्टर ए-1 में अचानक एक कपड़ा फैक्ट्री में आग लगने से अफरा-तफरी का माहौल बन गया। यह घटना 10 जनवरी 2026 को सुबह लगभग 7:57 बजे हुई।
जैसे ही आग की सूचना मिली, लोनी फायर स्टेशन (ट्रॉनिका सिटी) की फायर सर्विस यूनिट्स तुरंत सक्रिय हो गईं। जानकारी के अनुसार, आग रेडीमेड कपड़ों (जींस) की फैक्ट्री “सोनम कलेक्शन” में लगी। सूचना मिलते ही ट्रॉनिका सिटी फायर स्टेशन से तीन फायर टेंडर और फायर सर्विस यूनिट्स घटनास्थल पर भेजी गईं।
घटनास्थल की दूरी लगभग दो किलोमीटर थी, जिससे दमकल गाड़ियां कुछ ही मिनटों में वहां पहुंच गईं। फायर कर्मियों ने देखा कि फैक्ट्री के भूतल पर अस्थायी टीन शेड के नीचे तैयार माल और कच्चे माल में आग लगी थी।
सुखद बात यह है कि आग फैक्ट्री की मुख्य इमारत के अंदर नहीं पहुंची थी। फायर सर्विस यूनिट्स ने तुरंत दो हौज पाइपलाइन बिछाकर और मोटर फायर इंजन से पंपिंग शुरू की, जिससे आग पर काबू पाया गया। एहतियात के तौर पर साहिबाबाद फायर स्टेशन से एक अतिरिक्त फायर टेंडर को भी घटनास्थल पर भेजा गया।
दमकल कर्मियों की तत्परता से आग को जल्द ही काबू में कर लिया गया और इसे फैक्ट्री के मुख्य भवन में फैलने से पहले ही रोक दिया गया। प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण फैक्ट्री परिसर में लगे जनरेटर के पास का इलेक्ट्रिक शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, जनरेटर को आग लगने से कुछ समय पहले ही चालू किया गया था। इस अग्निकांड में किसी भी व्यक्ति के घायल होने या जनहानि की कोई रिपोर्ट नहीं है।
सुबह लगभग 10 बजे तक फायर सर्विस यूनिट्स ने आसपास की फैक्ट्रियों से पानी लेकर तीन फायर टेंडरों की मदद से आग को पूरी तरह बुझा दिया। स्थिति सामान्य होने पर साहिबाबाद से भेजे गए फायर टेंडर को वापस बुला लिया गया। इस पूरे अग्निशामक प्रयास में स्थानीय पुलिस बल भी मौजूद रहा और स्थिति को नियंत्रित करने में सहायता की। आग बुझने के बाद फायर सर्विस यूनिट्स ने फैक्ट्री प्रबंधन को आवश्यक सुरक्षा संबंधी सुझाव दिए और फिर दमकल गाड़ियां वापस फायर स्टेशन लौट गईं।