टीवीके ने कैडर को सार्वजनिक जगहों पर बैनर-होर्डिंग न लगाने की हिदायत दी, उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी
सारांश
मुख्य बातें
तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) के महासचिव एवं मंत्री एन. आनंद ने 12 मई 2026 को एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर आधिकारिक बयान जारी कर पार्टी कैडर को स्पष्ट निर्देश दिए कि जन्मदिन या पारिवारिक समारोहों के दौरान सार्वजनिक स्थानों पर बैनर, होर्डिंग या फ्लेक्स बोर्ड न लगाए जाएँ। उन्होंने जोर देकर कहा कि इस तरह की गतिविधियाँ न तो आम जनता के लिए असुविधा का कारण बनें और न ही यातायात में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न करें।
पार्टी मुख्यालय से जारी निर्देश
पार्टी मुख्यालय से जारी बयान में आनंद ने कहा कि टीवीके की स्थापना का एकमात्र उद्देश्य तमिलनाडु की जनता की भलाई के लिए काम करना है। उन्होंने कार्यकर्ताओं को स्मरण कराया कि पार्टी अध्यक्ष एवं मुख्यमंत्री विजय ने लोगों का विश्वास अर्जित करने के बाद उन्हें एक बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है, जिसे पूरी गंभीरता से निभाना होगा।
कार्यकर्ताओं से अपील
बयान में पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील की गई कि वे सड़कों, भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक स्थानों या यातायात अवरोध उत्पन्न करने वाली किसी भी जगह पर बैनर लगाने या जश्न मनाने से सख्ती से परहेज करें। आनंद ने स्पष्ट किया कि यह निर्देश पार्टी अध्यक्ष विजय की स्वीकृति से जारी किया गया है।
उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी
बयान में आगे कहा गया कि जो भी कार्यकर्ता बैनर लगाकर, समारोह आयोजित कर या इसी प्रकार की किसी गतिविधि से आम जनता को असुविधा पहुँचाएगा, उसके विरुद्ध कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। यह चेतावनी पार्टी के भीतर अनुशासन बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
विजय सरकार का ऐतिहासिक संदर्भ
गौरतलब है कि विजय ने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेकर इतिहास रच दिया है — वे द्रविड़ मुनेत्र कषगम (DMK) और अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (AIADMK) के बाहर से राज्य का नेतृत्व करने वाले पहले मुख्यमंत्री बने हैं। शपथ ग्रहण के बाद उन्होंने कहा था कि पिछली सरकार लगभग ₹10 लाख करोड़ का कर्ज छोड़ गई है और इस चुनौती से निपटना उनकी प्राथमिकता होगी।
विजय ने महिला सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने और राज्य में ड्रग संस्कृति पर अंकुश लगाने के लिए हर आवश्यक कदम उठाने का संकल्प भी व्यक्त किया था। ऐसे में टीवीके का यह अनुशासन-संबंधी निर्देश पार्टी की ज़मीनी छवि को जन-अनुकूल बनाए रखने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।