13 अक्टूबर 2026
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उत्तर प्रदेश में मतदाता पंजीकरण अभियान: 17 और 24 अक्टूबर को हर बूथ पर विशेष कैम्प

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उत्तर प्रदेश में मतदाता पंजीकरण अभियान: 17 और 24 अक्टूबर को हर बूथ पर विशेष कैम्प

सारांश

उत्तर प्रदेश में 17 और 24 अक्टूबर को हर बूथ पर विशेष मतदाता पंजीकरण कैम्प लगेंगे। मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर यह अभियान शुरू किया है। पात्र नागरिक फॉर्म-6 भरकर मतदाता सूची में नाम दर्ज करा सकते हैं।

मुख्य बातें

17 और 24 अक्टूबर 2026 को उत्तर प्रदेश के सभी जिलों के प्रत्येक मतदान केंद्र पर विशेष मतदाता पंजीकरण कैम्प आयोजित होंगे।
बूथ लेवल अधिकारी (BLO) सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे IST तक कैम्प में उपस्थित रहेंगे।
पात्र नागरिक फॉर्म-6 भरकर मतदाता सूची में नाम जुड़वा सकते हैं; साथ में फोटो, जन्मतिथि प्रमाण और पता दस्तावेज आवश्यक।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर यह अभियान शुरू किया है।
प्रत्येक कैम्प की निगरानी जिला निर्वाचन अधिकारी और निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी करेंगे; फोटो-वीडियो आधिकारिक हैंडल पर अपलोड होंगे।

उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने 13 अक्टूबर 2026 को घोषणा की कि 17 अक्टूबर (शनिवार) और 24 अक्टूबर (शनिवार) को प्रदेश के सभी जिलों के प्रत्येक मतदान केंद्र पर विशेष मतदाता पंजीकरण कैम्प आयोजित किए जाएंगे। यह अभियान उन पात्र नागरिकों के लिए है जो अब तक मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सके हैं, तथा पहली बार वोटर बनने के इच्छुक युवाओं को भी इसका सीधा लाभ मिलेगा। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के तहत चलाए जा रहे इस अभियान का उद्देश्य विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की मतदाता सूची को अधिक समावेशी और अद्यतन बनाना है।

कैम्पों का समय और व्यवस्था

दोनों शनिवार को आयोजित इन कैम्पों में बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे IST तक मतदान केंद्र पर उपस्थित रहेंगे। प्रत्येक बूथ पर हेल्प डेस्क भी स्थापित की जाएगी, जहाँ नागरिकों को फॉर्म-6 भरने और पंजीकरण की पूरी प्रक्रिया में सहायता प्रदान की जाएगी। कैम्पों में पर्याप्त संख्या में फॉर्म-6 उपलब्ध रहेंगे।

आवेदन करने वाले नागरिकों को फॉर्म के साथ नवीनतम फोटो, जन्मतिथि प्रमाण और पते से संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत करने होंगे। इन दस्तावेज़ों के बिना पंजीकरण प्रक्रिया पूरी नहीं होगी, इसलिए नागरिकों से अनुरोध है कि वे आवश्यक कागज़ात साथ लेकर आएँ।

प्रचार-प्रसार और राजनीतिक दलों की भागीदारी

मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि कैम्पों का व्यापक प्रचार-प्रसार प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और सोशल मीडिया के माध्यम से किया जाए। मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय राजनीतिक दलों के साथ-साथ सामाजिक संगठनों को भी कैम्पों की तिथियों की जानकारी दी जाएगी, ताकि अधिक से अधिक पात्र नागरिकों तक यह संदेश पहुँचे।

गौरतलब है कि इस प्रकार के विशेष अभियान चुनाव से पहले मतदाता सूची को अद्यतन करने की एक स्थापित प्रक्रिया है। यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश में आगामी चुनावी तैयारियों को लेकर प्रशासनिक सक्रियता बढ़ी है।

निगरानी और अभिलेखीकरण

अभियान की निगरानी के लिए जिला निर्वाचन अधिकारी और उप जिला निर्वाचन अधिकारी बूथों का पर्यवेक्षण करेंगे। निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी संबंधित विधानसभा क्षेत्रों के मतदान केंद्रों का दौरा करेंगे। इसके अतिरिक्त सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी भी कैम्पों का निरीक्षण करेंगे।

अभियान के दौरान प्राप्त सभी आवेदनों का व्यवस्थित अभिलेखीकरण अनिवार्य किया गया है, ताकि निरीक्षण और पर्यवेक्षण करने वाले अधिकारियों को आवश्यकता पड़ने पर संबंधित रिकॉर्ड तत्काल उपलब्ध कराया जा सके। कैम्पों के चयनित फोटो और वीडियो जिला निर्वाचन अधिकारियों की वेबसाइट तथा आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर अपलोड किए जाएंगे।

नागरिकों से अपील

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने प्रदेश के पात्र नागरिकों से अपील की है कि वे 17 और 24 अक्टूबर को अपने निकटतम मतदान केंद्र पर पहुँचकर पहले मतदाता सूची में अपना नाम जाँचें। यदि नाम सूची में नहीं है और वे निर्धारित पात्रता पूरी करते हैं, तो फॉर्म-6 भरकर पंजीकरण के लिए आवेदन करें।

रिणवा ने कहा कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक पात्र नागरिक का मतदाता सूची में पंजीकरण आवश्यक है। इस अभियान की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि जिला स्तरीय अधिकारी प्रचार-प्रसार और क्रियान्वयन को कितनी प्रभावी ढंग से अंजाम देते हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

परंतु असली परीक्षा क्रियान्वयन की है — खासकर ग्रामीण और दूरदराज़ के बूथों पर जहाँ BLO की उपस्थिति पहले भी संदिग्ध रही है। यह अभियान तब आया है जब राज्य में अगले चुनावी चक्र की तैयारियाँ परिदृश्य में हैं और मतदाता सूची की शुद्धता राजनीतिक रूप से संवेदनशील मुद्दा बन चुकी है। निर्वाचन आयोग की पारदर्शिता की प्रतिबद्धता — फोटो-वीडियो अपलोड करने जैसे कदम — सराहनीय है, लेकिन बिना स्वतंत्र सत्यापन के यह महज़ कागज़ी जवाबदेही बनकर रह सकती है।
RashtraPress
13 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

उत्तर प्रदेश में मतदाता पंजीकरण कैम्प कब और कहाँ लगेंगे?
ये कैम्प 17 अक्टूबर (शनिवार) और 24 अक्टूबर (शनिवार) 2026 को उत्तर प्रदेश के सभी जिलों के प्रत्येक मतदान केंद्र पर सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे IST तक लगेंगे। बूथ लेवल अधिकारी (BLO) पूरे समय उपस्थित रहेंगे।
मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए कौन से दस्तावेज़ चाहिए?
आवेदक को फॉर्म-6 के साथ नवीनतम फोटो, जन्मतिथि प्रमाण (जैसे जन्म प्रमाण पत्र, आधार कार्ड) और पते से संबंधित दस्तावेज़ प्रस्तुत करने होंगे। इन तीनों के बिना पंजीकरण प्रक्रिया पूरी नहीं होगी।
फॉर्म-6 क्या है और इसे कहाँ से प्राप्त करें?
फॉर्म-6 वह आवेदन पत्र है जिसके माध्यम से कोई पात्र नागरिक पहली बार मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज करवा सकता है। यह फॉर्म 17 और 24 अक्टूबर को आयोजित कैम्पों में नि:शुल्क उपलब्ध रहेगा।
इस अभियान की देखरेख कौन करेगा?
जिला निर्वाचन अधिकारी, उप जिला निर्वाचन अधिकारी और निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी कैम्पों का पर्यवेक्षण करेंगे। मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने नियमित समीक्षा और समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
क्या राजनीतिक दल भी इस अभियान में शामिल होंगे?
मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय राजनीतिक दलों तथा सामाजिक संगठनों को कैम्पों की तिथियों की जानकारी दी जाएगी, ताकि वे अपने समर्थकों और क्षेत्र के नागरिकों को जागरूक कर सकें। उनकी प्रत्यक्ष भूमिका प्रचार-प्रसार तक सीमित है।
राष्ट्र प्रेस
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