मदुरै-कोयंबटूर मेट्रो फंडिंग पर सीएम विजय की PM मोदी से अपील, ₹5,110 करोड़ जारी करने की माँग
सारांश
मुख्य बातें
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने 11 अक्टूबर 2026 को चेन्नई में आयोजित एक बड़े विकास कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मदुरै और कोयंबटूर मेट्रो रेल प्रस्तावों पर पुनर्विचार करने और परिवहन अवसंरचना के लिए केंद्रीय वित्त पोषण में तेज़ी लाने का आग्रह किया। इस कार्यक्रम में ₹13,000 करोड़ के विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास हुआ, जिसे मुख्यमंत्री ने आने वाली पीढ़ियों के लिए निवेश बताया।
मुख्य माँगें और प्रस्ताव
मुख्यमंत्री विजय ने प्रधानमंत्री मोदी के समक्ष कई प्रमुख माँगें रखीं। उन्होंने चेन्नई मेट्रो फेज-III, होसुर-बेंगलुरु मेट्रो लिंक, तथा कोयंबटूर और मदुरै मेट्रो परियोजनाओं के लिए केंद्र से शीघ्र वित्त पोषण की माँग की। इसके अतिरिक्त, उन्होंने राज्य की अवसंरचना आवश्यकताओं के लिए ₹5,110 करोड़ जारी करने का भी अनुरोध किया।
विजय ने प्रधानमंत्री से राज्यों के बीच मेट्रो कनेक्टिविटी को सुगम बनाने की भी अपील की और इसे भविष्य के समग्र विकास के लिए अनिवार्य बताया। यह ऐसे समय में आया है जब तमिलनाडु सरकार शहरी यातायात के बुनियादी ढाँचे के विस्तार को अपनी प्राथमिकताओं में सबसे ऊपर रख रही है।
कावेरी-गोदावरी नदी-जोड़ो परियोजना
मुख्यमंत्री विजय ने इस अवसर पर प्रस्तावित कावेरी-गोदावरी नदी-जोड़ो परियोजना को भी केंद्र की प्राथमिकता सूची में शामिल करने की माँग की। उन्होंने इस परियोजना को राज्य की कृषि और जल सुरक्षा के लिए दीर्घकालिक दृष्टि से महत्वपूर्ण बताया। गौरतलब है कि यह परियोजना वर्षों से लंबित है और तमिलनाडु कई अवसरों पर इसे लेकर केंद्र से आग्रह करता रहा है।
₹1.5 ट्रिलियन अर्थव्यवस्था का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने तमिलनाडु के आर्थिक महत्वाकांक्षाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य 2036 तक 1.5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में अग्रसर है। उन्होंने कृषि, सूचना प्रौद्योगिकी, निवेश, नवाचार और अवसंरचना विकास को इस लक्ष्य की आधारशिला बताया।
विजय ने यह भी स्पष्ट किया कि उनकी सरकार विकास को केवल चेन्नई तक सीमित नहीं रखना चाहती, बल्कि इसे राज्य के प्रत्येक जिले तक पहुँचाना उनकी प्राथमिकता है। युवाओं को राज्य की सबसे बड़ी शक्ति बताते हुए उन्होंने कहा कि सरकार उनकी कौशल क्षमता को वैश्विक दृष्टिकोण के साथ जोड़ना चाहती है।
समावेशी विकास और सामाजिक कल्याण
मुख्यमंत्री विजय ने समावेशी विकास के प्रति अपनी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, कृषि, मछुआरों के कल्याण और व्यापक आर्थिक प्रगति इस संकल्प के केंद्र में हैं। उन्होंने कहा कि बच्चों, महिलाओं, ट्रांसजेंडर समुदाय, किसानों, बुनकरों और समाज के अन्य वर्गों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर कल्याणकारी कार्यक्रम क्रियान्वित किए जा रहे हैं।
विजय ने तमिलनाडु को उसकी प्राचीन संस्कृति, समृद्ध साहित्य, कला और वास्तुकला के लिए गौरवशाली बताते हुए कहा कि तमिल विश्व की सबसे पुरानी भाषाओं में से एक है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि केंद्र-राज्य सहयोग को जनजीवन में वास्तविक सुधार के पैमाने पर मापा जाना चाहिए, ताकि आर्थिक विकास पूरे राज्य में समान रूप से अवसर और कल्याण सुनिश्चित करे।
आगे क्या होगा
मेट्रो परियोजनाओं और नदी-जोड़ो प्रस्ताव पर केंद्र की आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी आनी बाकी है। राज्य सरकार का कहना है कि ₹5,110 करोड़ की राशि जारी होने से न केवल शहरी परिवहन, बल्कि व्यापक अवसंरचना विकास में भी तेज़ी आएगी। विशेषज्ञों का मानना है कि मेट्रो विस्तार और अंतर-राज्यीय कनेक्टिविटी तमिलनाडु के 2036 के आर्थिक लक्ष्य को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएँगे।