विश्व पर्यटन दिवस 2026: राजनाथ सिंह, गडकरी, फडणवीस सहित दर्जनों नेताओं ने दिया भारत के पर्यटन को बढ़ावा
सारांश
मुख्य बातें
विश्व पर्यटन दिवस 2026 के अवसर पर 27 सितंबर को देश भर के वरिष्ठ नेताओं ने भारत की पर्यटन क्षमता को रेखांकित करते हुए शुभकामनाएं दीं। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी और कई राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने सोशल मीडिया के ज़रिए नागरिकों से जिम्मेदार व टिकाऊ पर्यटन अपनाने का आह्वान किया।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का संदेश
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, 'विश्व पर्यटन दिवस पर सभी को हार्दिक शुभकामनाएं। प्राचीन मंदिरों और ऐतिहासिक स्मारकों से लेकर हमारे प्राकृतिक अजूबों और सांस्कृतिक परंपराओं तक, भारत दुनिया को अपनी सभ्यतागत विरासत की एक बेमिसाल यात्रा का अनुभव कराता है।' उन्होंने जोर दिया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत का पर्यटन क्षेत्र कनेक्टिविटी, विश्व-स्तरीय बुनियादी ढांचे और विरासत संरक्षण के मोर्चे पर नई गति पकड़ रहा है।
जम्मू-कश्मीर और केंद्रीय मंत्रियों की अपील
जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा के आधिकारिक एक्स हैंडल से लिखा गया कि 'भारत का ताज' कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर में पर्यटक एक अद्भुत और यादगार अनुभव प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने सभी को घाटी की मनमोहक सुंदरता का अनुभव करने का आमंत्रण दिया। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने सोशल मीडिया पर कहा कि पर्यटन लोगों, संस्कृतियों और समुदायों को जोड़ता है और रोज़गार के नए अवसर सृजित करता है। उन्होंने टिकाऊ व समावेशी पर्यटन को प्राथमिकता देने की अपील की।
राज्यों के मुख्यमंत्रियों का आह्वान
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और आधुनिक तकनीक की मदद से महाराष्ट्र के पर्यटन को नई दिशा दी जानी चाहिए। असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने असम की धुंध भरी पहाड़ियों, चाय के बागानों, ब्रह्मपुत्र नदी और सत्रिया संस्कृति को वैश्विक पटल पर उजागर करने का आह्वान किया। मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने कहा कि पर्यटन रोज़गार सृजन, स्थानीय व्यवसायों के समर्थन और राष्ट्रीय आर्थिक विकास में एक प्रमुख भूमिका निभाता है।
बिहार और अन्य राज्यों की भागीदारी
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अपनी एक्स पोस्ट में देशवासियों से आग्रह किया कि वे भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, ऐतिहासिक स्थलों और प्राकृतिक सौंदर्य को न केवल जानें और संजोएं, बल्कि दुनिया तक पहुंचाएं। यह ऐसे समय में आया है जब भारत सरकार अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए ई-वीज़ा और बुनियादी ढांचे में व्यापक निवेश कर रही है।
आगे क्या
गौरतलब है कि विश्व पर्यटन दिवस हर वर्ष 27 सितंबर को मनाया जाता है और इस बार का वैश्विक थीम पर्यटन, शांति और समृद्धि के अंतर्संबंध पर केंद्रित है। विशेषज्ञों का मानना है कि नेताओं के इस सामूहिक संदेश से घरेलू पर्यटन को बल मिलने की उम्मीद है, जो कोविड के बाद से तेज़ी से पुनर्जीवित हो रहा है।