आर्चरी प्रीमियर लीग सीजन 2: हैदराबाद में 8-18 अक्टूबर, दीपिका कुमारी समेत शीर्ष तीरंदाज मैदान में
सारांश
मुख्य बातें
आर्चरी प्रीमियर लीग (एपीएल) का दूसरा सीजन 8 से 18 अक्टूबर के बीच हैदराबाद के नेकलेस रोड स्थित पीपल्स प्लाज़ा में आयोजित होगा, जहाँ 6 फ्रेंचाइजी टीमें दुनिया के शीर्ष तीरंदाजों के साथ 11 दिनों तक प्रतिस्पर्धा करेंगी। आर्चरी एसोसिएशन ऑफ इंडिया (एएआई) द्वारा संचालित और तेलंगाना सरकार के समर्थन से आयोजित यह लीग, पिछले वर्ष नई दिल्ली में हुए पहले सीजन की सफलता को आगे ले जाएगी।
स्टार खिलाड़ियों की भागीदारी
इस बार भारत के कई दिग्गज तीरंदाज मैदान में उतरेंगे। पूर्व वर्ल्ड नंबर 1 और चार बार की ओलंपियन दीपिका कुमारी, चार बार के ओलंपियन अतानु दास, 2023 कंपाउंड वर्ल्ड चैंपियन गोल्ड मेडलिस्ट ओजस देवतले, टॉप कंपाउंड तीरंदाज ज्योति सुरेखा, अभिषेक वर्मा और ओलंपियन अंकिता भकत इस लीग में हिस्सा लेंगी। इनके साथ-साथ कई अंतरराष्ट्रीय स्टार तीरंदाज भी प्रतियोगिता में शामिल होंगे।
टूर्नामेंट का ढाँचा और प्रारूप
टूर्नामेंट में माइटी मराठा, राजपूताना रॉयल्स, पृथ्वीराज योद्धा, काकतीय नाइट्स, चेरो आर्चर और चोल चीफ्स — कुल 6 टीमें भाग लेंगी। प्रत्येक टीम में 8 तीरंदाजों का मिला-जुला स्क्वाड होगा, और मुकाबला 'डबल राउंड-रॉबिन' फॉर्मेट में खेला जाएगा। कुल 48 भारतीय और अंतरराष्ट्रीय तीरंदाज रिकर्व और कंपाउंड कैटेगरी में प्रतिस्पर्धा करेंगे। लीग स्टेज के अंत में टॉप-4 टीमें सेमीफाइनल में पहुँचेंगी और 18 अक्टूबर को फाइनल मुकाबला होगा।
एपीएल की खासियत और वैश्विक मान्यता
एपीएल दुनिया की एकमात्र फ्रेंचाइजी-आधारित आर्चरी लीग है, जिसे वर्ल्ड आर्चरी और वर्ल्ड आर्चरी एशिया का समर्थन प्राप्त है। यह लीग पहली बार रिकर्व और कंपाउंड तीरंदाजों — पुरुष और महिला दोनों — को एक ही मंच पर लाती है। इसमें 15 सेकंड का अनोखा शॉट क्लॉक इस्तेमाल किया जाता है, जो ओलंपिक और वर्ल्ड आर्चरी मुकाबलों में प्रचलित 20 सेकंड की सीमा से पाँच सेकंड कम है — जिससे प्रतिस्पर्धा की गति और तीव्रता बढ़ जाती है।
लीग का उद्देश्य और पृष्ठभूमि
एपीएल की शुरुआत भारतीय तीरंदाजों को हाई-परफॉर्मेंस माहौल में मुकाबला करने का अवसर देने और 2025 में आर्चरी में भारत की ओलंपिक पदक संभावनाओं को मजबूत करने के उद्देश्य से की गई थी। गौरतलब है कि पहले सीजन का खिताब राजपूताना रॉयल्स ने जीता था। यह ऐसे समय में आया है जब भारतीय तीरंदाजी लगातार वैश्विक मंच पर अपनी पहचान मजबूत कर रही है।
आगे क्या
टीम स्क्वाड, खिलाड़ियों के साइन-अप, मैच शेड्यूल और ब्रॉडकास्ट पार्टनर की विस्तृत जानकारी आने वाले हफ्तों में जारी की जाएगी। हैदराबाद में आयोजन से इस खेल को दक्षिण भारत में नई पहचान मिलने की उम्मीद है।