क्या 'बिहार ग्रामीण लीग' राज्य की क्रिकेट प्रतिभाओं को उजागर करेगी? : राकेश तिवारी
सारांश
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पटना, 5 जुलाई (राष्ट्र प्रेस)। बिहार क्रिकेट एसोसिएशन (बीसीए) के अध्यक्ष राकेश तिवारी ने कहा है कि बिहार ग्रामीण लीग (बीआरएल) राज्य के युवा खिलाड़ियों के लिए एक अद्वितीय अवसर है। उन्होंने यह स्पष्ट किया कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य गांवों, स्कूलों और छोटे शहरों में उभरते क्रिकेटरों को एक मंच प्रदान करना है, ताकि जमीनी स्तर की प्रतिभा और मुख्यधारा के क्रिकेट के बीच की दूरी को समाप्त किया जा सके।
इस लीग में 13 से 23 वर्ष
बीसीए के अध्यक्ष ने बिहार के युवा खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी का उदाहरण दिया, जिन्होंने छोटी सी जगह से निकलकर अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई।
उन्होंने कहा कि बिहार ग्रामीण लीग (बीआरएल) केवल एक टूर्नामेंट नहीं है, बल्कि यह एक आंदोलन है जो हजारों युवा प्रतिभाओं को खुद को साबित करने और बड़े सपने देखने का मौका देगी। इस लीग के माध्यम से हम गांवों, स्कूलों और स्थानीय क्लबों के खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मंच प्रदान करेंगे।
बीसीए ने बिहार ग्रामीण लीग (बीआरएल) के लिए पंजीकरण की अंतिम तिथि बढ़ा दी है। खिलाड़ी अब 9 जुलाई तक पंजीकरण कर सकते हैं। पहले पंजीकरण की अंतिम तिथि 20 जून थी, जिसे बाद में बढ़ाकर 27 जून किया गया था।
उन्होंने कहा, "हमने पंजीकरण की अंतिम तिथि 9 जुलाई तक बढ़ा दी है, ताकि कोई भी योग्य खिलाड़ी छूट न जाए। बिहार के सभी जिलों से इस लीग को लेकर उत्साह है। हम यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि दूरदराज के गांवों के खिलाड़ियों को भी भाग लेने का अवसर मिले।"
पूरी रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया ऑनलाइन उपलब्ध है। इच्छुक खिलाड़ी बिहार क्रिकेट एसोसिएशन की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आवेदन कर सकते हैं।