देवदत्त पडिक्कल 199 पर आउट, दोहरे शतक से एक रन दूर; भारत ए की न्यूज़ीलैंड ए पर 173 रन की बढ़त
सारांश
मुख्य बातें
देवदत्त पडिक्कल 26 अक्टूबर 2026 को लिंकन के बर्ट सटक्लिफ ओवल में खेले जा रहे भारत ए बनाम न्यूज़ीलैंड ए पहले अनौपचारिक टेस्ट मैच की दूसरी पारी में 199 रन बनाकर आउट हो गए — दोहरे शतक से महज़ एक रन की दूरी पर। न्यूज़ीलैंड ए के तेज़ गेंदबाज़ जैक गिब्सन की एलबीडब्ल्यू अपील पर अंपायर की उंगली उठते देख पडिक्कल के चेहरे पर साफ़ निराशा दिखी।
पडिक्कल की बेमिसाल पारी
पडिक्कल ने 248 गेंदों का सामना करते हुए 24 चौके और 3 छक्के की मदद से 199 रन बनाए। यह इस दौरे की उनकी सबसे प्रभावशाली बल्लेबाज़ी रही। गेंदबाज़ जैक गिब्सन की गेंद उनके पैड पर लगी और अपील पर अंपायर ने आउट दे दिया, जिसके बाद पडिक्कल अंपायर के फ़ैसले से असंतुष्ट नज़र आए, हालाँकि उन्होंने मैदान छोड़ दिया।
भारत ए की कमज़ोर शुरुआत और वापसी
दूसरी पारी में भारत ए की शुरुआत अच्छी नहीं रही। सलामी बल्लेबाज़ यशस्वी जायसवाल महज़ 5 रन बनाकर पवेलियन लौट गए, जबकि केएल राहुल भी 4 रन ही बना सके। इसके बाद पडिक्कल और साई सुदर्शन ने मोर्चा संभाला और तीसरे विकेट के लिए 340 गेंदों में 215 रन की शानदार साझेदारी निभाई।
सुदर्शन ने 184 गेंदों में 12 चौकों की मदद से 91 रन बनाए। कप्तान ध्रुव जुरेल बल्ले से कुछ खास नहीं कर सके और 2 रन बनाकर आउट हो गए।
पडिक्कल-राठौड़ साझेदारी और मौजूदा स्थिति
सुदर्शन के पवेलियन लौटने के बाद यश राठौड़ ने पडिक्कल के साथ मिलकर 142 रन की उपयोगी साझेदारी की। टी-ब्रेक तक भारत ए ने दूसरी पारी में 5 विकेट खोकर 377 रन बना लिए हैं। राठौड़ 66 रन बनाकर क्रीज़ पर हैं और वॉशिंगटन सुंदर 2 रन पर उनका साथ दे रहे हैं। भारत की कुल बढ़त 173 रन की हो चुकी है और टीम के 5 विकेट शेष हैं।
पहली पारी का संदर्भ
पहली पारी में भारत ए मात्र 113 रन पर सिमट गई थी, जिसके जवाब में न्यूज़ीलैंड ए ने 317 रन बनाकर 204 रन की बड़ी बढ़त हासिल की थी। दूसरी पारी में पडिक्कल की शानदार बल्लेबाज़ी ने भारत की स्थिति को मज़बूत किया है। यह ऐसे समय में आया है जब पडिक्कल मुख्य भारतीय टेस्ट टीम में जगह बनाने के लिए प्रभावशाली प्रदर्शन करने की कोशिश में हैं।
आगे क्या होगा
भारत ए के पास अभी 5 विकेट शेष हैं और 173 रन की बढ़त है। टीम का लक्ष्य होगा कि वह इस बढ़त को और बड़ा करे ताकि न्यूज़ीलैंड ए के सामने एक चुनौतीपूर्ण लक्ष्य रखा जा सके। पडिक्कल की पारी के बाद मैच में भारत का पलड़ा भारी दिखता है।