हॉप्स एफसी ने जीता आईडब्ल्यूएल 2 खिताब, जुबा संघा एफसी को मिला आईडब्ल्यूएल में पहला प्रमोशन
सारांश
मुख्य बातें
हॉप्स एफसी ने 17 मई 2025 को इंडियन विमेंस लीग 2 (आईडब्ल्यूएल 2) का खिताब अपने नाम किया — फाइनल राउंड में पाँच जीत और पूरे टूर्नामेंट में कुल नौ जीत के साथ। बेंगलुरु के पादुकोण-द्रविड़ सेंटर फॉर स्पोर्ट्स एक्सीलेंस में खेले गए छह-टीमी सिंगल-लेग राउंड-रॉबिन फाइनल में दिल्ली की इस टीम ने 15 अंक हासिल कर पहला स्थान सुरक्षित किया। जुबा संघा एफसी 12 अंकों के साथ उपविजेता रही और 2026-27 सीज़न के लिए आईडब्ल्यूएल में प्रमोशन हासिल किया — यह जुबा संघा का शीर्ष-स्तरीय महिला फुटबॉल लीग में पहला प्रमोशन है।
मुख्य घटनाक्रम
हॉप्स एफसी का फाइनल राउंड अभियान बेदाग रहा। टीम ने क्रीड़ा प्रबोधिनी पुणे को 3-0 से हराकर शुरुआत की, फिर मुंबई नाइट एफसी को 2-0 से पराजित किया। इसके बाद सुरुचि संघा और केम्प एफसी पर 1-0 की करीबी जीत दर्ज की। फाइनल मुकाबले में जुबा संघा को भी 1-0 से हराकर खिताब पर कब्जा जमाया। उल्लेखनीय यह है कि हॉप्स ने फाइनल राउंड के दौरान एक भी गोल नहीं खाया — रक्षापंक्ति की यह मजबूती टीम की सबसे बड़ी ताकत रही।
इससे पहले ग्रुप चरण में भी हॉप्स ने लगातार चार जीत दर्ज कर अपने ग्रुप में शीर्ष स्थान हासिल किया था। यह हॉप्स का पहला आईडब्ल्यूएल 2 खिताब है और पिछले सीज़न में रेलीगेशन झेलने के बाद भारत की शीर्ष महिला फुटबॉल लीग में उनकी वापसी का प्रतीक है।
जुबा संघा का सफर और प्रमोशन
जुबा संघा एफसी ने फाइनल राउंड में 5 में से 4 मैच जीते और 15 गोल किए — जो फाइनल राउंड में किसी भी टीम द्वारा सर्वाधिक था। टीम ने केम्प एफसी को 3-1 से और क्रीड़ा प्रबोधिनी पुणे को 5-2 से हराया। मुंबई नाइट्स और सुरुचि संघा पर भी जीत दर्ज की, लेकिन निर्णायक मुकाबले में हॉप्स से 0-1 से हारने के कारण उन्हें दूसरे स्थान से संतोष करना पड़ा। फिर भी, 2026-27 आईडब्ल्यूएल में प्रमोशन जुबा संघा के इतिहास की बड़ी उपलब्धि है।
अन्य टीमों का प्रदर्शन
केम्प एफसी 9 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रही, जिसने पाँच में से तीन मैच जीते। क्रीड़ा प्रबोधिनी पुणे 6 अंकों के साथ चौथे और मुंबई नाइट्स 3 अंकों के साथ पाँचवें स्थान पर रहीं। सुरुचि संघ बिना कोई अंक हासिल किए फाइनल राउंड से बाहर हो गया।
व्यक्तिगत प्रदर्शन: टॉप स्कोरर
क्रीड़ा प्रबोधिनी की सिमरन गुरुंग 9 गोल के साथ टूर्नामेंट की शीर्ष गोलस्कोरर रहीं। उनकी साथी सुमैया शेख ने 7 गोल किए और यह स्थान उन्होंने सुरुचि संघ की रोशनी टिग्गा तथा जुबा संघ की विपंशी के साथ साझा किया। जुबा संघ की निधि ने 6 गोल दागे, जबकि मुंबई नाइट्स की भाग्यश्री दलवी और कार्बी आंगलोंग स्पोर्ट्स एसोसिएशन गर्ल्स फुटबॉल क्लब की मैदांगश्री नारजारी ने 5-5 गोल किए। केम्प की खुशबू सरोज और जुबा संघ की किरण ने 4-4 गोल किए।
आईडब्ल्यूएल 2 का महत्व और आगे की राह
आईडब्ल्यूएल 2 की शुरुआत 2023-24 सीज़न में हुई थी और यह भारत में महिला क्लब फुटबॉल का दूसरा स्तर है। इस प्रतियोगिता की शीर्ष दो टीमें आईडब्ल्यूएल — देश की सर्वोच्च महिला फुटबॉल लीग — में प्रमोट होती हैं। पहली चैंपियन श्रीभूमि एफसी (2023-24) और पिछले सीज़न की विजेता गढ़वाल यूनाइटेड एफसी के बाद, हॉप्स एफसी इस खिताब को जीतने वाली दिल्ली की दूसरी टीम बन गई है। अगले सीज़न में हॉप्स और जुबा संघा दोनों की चुनौती आईडब्ल्यूएल में शीर्ष टीमों से होगी, जो भारतीय महिला फुटबॉल के लिए एक उत्साहजनक संकेत है।