लॉर्ड्स टेस्ट: क्रांति गौड़ के 5 विकेट और मंधाना की नाबाद 69 रन, भारत की 269 रन की विशाल बढ़त
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने 11 जुलाई 2025 को लॉर्ड्स में इंग्लैंड के खिलाफ जारी ऐतिहासिक एकमात्र टेस्ट मैच के दूसरे दिन मज़बूत दावेदारी पेश की। दूसरी पारी में 1 विकेट पर 154 रन बनाकर भारत ने अपनी कुल बढ़त 269 रन तक पहुँचा दी है — और स्मृति मंधाना 10 चौकों के साथ 69 रन बनाकर अभी भी क्रीज़ पर जमी हैं।
पहली पारी का घटनाक्रम
टॉस हारकर पहले बल्लेबाज़ी करने उतरी भारतीय टीम ने शुरुआती झटकों के बावजूद पहली पारी में 285 रन का स्कोर खड़ा किया। 37 रन तक दो विकेट गिरने के बाद स्मृति मंधाना ने पारी को संभाला। उन्होंने जेमिमा रोड्रिगेज के साथ 64 रन और कप्तान हरमनप्रीत कौर के साथ चौथे विकेट के लिए 89 रन की साझेदारी की।
मंधाना 12 चौकों की मदद से 83 रन बनाकर आउट हुईं। जेमिमा ने 35 रन, हरमनप्रीत ने 58 रन और दीप्ति शर्मा ने 57 रन का महत्त्वपूर्ण योगदान दिया। इंग्लैंड की ओर से सोफी एक्लेस्टोन ने सर्वाधिक 3 विकेट लिए, जबकि लॉरेन फिलर, ईसी वोंग और मैडी विलियर्स को 2-2 विकेट मिले।
क्रांति गौड़ का 'पंजा' — इंग्लैंड की पहली पारी धराशायी
जवाब में इंग्लैंड की पूरी टीम 170 रन पर सिमट गई। मेज़बान टीम ने 47 रन तक 4 विकेट गँवा दिए थे। कप्तान नैट साइवर ब्रंट ने एमी जोन्स के साथ पाँचवें विकेट के लिए 84 रन जोड़कर पारी को थामने की कोशिश की, लेकिन यह साझेदारी टूटते ही टीम बिखर गई। ब्रंट 44 रन पर आउट हुईं, जबकि जोन्स ने 6 चौकों के साथ 52 रन बनाए।
भारत की तरफ से क्रांति गौड़ ने महज़ 37 रन देकर 5 विकेट की शानदार गेंदबाज़ी की — जो इस मैच का सबसे निर्णायक प्रदर्शन रहा। सायली सातघरे और स्नेह राणा ने 2-2 विकेट हासिल किए।
दूसरी पारी में मंधाना की अगुआई
115 रन की पहली पारी की बढ़त के साथ उतरी भारतीय टीम ने दूसरी पारी में भी आक्रामक रुख अपनाया। सलामी जोड़ी शेफाली वर्मा और स्मृति मंधाना ने पहले विकेट के लिए 88 रन जोड़े। शेफाली 7 चौकों के साथ 33 रन बनाकर एक्लेस्टोन का शिकार बनीं — जो इस पारी में इंग्लैंड का एकमात्र विकेट रहा।
इसके बाद मंधाना ने यास्तिका भाटिया के साथ दूसरे विकेट के लिए 66 रन की अटूट साझेदारी बना ली। यास्तिका 4 चौकों के साथ 39 रन बनाकर नाबाद हैं।
आगे क्या
269 रन की विशाल बढ़त के साथ भारत तीसरे दिन इंग्लैंड पर दबाव और बढ़ाने की स्थिति में है। मंधाना की नाबाद पारी और भाटिया की साथ मिलकर टीम को यह तय करना होगा कि कितनी जल्दी पारी घोषित कर इंग्लैंड को चुनौती दी जाए। क्रांति गौड़ की लय और स्नेह राणा की स्पिन तीसरी पारी में भी निर्णायक भूमिका निभा सकती है।