एम25 कोलकाता: करण सिंह की कड़ी मेहनत, फाइनल में फिलिप सेकुलिक से हारकर बने उपविजेता
सारांश
Key Takeaways
- फाइनल मुकाबला: करण सिंह ने कड़ा मुकाबला किया।
- प्रतिभा: उनकी मेहनत और लगन ने उन्हें उपविजेता बनाया।
- उपलब्धियां: 22 वर्षीय खिलाड़ी की लगातार प्रगति।
- महत्व: भारतीय डेविस कप टीम में जगह मिली।
- भविष्य: करण सिंह का करियर ऊंचाइयों की ओर बढ़ रहा है।
कोलकाता, 15 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। आईटीएफ मेंस वर्ल्ड टेनिस टूर के एम25 कोलकाता टूर्नामेंट के फाइनल में रविवार को करण सिंह ने एक चुनौतीपूर्ण मुकाबला किया, लेकिन अंततः ऑस्ट्रेलिया के फिलिप सेकुलिक से हार गए।
बंगाल टेनिस एसोसिएशन स्टेडियम में आयोजित सिंगल्स फाइनल में राउंडग्लास टेनिस अकादमी के खिलाड़ी करण सिंह को पहले सेट में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। हालांकि, उन्होंने दूसरे सेट में शानदार वापसी करते हुए अपने ऑस्ट्रेलियाई प्रतिद्वंद्वी को कड़ी टक्कर दी। करण ने दूसरे सेट को टाई-ब्रेकर तक पहुंचा दिया, लेकिन अंततः उन्हें 1-6, 6-7 से हार का सामना करना पड़ा।
फाइनल में हार के बावजूद, इस 25,000 अमेरिकी डॉलर के हार्ड-कोर्ट इवेंट तक करण का सफर उनकी बढ़ती शारीरिक और रणनीतिक परिपक्वता को दर्शाता है।
फाइनल तक पहुंचने के दौरान, दूसरी वरीयता प्राप्त करण सिंह ने शानदार फॉर्म दिखाई। उन्होंने पहले दौर में अपने हमवतन आदित्य बलसेकर को 7-6(5), 6-4 से हराया। दूसरे दौर में, उन्होंने आत्मविश्वास के साथ रूस के बेखान अटलांगेरिएव को 6-2, 7-6(4) से मात दी।
क्वार्टर फाइनल में, करण ने जबरदस्त हिम्मत दिखाई, यूक्रेन के आठवीं वरीयता प्राप्त यूरी झावाकियन को एक कड़े तीन-सेट मुकाबले में 6-7, 6-3, 7-5 से हराया। सेमीफाइनल में भी उन्होंने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए साथी भारतीय सिद्धार्थ रावत को 2-6, 6-4, 7-5 से हराकर खिताबी मुकाबले में अपनी जगह बनाई।
कोलकाता में उपविजेता बनने का यह प्रदर्शन करण के इस वर्ष पेशेवर सर्किट पर लगातार मजबूत प्रदर्शन की एक और उपलब्धि है। इससे पहले, जनवरी में 22 वर्षीय खिलाड़ी ने आईटीएफ एम15 हैदराबाद सिंगल्स खिताब जीता था, जो भारत में उनका पहला पेशेवर सिंगल्स खिताब था। उन्होंने फाइनल में नीदरलैंड्स के शीर्ष वरीयता प्राप्त मैक्स हाउकेस को सीधे सेटों में हराया था।
करण का बढ़ता कद इस बात से भी प्रकट होता है कि इस वर्ष वह लगातार उच्च स्तर के एटीपी चैलेंजर 100 और 75 टूर्नामेंटों में भाग ले रहे हैं। उन्होंने बेंगलुरु, चेन्नई, पुणे और नई दिल्ली में इन प्रतियोगिताओं के मुख्य ड्रॉ में अपनी जगह बनाई है। उनकी लगातार प्रगति और कोर्ट पर उनका दबदबा, इन सबके कारण हाल ही में उन्हें भारतीय डेविस कप टीम में स्थान मिला है। इससे वह देश के सबसे होनहार टेनिस सितारों में से एक बन गए हैं।