खिलाड़ियों के साथ अन्याय नहीं सहेंगे, उम्र में धोखाधड़ी बर्दाश्त नहीं: मीत हेयर
सारांश
Key Takeaways
- खिलाड़ियों का चयन पारदर्शिता के साथ होना चाहिए।
- उम्र में धोखाधड़ी निष्पक्षता को प्रभावित करती है।
- जिला एसोसिएशनों की जिम्मेदारी है कि वे उचित सत्यापन करें।
- पंजाब में क्रिकेट का सुव्यवस्थित विकास आवश्यक है।
- उभरते खिलाड़ियों के लिए बेहतर बुनियादी ढांचा उपलब्ध कराना महत्वपूर्ण है।
मुल्लांपुर (न्यू चंडीगढ़), 7 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। पंजाब क्रिकेट एसोसिएशन (पीसीए) ने न्यू चंडीगढ़ स्टेडियम में नवनिर्वाचित मानद सचिव गुरमीत सिंह मीत हेयर के नेतृत्व में एक परिचयात्मक बैठक का आयोजन किया।
इस बैठक में पंजाब के विभिन्न जिले क्रिकेट एसोसिएशनों के प्रतिनिधियों और सचिवों ने भाग लिया। इस अवसर पर, मीत हेयर ने सभी सदस्यों का उत्साहपूर्वक स्वागत किया और क्रिकेट के विकास के लिए उनके प्रयासों की सराहना की।
उन्होंने यह स्पष्ट किया कि खिलाड़ियों का चयन पारदर्शिता और पूरी तरह से मेरिट के आधार पर होना चाहिए। मीत हेयर ने कहा कि जमीनी स्तर पर किसी भी खिलाड़ी के साथ अन्याय नहीं होना चाहिए, क्योंकि जब खिलाड़ियों को मेरिट के अनुसार अवसर मिलेंगे, तभी बेहतर परिणाम देखने को मिलेंगे। इसके अलावा, उन्होंने विभिन्न जिलों में क्रिकेट के विकास की प्रगति की समीक्षा की और राज्य में क्रिकेट ढांचे को मजबूत करने के लिए सामूहिक प्रयासों के महत्व पर बल दिया।
मीत हेयर ने सुझाव दिया कि जिला एसोसिएशनों द्वारा दिए गए फीडबैक का स्वागत किया जाएगा और उन पर गंभीरता से विचार किया जाएगा, ताकि पंजाब में क्रिकेट का सुव्यवस्थित विकास सुनिश्चित किया जा सके।
उम्र से संबंधित धोखाधड़ी के मामलों पर चिंता जताते हुए, उन्होंने कहा कि ऐसी गतिविधियाँ आयु-वर्ग क्रिकेट की विश्वसनीयता और निष्पक्षता को प्रभावित करती हैं और योग्य खिलाड़ियों को समान अवसरों से वंचित करती हैं। इस संदर्भ में, उन्होंने जिला क्रिकेट एसोसिएशनों को खिलाड़ियों के चयन के दौरान उचित सत्यापन और जांच करने की जिम्मेदारी निभाने का निर्देश दिया।
बैठक का समापन एक सकारात्मक माहौल में हुआ, जिसमें राज्य भर के उभरते खिलाड़ियों के लिए बेहतर बुनियादी ढांचा और अवसर उपलब्ध कराने की साझा प्रतिबद्धता व्यक्त की गई।